वाशिंगटन, आजकल ब्रेस्ट कैंसर दुनिया में बहुत तेजी से फैल रहा है। स्तन कैंसर के प्राथमिक उपचार के बाद रोगी में आया तनाव अथवा अवसाद इस रोग को उसकी हड्डियों तक फैला सकता है।

पीएलओएस बायोलाजी पत्रिका में प्रकाशित अध्ययन के अनुसार स्तन कैंसर के बाद तनाव अथवा अवसाद तंत्रिका तंत्र को प्रभावित कर सकता है। इससे आरएएनकेएल कहे जाने वाले अणु के संकेत के रूप में हड्डियों का स्तर बढ़ सकता है ।
वैंडरबिल्ट सेंटर फॉर बोन बायलोजी के अनुसंधानकर्ताओं ने पाया कि स्तन कैंसर कोशिकाओं का हड्डियों तक पहुंचना आरएएनकेएल पर निर्भर करता है । यह ओस्टियोक्लास्ट के गठन को बढ़ावा देता है, जो उतकों को नष्ट कर देता है ।
संस्थान के हड्डी विग्यान केन्द्र के निदेशक फ्लोरेंट इलेफ्टेरियू ने कहा, हमने पाया है कि अवसाद अथवा तनाव के बढ़ने से हड्डियों की कोशिकाएं प्रभावित होती हैं, जिससे कैंसर की आशंका बढ़ती है ।



















