Latest Updates
-
DHT: क्या है डायरेक्ट हेयर ट्रांसप्लांटेशन? जानें बालों की रिग्रोथ के लिए कितनी कारगर है यह तकनीक -
Captain Smit Machchhar: कैप्टन 'स्मित मच्छर' के सरनेम का क्या है मतलब? जानें इसके पीछे की दिलचस्प कहानी -
नुसरत भरूचा की रीढ़ की हड्डी में हुआ फ्रैक्चर, एयरलिफ्ट कर बाली से लाई गईं मुंबई, वीडियो देख फैंस हुए परेशान -
Jitiya Vrat 2026: जितिया व्रत में पानी पी सकते हैं या नहीं? जानें जरूरी नियम और पारण का समय -
Jitiya Vrat Katha: जितिया (जीवित्पुत्रिका) व्रत में जरूर करें इस कथा का पाठ, पूरे साल सुरक्षित रहेगी संतान -
Jitiya Vrat 2026 Wishes: संतान की लंबी उम्र...जितिया व्रत के अवसर पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Lal Bahadur Shastri Jayanti 2026: क्या आप जानते हैं लाल बहादुर शास्त्री का असली नाम? जानें 10 रोचक तथ्य -
Gandhi Jayanti 2026: गांधी जी को 'बापू' क्यों कहा जाता है? जानें किसने दी थी 'महात्मा' की उपाधि -
Gandhi Jayanti Wishes 2026: हाथ में लाठी थी...गांधी जयंती पर अपनों को ये खास मैसेज भेजकर दें शुभकामनाएं -
Gandhi Jayanti 2026 Essay, Speech: गांधी जयंती पर ऐसे करें भाषण और निबंध की तैयारी, मिलेगा इनाम
ऑस्ट्रिया की इस गुफा में लोग घूमने नहीं बल्कि अपना इलाज करवाने आते हैं
ऑस्ट्रिया के गास्तिन में की गुफाओं में पहले लोग पहले य सोना खोजने आया करते थे लेकिन अब यहां लोग इलाज करवाने के लिए पहुंच रहे हैं।
ऑस्ट्रिया के गास्तिन में लोग पहले यहां इन गुफाओं में सोना खोजने आया करते थे। ये गुफा सोने की खदानों के लिए किसी जमाने में मशहूर हुआ करते थे। लेकिन अब ये गुफा किसी ओर चीज के लिए पहचानी जाने लगी है और यहां अब लोग सोना ढूंढने नहीं बल्कि यहां अपना इलाज करवाने आ रहे हैं। आप सोच रहे होंगे कि गुफाओं में इलाज करवाने और कैसे? दरअसल इन गुफाओं में प्राकृतिक रुप से रैडॉन गैस उत्सर्जित होती है। जिसके संपर्क में आने के बाद शरीर से जुड़े कई गंभीर बीमारियों का ईलाज करवा रहे हैं।

दूर दूर से आ रहे है सैलानी
गास्तिन के इन गुफाओं के बारे में सुनकर लोग यूरोप के अलावा कई देशों से यहां अपना उपचार करवाने केलिए पहुंच रहें है। यहां आने वाले सैलानियों की मानें तो इस गुफा में मौजूद निम्नस्तर की रेडियोएक्टिव रैडॉन गैस की जादुई असर से अर्थराइटिस और पसोरिएसिस जैसी बीमारियों पर 90 प्रतिशत तक असर देखने को मिल रहा है।

रेडियोएक्टिव गैस की वजह से
ऐसा माना जा रहा है कि इन गुफाओं में पाई जाने वाली इस गैस और यहां करवाए जाने वाले सेशन की वजह से सालों से शरीर में होने वाले तामाम तरह के दर्द को दूर किया जा सकता है और खुद को साल भर के लिए एनर्जी से भरा जा सकता हैं।

किसी मल्टीस्पेशलिट हॉस्पिटल से कम भी नहीं
यह गुफा किसी पुराने जमाने के खानाबदोश लोगों की गुफा की तरह नहीं लगती है। यहां आने वाले सैलानियों की सुविधा के लिए कई तरह की फैसिलिटी जोड़ी गई हैं। इन गुफाओं तक सैलानियों को लाने के लिए स्पेशल ट्रेन भी चलाई जाती है। गुफा में हर वक्त डॉक्टर की मौजूदगी रहती है। और फिजियोथैरिपिस्ट रहते हैं जो यहां आने वाले सैलानियों को फिजियो थैरेपी भी देते हैं।





Click it and Unblock the Notifications
