खांसी-बुखार-सायटिका में लाभकारी हरसिंगार, जानें और भी गुण

Posted By:
Subscribe to Boldsky

बात चाहे खूबसूरती निखारने की हो या फिर सेहत को फायदा पहुंचाने की, हरसिंगार फूल का कोई जवाब नहीं। हिंदू धर्म में हरसिंगार का बहुत महत्‍व है, इसे ईश्‍वर की अराधना में भी एक खास स्‍थान प्रदान किया गया है। अंग्रेजी में इसे नाइट जेस्मिन और उर्दू में इसे गुलज़ाफ़री कहा जाता है।

बडे़ काम के हैं ये फूल, इन्‍हें खा कर करें बीमारियों को दूर

हरसिंगार के फूल देखने में छोटे और सफेद रंग के होते हैं। इसकी डंडी नारंगी रंग की होती है। यह फूल रात को खिलते हैं आर सुबह जमीन पर बिखरे नज़र आते हैं। इसके पूरे पेड़ का इस्‍तमाल दवाइयों और सौंदर्य सामग्रियों को बनाने में किया जाता है।

इसमें फूलों में सुगंधित तेल होता है जो सौंदर्य सामग्री में यूज़ किया जाता है। इसके पत्‍तों का प्रयोग सायटिका और गठिया रोग के लिये किया जाता है। साथ ही यह फूल वात-कफ नाशक, ज्वार नाशक, मृदु विरेचक, शामक, उष्णीय और रक्तशोधक होता है।

सुंदरता ही नहीं सेहत का भी खजाना है गुलाब

यह एक बड़ा ही खूबसूरत फूल है जिसे महिलाएं गजरे में भी लगाती हैं। इस फूल की विशेषता यहीं नहीं खतम होती है, इसमें और कौन कौन से गुण हैं, आइये जानते हैं उसके बारे में भी...

 डेंगू का दर्द

डेंगू का दर्द

कई बार डेंगू जाने के बाद भी शरीर में दर्द बना रहता है। ऐसे केसे में आप हरसिंगार की पत्ते का काढ़ा इस्तमाल करें, 10-15 दिन मे ठीक हो जायेगा।

आर्थराइटिस या जोड़ो का दर्द

आर्थराइटिस या जोड़ो का दर्द

इस पेड़ के छह सात पत्ते तोड़ के पत्थर में पिस के चटनी बनाइये और एक ग्लास पानी में इतना गरम करें की पानी आधा हो जाये। फिर इसको ठंडा करके रोज सुबह खाली पेट पिलाइये। जिसको भी पुराना आर्थराइटिस हो या जोड़ो का दर्द हो, यह उन सबके लिए अमृत की तरह काम करेगा। इसके साथ और कोई दवा ना दें।

बुखार खतम करे

बुखार खतम करे

इसी पत्ते को पीसकर गर्म पानी में डाल कर पीने से बुखार ठीक हो जाता है। चिकनगुनिया का बुखार, डेंगू फीवर, इंसेफेलाइटिस, ब्रेन मलेरिया, यह सभी ठीक हो जाते हैं।

दिमाग ठंडा रखे

दिमाग ठंडा रखे


इसके फूल ठण्डे दिमाग वालों को शक्ति देता है और गर्मी को कम करता है।

बावासीर रोग

बावासीर रोग

हरसिंगार बावासीर रोग के निदान के लिए रामबाण औषधी है। इसके एक बीज का सेवन प्रतिदिन किया जाये तो बवासीर रोग ठीक हो जाता है। इसके बीज का लेप बनाकर गुदा पर लगाने से बवासीर के रोगी को राहत मिलती है।

सूखी खाँसी ठीक हो जाती है

सूखी खाँसी ठीक हो जाती है

इसकी पत्तियों को पीस कर शहद में मिलाकर सेवन करने से सूखी खाँसी ठीक हो जाती है। आप चाहें तो इसकी दो पत्‍तियां चाय के साथ उबाल कर पी सकते हैं।

तेल से करें मसाज

तेल से करें मसाज

इसके तेल से मसाज करने पर त्‍वचा में लचीलापन आता है और त्‍वचा की नमी हमेशा बरकरार रहती है।

कैसे करें इसका प्रयोग और मात्रा

कैसे करें इसका प्रयोग और मात्रा

इसका प्रयोग व्‍यक्‍ति की उम्र, स्‍वास्‍थ्‍य और अन्‍य चीज़ों को देख कर करना चाहिये। हमेशा दिमाग में रखें कि ये जरुरी नहीं है कि प्राकृतिक चीज़ें स्‍वास्‍थ्‍य के लिये हमेशा सही ही हों। इसका प्रयोग अपनी जरुरत अनुसार करें।

दाद:

दाद:


हरसिंगार की पत्तियों को पीसकर लगाने से `दाद´ ठीक हो जाता है।

 बालों का झड़ना

बालों का झड़ना

हरसिंगार के बीज को पानी के साथ पीसकर सिर के गंजेपन की जगह लगाने से सिर में नये बाल आना शुरू हो जाते हैं। इसके साथ ही यह रूसी और सफेद बालों को भी ठीक करता है।

Story first published: Friday, February 19, 2016, 16:29 [IST]
English summary

हरसिंगार के औषधीय गुण

They are useful in vitiated conditions of kapha and vata, obstinate sciatica, inflammations, dyspepsia, helminthiasis, pruritus, chronic fever, bronchitis, asthma, cough, strangury, constipation, greyness of hair and baldness.
Please Wait while comments are loading...