Latest Updates
-
Jitiya Vrat 2026: कब है जितिया (जीवित्पुत्रिका) व्रत? जानें सही तारीख, और नहाय-खाय से लेकर पारण तक का समय -
लाखों में बिकती है दुनिया की सबसे महंगी कॉफी, लेकिन बनाने का प्रोसेस जानकर फ्री में भी पीने से करेंगे तौबा! -
पाम ऑयल क्या होता है और इसे खाने से क्या नुकसान होते हैं? जानिए इससे शरीर पर क्या असर होता है -
October 2026 Vrat Tyohar List: नवरात्रि, दशहरा से करवा चौथ तक, यहां देखें व्रत-त्योहारों की पूरी लिस्ट -
जुबिन नौटियाल बने पापा, पत्नी ने दिया बेटे को जन्म, गणेश चतुर्थी पर घर आया नन्हा मेहमान -
'मन की बात' में PM मोदी ने बताया क्यों इतना खास है आंवला, जानिए इसके 5 जबरदस्त फायदे और सेवन का सही तरीका -
World Heart Day 2026: क्रॉनिक स्ट्रेस बन सकता है हार्ट अटैक और स्ट्रोक की वजह, डॉक्टर से जानें बचाव के तरीके -
Pitru Paksha 2026: गया जी के इस मंदिर में जिंदा लोग खुद करते हैं अपना पिंडदान, बेहद अनोखी है मान्यता -
दिल को हेल्दी रखते हैं ये 5 योगासन, हार्ट अटैक से बचने के लिए आज से ही बना लें रूटीन का हिस्सा -
World Heart Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व हृदय दिवस? जानें इसका इतिहास, महत्व और इस साल की थीम
Kabuli Chana vs Kala Chana: काबुली चना या काला चना, किस चने को खाना है ज्यादा फायदेमंद और क्यों?
सफेद और काला दोनों तरह के चने खाने में जितने टेस्टी लगते हैं इनमें पोषक तत्वों की भरपूरता भी खूब होती हैं। जहां नवरात्रि में काले चने के बिना कन्या पूजन अधूरा माना जाता है। वहीं छोले भटूरों में सफेद चने के बिना स्वाद ही क्या हैं? अक्सर बात जब सफेद चने या काले चने की होती है तो अक्सर लोगों का सवाल होता है कि दोनों में से सेहत के लिए कौनसा चना हैं सबसे फायदेमंद।
दरअसल काबुली चना या सफेद चना में मौजूद पोषक तत्व काले चने से अलग होते हैं। आइए जानते हैं सफेद और काले चने में सेहत के लिए ज्यादा फायदेमंद क्या है?

वेटलॉस के लिए क्या खाएं?
काले चने काबुली चने के मुकाबले खाना ज्यादा फायदेमंद होता है। क्योंकि इस चने का ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) बहुत कम होता है। जो लोग वजन घटा रहे हैं उनके लिए काले चने फायदेमंद साबित हो सकते हैं।
आयरन किसमें ज्यादा?
काले चने में कैल्शियम और आयरन खूब होता हैं। हड्डियों की मजबूती के लिए काले चने खाने फायदेमंद होता है। इसमें मौजूद आयरन की मात्रा बॉडी में हीमोग्लोबिन सुधार करने के साथ खून की कमी को दूर करती है।
फाइबर किसमें ज्यादा?
100 ग्राम सफेद चने में 12 ग्राम फाइबर होता है। वहीं काले चने में 18 ग्राम फाइबर होता है। डाइजेशन सिस्टम के लिए काले चने खाने फायदेमंद होता है। इसके सेवन से कब्ज नहीं होती है।
किसमें प्रोटीन ज्यादा?
अगर हम प्रोटीन की बात करें तो काले चने की तुलना में काबुली चने में प्रोटीन की मात्रा ज्यादा होती है। जहां 100 ग्राम काले चने में प्रोटीन 20 ग्राम होती है। वहीं सफेद चने में 25 ग्राम प्रोटीन पाया जाता है।
जिंक किसमें ज्यादा?
जिंक एक ऐसा मिनरल है जो बच्चों से लेकर बड़ों तक कि बीमारियों को दूर करता है। इसकी हल्की-सी कमी के चलते प्रतिरोधक क्षमता पर असर पड़ता है। यह डैमेज स्किन रिपेयर करने के साथ ही इंफेक्शन होने से रोकता है। 100 ग्राम काबुली चने में 2.76 मिलीग्राम जिंक होता है। काले चने में 3.35 मिलीग्राम जिंक होता है।
ध्यान रखें
- ज्यादा काले चने का सेवन करने से आपका पेट खराब हो सकता है।
- इसमें मौजूद हाई फाइबर पेट के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
- बहुत ज्यादा चना खाने से आपका वजन भी बढ़ सकता है।
- रात के समय दोनों ही चने खाने से बचे वरना डायजेशन प्रॉब्लम हो सकती है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
