Latest Updates
-
Jitiya Vrat 2025 Wishes: संतान की लंबी उम्र...जितिया व्रत के अवसर पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Lal Bahadur Shastri Jayanti 2026: क्या आप जानते हैं लाल बहादुर शास्त्री का असली नाम? जानें 10 रोचक तथ्य -
Gandhi Jayanti 2026: गांधी जी को 'बापू' क्यों कहा जाता है? जानें किसने दी थी 'महात्मा' की उपाधि -
Gandhi Jayanti Wishes 2026: हाथ में लाठी थी...गांधी जयंती पर अपनों को ये खास मैसेज भेजकर दें शुभकामनाएं -
Gandhi Jayanti 2026 Essay, Speech: गांधी जयंती पर ऐसे करें भाषण और निबंध की तैयारी, मिलेगा इनाम -
Pitru Paksha 2026: पितृपक्ष में खीर बनाते समय न करें ये गलती, नहीं तो नाराज हो सकते हैं पितर, जानें सही विधि -
Koffee With Karan 9: करण जौहर का ‘कॉफी विद करण’ 22 साल बाद होगा खत्म, जानें कब और कहां स्ट्रीम होगा आखिरी सीजन -
Jitiya Vrat 2026: कब है जितिया (जीवित्पुत्रिका) व्रत? जानें सही तारीख, और नहाय-खाय से लेकर पारण तक का समय -
लाखों में बिकती है दुनिया की सबसे महंगी कॉफी, लेकिन बनाने का प्रोसेस जानकर फ्री में भी पीने से करेंगे तौबा! -
पाम ऑयल क्या होता है और इसे खाने से क्या नुकसान होते हैं? जानिए इससे शरीर पर क्या असर होता है
Varalakshmi Vrat 2023 Date: संतान के उज्जवल भविष्य और घर की समृद्धि के लिए वरदान है वर लक्ष्मी व्रत
Varalakshmi Vrat 2023: यूं तो सावन का पूरा महीना ही बहुत पावन होता है और इसमें बहुत सारे त्यौहार आते हैं। लेकिन शिव को प्रिय इस महीने में अगर अधिकमास भी पड़ जाए जो हरी को बहुत प्रिय है तो फिर श्रावण अधिकमास में किये गए धार्मिक कार्य का फल कई गुना बढ़ जाता है।
अपने घर में सुख समृद्धि लाने और अपने पति तथा बच्चो के उज्जवल भविष्य के लिए ऐसा ही एक व्रत है जो दक्षिण भारत में बहुत ज्यादा लोकप्रिय है, वो व्रत है वरलक्ष्मी व्रत पूजा। इस व्रत से विशेष फल की प्राप्ति होती है इसलिए आइये आपको बताते हैं कि वरलक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि क्या है:

वर लक्ष्मी व्रत 2023 कब है?
हिन्दू पंचांग के अनुसार श्रावण महीने के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि के दिन वरलक्ष्मी व्रत रखा जाता है। सावन माह के अंतिम शुक्रवार को यह व्रत रखा जाता है। इस बार यानी 2023 में यह व्रत 25 अगस्त को पड़ रहा है।
वर लक्ष्मी व्रत के दिन बन रहे हैं शुभ योग
श्रावण में पड़ने वाले वरलक्ष्मी पूजा के दिन दो विशेष योग भी बन रहे हैं जिसकी वजह से पूजा का महत्व और भी बढ़ गया है। पहला है सर्वार्थ सिद्धि और दूसरा है रवि योग। सर्वार्थ सिद्धि योग सुबह 5:55 मिनट से लेकर अगले दिन 9:14 मिनट तक रहेगा। वहीं रवि योग सुबह 9:14 से शुरू होकर अगले दिन 26 अगस्त को 5:56 मिनट तक रहेगा। इस योग में जो लोग भी मां लक्ष्मी की विधि विधान पूर्वक पूरी श्रद्धा के साथ पूजा करते हैं, सुख समृद्धि उनके घर में प्रवेश करती है।
वर लक्ष्मी व्रत की पूजा विधि
इस दिन सुबह स्नान करके घर में गंगाजल का छिड़काव करें। पूजा स्थल को पवित्र करके मां लक्ष्मी की प्रतिमा या फोटो लगाएं। फिर षोडशोपचार विधि से पूजा करें। चन्दन, फूल, अगरबत्ती, नैवेद्यं, दीपक आदि से पूरी श्रद्धा से पूजा करें। फिर व्रत करें। अगले दिन व्रत का पारण करें और ब्राह्मणों को दान दें। धन की देवी लक्ष्मी आप पर कृपा करेंगी।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
