प्रसव के बाद स्तनपान करवाने से ब्रेस्ट पुराने रुप में आ जाते हैं। इसके अलावा शिशु को भी मां के दूध से कई प्रकार
प्रसव के बाद अधिकांश महिलाओं की समस्या शरीर से अधिक पसीना आना होती है। प्रसवोत्तर अवस्था में पसीना आना कोई भी गंभीर बात नहीं
गर्भावस्था के दौरान गर्भावती महिलाएं खूब सारा पौष्टिक आहार लेती हैं जिसमें से घी से बना आहार ज्यादा होता है। कुछ महिलाएं चॉक्लेट और
सीजेरियन प्रसव इन दिनों वास्तव में आम हो गया है। कुछ गर्भवती महिलाएं केवल सीजेरियन प्रसव ही पसंद करती हैं क्योंकि वे नार्मल प्रसव
क्या आप जन्म नियंत्रण के लिए ली जाने वाली गर्भनिरोधक दवा खाने के बाद भी प्रेगनेंट हो गईं? अगर हां, तो इसमें चकित होने
कई महिलाओं को सिज़ेरीअन दा्रा शिशु को जन्म देने में बस एक ही बात से नफरत होती है कि उनके पेट पर गहरे निशान
जिस प्रकार गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को देखभाल की जरुरत पड़ती है उसी प्रकार स्त्रियों को प्रसव के बाद भी उतने ही पोषण की
गर्भावस्ता में महिलाओं को सावधान रहने कि बहुत जरुरत होती है। जब खाने की बात आती है तो गर्भवती महिलाओं को ख्याल रखना चाहिए
इससे पहले भी कई शोध बता चुके हैं कि मां का दूध बच्चों के लिए बहुत फ़ायदेमंद है. ब्रिटेन में ऑक्सफ़ोर्ड विश्वविधालय के शोधकर्ताओं
लंदन। बच्चों को जन्म देना महिलाओं को और भी बुद्धिमान बनाता है। एक नए शोध में पता चला है कि बच्चे के जन्म के
कोलकाता। कोलकाता के सेठ सुखलाल करनानी मेमोरियल (एसएसकेएम) अस्पताल में मां के दूध का एक बैंक ('ब्रेस्ट मिल्क बैंक') शुरू हो रहा है। देश