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ब्रेड खाने से होते हैं कई नुकसान
ब्रेड या डबलरोटी न केवल आज से बल्कि कई सालों से दुनियाभर में खाई जाती आ रही है। जहां देखो घर में नाश्ते के रूप में या फिर पिज्जा के बेस या फिर बर्गर में ब्रेड ही खाई जाती है और तो और लोग इसे बडे़ चाव से खाते भी हैं। अगर सुबह नाश्ता करने का समय नहीं है तो, फ्रिज में से ब्रेड निकाली और उस पर बटर या जैम लगा कर खा गए। ब्रेड चाहे जिस रूप में भी खाई जाए, वह कहीं न कहीं आपके दिल या दिमाग को नुकसान पहुंचाती ही है।
चाहे ब्रेड किसी भी रंग, रूप या आकार में हो, यह आपके स्वास्थ्य के लिये हानिकारक है। न ही इसमें किसी प्रकार का प्रोटीन और विटामिन होता है और न ही फाइबर। वाइट ब्रेड ब्राउन ब्रेड के मुकाबले ज्यादा घातक होती है। वाइट ब्रेड में काफी मात्रा में कार्बोहाइड्रेट, सोडियम और ग्लूटेन मिला होता है, जो कई बीमारियां पैदा कर सकता है। अगर आपको ज्यादा भूख लगे तो कोशिश कीजिये कि ब्राउन ब्रेड ही खा सकें, वरना इसे भी नहीं खानी चाहिये। आइये जानते हैं ब्रेड न खाने के 6 कारणों के बारे में-

नहीं होता कोई पोषण
चाहे ब्रेड किसी भी रंग, रूप या आकार में हो, यह आपके स्वास्थ्य के लिये हानिकारक है। न ही इसमें किसी प्रकार का प्रोटीन और विटामिन होता है और न ही फाइबर। हां सफेद ब्रेड की जगह पर ब्राउन ब्रेड खाना ज्यादा
उचित रहता है।

हाई सोडियम तत्व की मात्रा अधिक
ब्रेड में हाई लेवल का सोडियम होता है जो कि ब्लड प्रेशर और हार्ट की बीमारी को बढाता है। अगर आप सिंगल हैं और आप केवल ब्रेड खार कर ही जिंदा हैं तो आपको नहीं पता कि अब तक आपके शरीर में कितना अधिक नमक इकत्र हो चुका होगा।

मोटापा बढाए
भले ही ब्रेड में थोड़ी ही कैलोरी मिलती हो लेकिन इसे सुबह लेने से शरीर में बहुत ज्यादा कैलोरी की मात्रा बढ जाती है। इसे केक या बर्गर के रूप में लेने से, इसमें मौजूद एक्स्ट्रा सॉल्ट और शुगर वेट बढाने में मदद करता है।

नहीं मिटती भूख
कई लोगों को जब भूख लगती है तब वह ब्राउन ब्रेड की जगह पर वाइट ब्रेड खाना ज्यादा पसंद करते हैं क्योंकि वह मीठी होती है। लेकिन यह ब्रेड पेट भरने में बिल्कुल भी कारगर नहीं होती। इसमें कार्ब कटेन्ट ज्यादा होता है और पेट भी नहीं भरता।

ग्लूटेन का मामला
ब्रेड में बहुत ज्यादा ग्लूटेन यानी की लिसलिसा पदार्थ होता है जो कि सीलिएक रोग को आमंत्रित करता है। ब्रेड खाने के बाद कई लोगों को पेट खराब हो जाता है, जो कि ग्लूटेन इन्टोलरेंस की वजह से होता है। हर किसी को ऐसी समस्या नहीं होती पर जिसे होती है उसे सावधान रहना चाहिये।

भरा पड़ा होता है कार्बोहाइड्रेट
ब्रेड के कई आइटम्स में कार्बोहाइड्रेट मिला होता है। शरीर के लिये थोड़ा कार्बोहाइड्रेट जरुरी होता है मगर अत्यधिक नुकसानदायक। ज्यादा रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट खाने से ब्लड शुगर हाई और लो होने लगता है जिससे मधुमेह, हार्ट अटैक और ब्रेन डैमेज हो जाता है।

हो सकता है मुंहासा
वाइट ब्रेड में सैच्यूरेटेड और ट्रांस फैट होता है जो कि शरीर में सीबम का उत्पादन अधिक मात्रा में करता है, जिसेस एक्ने होने की संभावना रहती है।

दांत सड़ाए
इसमें हाई मात्रा में स्टार्च होता है जो कि दांतों में सड़न पैदा कर सकता है।



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