Latest Updates
-
World Ovarian Cancer Day 2026: ओवेरियन कैंसर से बचने के लिए महिलाएं करें ये काम, डॉक्टर ने बताए बचाव के तरीके -
World Ovarian Cancer Day 2026: ओवेरियन कैंसर होने पर शरीर में दिखाई देते हैं ये 5 लक्षण, तुरंत करवाएं जांच -
World Thalassemia Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व थैलेसीमिया दिवस? जानें इसका महत्व और इस साल की थीम -
Mother's Day 2026: डिलीवरी के बाद हर महिला को करने चाहिए ये योगासन, जल्दी रिकवरी में मिलेगी मदद -
Mother's Day 2026: मदर्स डे पर मां को दें सेहत का तोहफा, 50 के बाद जरूर करवाएं उनके ये 5 जरूरी टेस्ट -
Mother’s Day Special: बेटे की जिद्द ने 70 साल की उम्र में मां को दी हिम्मत, वायरल हैं Weightlifter Mummy -
कौन हैं अरुणाचलम मुरुगनाथम? जिन्हें नोबेल शांति पुरस्कार 2026 के लिए किया गया नॉमिनेट -
सुबह खाली पेट भीगी हुई किशमिश खाने से सेहत को मिलेंगे ये 5 फायदे, कब्ज से लेकर एनीमिया से मिलेगी राहत -
Rabindranath Tagore Jayanti 2026 Quotes: रवींद्रनाथ टैगोर जयंती के मौके पर शेयर करें उनके ये अनमोल विचार -
Aaj Ka Rashifal 7 May 2026: आज धनु और कर्क राशि के लिए बड़ा दिन, पढ़ें सभी 12 राशियों का हाल
COVID-19 XEC Variant: कितना खतरनाक है कोविड का ये नया वेरिएंट जो यूरोप में मचा रहा है तबाही, क्या भारत को भी
COVID-19 XEC Variant: कोरोना वायरस ने एक बार फिर से चिंता बढा दी ही है। अब इस वायरस के नए वेरिएंट ने यूरोप के कई देशों में तबाही मचा रखी है। कोविड के नए वेरिएंट एक्सईसी (New Covid XEC Variant) का पहला मामला जून 2024 में जर्मनी में मिला था, जो अब तक 13 से ज्यादा देशों में पहुंच चुका है। फिलहाल इस वेरिएंट के मामले यूरोप के 27 देशों में मिल चुके हैं।
खतरे की बात इसलिए है कि कोरोना का ये नया वेरिएंट नया स्ट्रेन ओमिक्रॉन के दो सब-वेरिएंट्स KS.1.1 और KP.3.3 का मिला हुआ रूप बताया जा रहा है। ऐसे में आइए जानते हैं कोरोना का इस नए वेरिएंट के बारे में इससे कितना खतरा है?

XEC वेरिएंट क्या है?
कोविड का XEC वेरिएंट "KS.1.1 और KP.3.3" वेरिएंट का एक सबवेरिएंट है, जिसके इस साल सर्दियों तक तेजी से फैलने का अनुमान लगाया जा रहा है। यह स्ट्रेन दुनिया के बड़े हिस्सों में फैल सकता है। इस वेरिएंट को FLiRT वेरिएंट माना जा रहा है, जो पिछले कुछ समय पहले दुनिया में कोविड के बढ़ते मामलों के लिए जिम्मेदार था। यह वेरिएंट आगे चलकर भयावह रूप ले सकता है, इसलिए सावधानी बरतना जरूरी है।
XEC वेरिएंट के लक्षण
XEC वैरिएंट के लक्षण ओमिक्रॉन वैरिएंट से काफी हद तक मिलते-जुलते हैं। यह वैरिएंट एक प्रकार से ओमिक्रोन के वंशज वैरिएंट का ही स्वरूप हो सकता है। खतरे की बात यह भी है कि इसके लक्षण शरीर में 1 से 14 दिनों के बीच कभी भी नजर आ सकते हैं।
बुखार
खांसी
भूख न लगना
शरीर में दर्द
कोई खुशबू या गंध महसूस न होना
सांस लेने में तकलीफ
नाक बहना
मतली-उल्टी और दस्त
वैक्सीनेशन के बाद कितने सेफ हैं?
हालांकि, XEC वैरिएंट ओमिक्रॉन जैसा ही है। इससे संक्रमित गंभीर हालातों में मरीज को अस्पताल में भर्ती करवाना ही पड़ेगा। फिलहाल अभी यह साफ नहीं है कि यह वेरिएंट कितना खतरनाक हैं। वैज्ञानिक इसे लेकर चिंता जरूर जाहिर कर रहे हैं। इसके ज्यादा संक्रामक होने की आशंका है। मगर विशेषज्ञों के अनुसार टीका लगवाना सभी के लिए जरूरी है, क्योंकि वैक्सीन काफी हद तक इस वैरिएंट के प्रभाव को कम कर सकती है। इसलिए सभी लोगों को टीके और बूस्टर शॉट दोनों लेने की सलाह दी जा रही है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications