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सूर्य ग्रहण को लेकर ज्योतिष की डराने वाली भविष्यवाणी! दुनिया में मचेगी उथल-पुथल, आएगी बुरी खबर
Surya Grahan 2025 Shocking Prediction: 21 सितंबर 2025, पितृ अमावस्या वाले दिन साल का दूसरा और इस साल का आखिरी सूर्य ग्रहण लगने जा रहा है। पितृ पक्ष के पहले दिन साल का सबसे लंबा चंद्र ग्रहण पड़ा था तो श्राद्ध के अंतिम दिन सूर्य ग्रहण पड़ रहा है। ऐसे में लोगों के मन मे सवाल उठ रहे हैं कि आखिर 15 दिन में वो भी श्राद्ध के पहले दिन और आखिरी दिन चंद्र और सूर्य ग्रहण पड़ने का कोई अशुभ संकेत है। बता दें कि सूर्य ग्रहण हो या चंद्र ग्रहण दोनों को ही प्राचीन काल से ही एक विशेष और रहस्यमय घटना माना जाता रहा है। वैज्ञानिक दृष्टि से यह केवल खगोलीय घटना है, लेकिन ज्योतिष शास्त्र में इसे बेहद प्रभावशाली और कई बार भयावह परिणाम देने वाला संकेत बताया गया है। माना जाता है कि सूर्य ग्रहण न केवल व्यक्ति के जीवन पर असर डालता है, बल्कि देश, समाज और पूरी दुनिया के हालात में भी बदलाव ला सकता है।
इसका असर 15 दिन पहले से और 6 महीने बाद तक देखने को मिलता है। इसी कड़ी में ज्योतिषाचार्यों डॉ वाई राखी ने इस बार के सूर्य ग्रहण को लेकर कई चौंकाने वाली और डराने वाली भविष्यवाणियां की हैं। उनका कहना है कि यह ग्रहण राजनीति से लेकर प्राकृतिक आपदाओं और आर्थिक संकट तक, कई क्षेत्रों में उथल-पुथल मचा सकता है। खासतौर पर कुछ देशों के लिए यह समय अशांति और बुरी खबरें लेकर आ सकता है। आइए जानते हैं कि इस बार का ग्रहण किन परेशानियों को लेकर आने वाला है और एस्ट्रोलोजर के कहे अनुसार, सब सच होता है तो वाकई ये डराने वाली बात है।

कब है सूर्य ग्रहण?
बता दें कि सूर्य ग्रहण 21 सितंबर को लगने जा रहा है और इस दिन सर्वपितृ अमावस्या भी है। खास बात ये है कि इस बार का सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा जिस तरह से 7 सितंबर वाला चंद्र ग्रहण दिखाई दिया था। ऐसे में देश में कोई सूतक काल भी मान्य नहीं होगा। सूर्य ग्रहण 21 सितंबर 2025 की रात को 11 बजे लगेगा और 22 सितंबर की सुबह 3 बजकर 24 मिनट तक रहेगा। यही वजह है कि भारतीय समयानुसार, रात को सूर्य ग्रहण पड़ने से वो भारत में न तो दिखाई देगा और न ही सूतक काल होगा।
पूरे विश्व में मचेगी उथल-पुथल
बेशक सूर्य ग्रहण भारत और कई अन्य देशों में दिखाई नहीं देगा लेकिन उसका असर पूरे विश्व पर पड़ेगा। ज्योतिष मानते हैं कि किसी भी ग्रहण का असर 15 दिन पहले से और 6 महीने बाद तक रहता है तो ऐसे में चंद्र ग्रहण और सूर्य ग्रहण दोनों के असर ने अपना रंग दिखाना शुरू कर दिया है। ज्योतिषाचार्य राखी ने बताया कि इस सूर्य ग्रहण का असर अगले 6 महीने तक दिखाई देगा जो दुनिया में उथल-पुथल मचा देगा। शेयर मार्केट से लेकर राजनीति तक में स्तर गिरता हुआ दिखेगा।
आएगी बुरी खबरें
एस्ट्रोलोजर राखी ने बताया कि इस सूर्य ग्रहण का असर अच्छा नहीं रहेगा। हर तरफ से गुड न्यूज तो न के बराबर आएंगी लेकिन बुरी खबरों का तांता लगा रहेगा। आप इसका असर देख भी सकते हैं कि कैसे नेपाल में तख्तापलट हो गया है और वहां हाहाकार मचा हुआ है। लोग खून के प्यासे हो गए हैं। अमेरिका में भी उथल-पुथल मची हुई है।
कहां-कहां दिखेगा सूर्य ग्रहण?
ये तो पता चल गया है कि भारतीय समयानुसार, रात में ग्रहण लग रहा है तो इसका भारत में न तो कोई असर पड़ेगा और न ही सूतक काल मान्य होगा। लेकिन लोग ये जानना चाहते हैं कि ग्रहण कहां-कहां दिखने वाला है। बता दें कि 21 सितंबर को पड़ने वाला सूर्य ग्रहण ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका, न्यूजीलैंड, फिजी और अटलांटिक महासागर में दिखाई देगा।
Disclaimer: इस आर्टिकल में बताए गए रत्नों के लाभ पारंपरिक मान्यताओं और ज्योतिषीय अनुभवों पर आधारित हैं। हर इंसान पर इसका असर अलग हो सकता है। किसी भी रत्न को पहनने से पहले किसी योग्य ज्योतिषी या रत्न विशेषज्ञ से जरूर सलाह लें। यह लेख सिर्फ जानकारी देने के उद्देश्य से है और इसे प्रोफेशनल सलाह का विकल्प न समझें।



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