Latest Updates
-
Shamonda Virus:शमोंडा वायरस क्या है और कैसे फैलता है? फ्रांस में पहली बार इंसान संक्रमित, जांच शुरू -
बार-बार सिरदर्द होना हो सकता है इन 6 गंभीर बीमारियों का संकेत, नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी -
सौंफ और धनिया का पानी पीने से सेहत को मिलते हैं कई फायदे, जानें सेवन का सही तरीका -
नसों में जमा कोलेस्ट्रॉल को कम कर सकते हैं ये 5 योगासन, नियमित अभ्यास से हार्ट डिजीज का खतरा होगा कम -
चेहरे पर नारियल तेल में मिलाकर लगाएं कॉफी पाउडर, स्किन की इन 5 समस्याओं से मिलेगा छुटकारा -
Myth Vs Fact: टाइट ब्रा पहनने से ब्रेस्ट कैंसर होता है? डॉक्टर से जानिए ऐसे ही 10 मिथ और उनकी सच्चाई -
Karwa Chauth Kab Hai 2026: करवा चौथ कब है? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त और चांद दिखने का सटीक समय -
डायबिटीज में नारियल पानी पिएं या नींबू पानी? जानें शुगर कंट्रोल के लिए क्या है बेहतर -
Papankusha Ekadashi Vrat Katha: पापांकुशा एकादशी पर जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, सभी पापों से मिलेगी मुक्ति -
Papankusha Ekadashi 2026 Wishes: विष्णु जी की कृपा...पापांकुशा एकादशी पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश
Sawan Month: सावन में दाढ़ी-बाल कटवा सकते हैं या नहीं?
Sawan me baal katna chahiye ya nahi: भगवान शिव को समर्पित सावन का महीना शुरू हो चुका है। ऐसा माना जाता है कि इस पवित्र माह में भगवान शिव कैलाश छोड़ धरती पर भ्रमण के लिए आते हैं।
देवशयनी एकादशी के बाद अगले चार महीनों के लिए भगवान विष्णु योग निद्रा में चले जाते हैं और इस दौरान सृष्टि की देखरेख का कार्य महादेव सँभालते हैं।

यही वजह है सावन के महीने में भगवान भोलेनाथ की विशेष पूजा-अर्चना की जाती है। इस माह में शिव की कृपा पाने के लिए कुछ नियमों का ध्यान रखना भी जरूरी माना जाता है। सावन महीने में बाल और दाढ़ी बनवाने से जुड़े नियम भी बताये गए हैं। जानते हैं आखिर श्रावण मास में बाल और दाढ़ी न काटने के पीछे क्या कारण है।
सावन में बाल न काटने के पीछे क्या कारण है?
हम सब ने ये जरूर सुना है कि सावन में बाल नहीं काटने चाहिए, मगर इसके पीछे की वजह शायद ही कुछ लोगों को मालूम हो। इस बात को समझना जरूरी है कि किसी भी मान्यता की शुरुआत, तत्कालीन परिस्थितियों के अनुसार होती है। पुराने समय में दाढ़ी बनाने और बाल काटने के लिए जिन उपकरणों का इस्तेमाल किया जाता था वो लोहे के होते थे और उनकी धार बहुत तेज रहती थी। ऐसे में कटने और चोट लगने की संभावना ज्यादा रहती थी।
सावन के महीने में बरसात ज्यादा होती है और धुप कम निकलती है। इस वजह से घाव में संक्रमण होने की आशंका ज्यादा थी। यही वजह है कि जख्म और घाव से बचाव के लिए सावन माह में बाल काटना और दाढ़ी बनाना वर्जित है।

सावन में नाख़ून काटने की भी है मनाही
सावन के महीने में नाखून काटना भी वर्जित है। इतना ही नहीं, इस माह में शरीर र तेल मालिश करना भी मना है। ऐसी मान्यता है कि तेल मालिश से व्यक्ति पर ग्रह दोष लग जाता है और सावन पूजा का पूर्ण फल भी नहीं मिल पाता है।
श्रावण मास में जातकों को भोग-विलासिता और तामसिक चीजों से दूर रहने की सलाह दी जाती है।
तप और साधना का महीना है सावन
इस महीने में तन-मन को स्वच्छ रखना चाहिए। अपना ज्यादा से ज्यादा समय शिव की आराधना में बिताना चाहिए। घर के बड़े-बुजुर्गों का सम्मान करें। शिव जी की पूजा करें और शिवलिंग पर जल जरूर चढ़ाएं।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
