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Ayodhya Ram Mandir: राम लला की प्राण प्रतिष्ठा में पीएम मोदी के साथ गर्भगृह में उपस्थित रहेंगे ये 4 लोग
Ayodhya Ram Mandir Pran Pratishtha: जैसे जैसे अयोध्या राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा के भव्य कार्यक्रम की तारीख नजदीक आ रही है। वैसे वैसे इसके आयोजन से जुड़ी नयी अपडेट हमें मिल रही हैं।
ये तो हम सभी जानते हैं कि राम लला के प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के लिए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को विशेष न्योता दिया गया है और वो इस पूजा में मुख्य भूमिका अदा करने वाले हैं। प्राप्त सूचना के अनुसार, उनके अलावा चार अन्य लोग शामिल हैं जो मंदिर के गर्भगृह में उपस्थित रहेंगे। आइये उनके बारे में जानते हैं।

पीएम मोदी के साथ कौन कौन रहेगा मौजूद
राम मंदिर में ऐतिहासिक समारोह का आगाज 16 जनवरी 2024 से हो जायेगा। वहीं राम लला की प्राण प्रतिष्ठा की मुख्य पूजा 22 जनवरी, सोमवार को होगी। इस पूजा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित पांच लोग मौजूद रहेंगे। कार्यक्रम के समय गर्भगृह में नरेंद्र मोदी के अलावा उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, यूपी की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल, संघ प्रमुख मोहन भागवत, और राम मंदिर के मुख्य आचार्य सत्येंद्र उपस्थित रहेंगे।
प्राण प्रतिष्ठा के समय गर्भगृह का पर्दा रहता है बंद
गौरतलब है कि प्राण प्रतिष्ठा के समय में मंदिर के गर्भगृह का पर्दा बंद रखा जाता है। राम लला की आंखों पर भी पट्टी बंधी होती है। पट्टी को हटाने के पश्चात उनकी मूर्ति को आइना दिखाया जाता है ताकि भगवान सबसे पहले खुद का चेहरा देख सकें। प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम के दौरान जब राम लला की मूर्ति की आंखों से पट्टी उतारी जाएगी, उस समय नरेंद्र मोदी वहां मौजूद रहेंगे।
पूजा कार्यक्रम के लिए तैयार की गयी है तीन टीम
अयोध्या राम मंदिर के कार्यक्रमों के सही प्रबंधन और आयोजन के लिए आचार्यों की तीन टीमों का गठन किया गया है। इसमें पहली टीम का नेतृत्व स्वामी गोविंद देव गिरी करेंगे। आचार्यों की दूसरी टीम की अगुवाई कांची कामकोटि शंकराचार्य विजयेंद्र सरस्वती करेंगे। वहीं तीसरी टीम में काशी के 21 विद्वान रहेंगे।
अयोध्या राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम शेड्यूल
16 जनवरी 2024: इस दिन 'महापूजन' आयोजित किया जाएगा। अनुष्ठान लक्ष्मीकांत के नेतृत्व में वैदिक विद्वानों द्वारा आयोजित किए जाएंगे और उनमें शामिल होंगे- सर्व प्रायश्चित होम, दशविद स्नान (सरयू नदी में स्नान), दोपहर में यजमान (यज्ञ करने वाला व्यक्ति) द्वारा अपना स्थान ग्रहण करना।
17 जनवरी 2024: इस दिन जलयात्रा, तीर्थ और कलश पूजन जैसे अनुष्ठान किए जाएंगे, जिसके बाद कलश यात्रा होगी।
18 जनवरी 2024: इस दिन मंडप प्रवेश और यज्ञभूमि पूजन के साथ-साथ प्रधान संकल्प और गणेशम्बिका पूजन जैसे मुख्य अभिषेक अनुष्ठान आयोजित किए जाएंगे।
19 जनवरी 2024: इस दिन देवता पूजन, वेदों की सभी शाखाओं का पाठ, अधिवासन, कुंडपूजन, हवन के लिए प्राकृतिक विधि से अग्नि फूंकना, जलाधिवास (मूर्ति को पानी में डुबोकर रखना) और अन्य प्राण-प्रतिष्ठा पूर्व अनुष्ठान किए जाएंगे।
20 जनवरी 2024: इस दिन वैदिक मंत्रोच्चार के बीच मंदिर का वास्तुपूजन किया जाएगा।
21 जनवरी 2024: इस दिन रामलला की मूर्ति को 114 कलशों में भरकर विभिन्न तीर्थ स्थलों और पवित्र नदियों के जल से स्नान कराया जाएगा। यह महापूजा और नगरभ्रमण करने से पहले किया जाएगा। बाद में, मूर्ति को यज्ञ मंडप में लाया जाएगा ताकि शैय्याधिवास, तत्वन्यास, महान्यास और अन्य अनुष्ठान किए जा सकें।
22 जनवरी 2024: यह वह दिन है जब दोपहर में देवप्राणप्रतिष्ठा (अभिषेक) होगी, जिसके बाद महापूजन, आरती और पूर्णाहुति होगी।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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