Latest Updates
-
छोटी हाइट वाली लड़कियों पर सबसे ज्यादा जंचते हैं ये आउटफिट, दिखती हैं सुपर स्टाइलिश और लंबी -
बरसात में इन 5 लोगों को गलती से भी नहीं खाना चाहिए दही, वरना बिगड़ सकती है सेहत -
Ravi Pradosh Vrat Katha: इस कथा के बिना अधूरा है रवि प्रदोष व्रत, जानें पूजा विधि, शुभ मुहूर्त और शिव आरती -
World Paper Bag Day 2026: कब और क्यों हुई पेपर बैग दिवस की शुरुआत? जानें इसका दिलचस्प इतिहास -
गलती से भी पास-पास न रखें मनी प्लांट और तुलसी का पौधा, वरना कंगाली के साथ आ जाएंगी ये 3 बड़ी मुसीबतें -
इस एक श्राप की वजह से अविवाहित कपल्स नहीं कर सकते जगन्नाथ मंदिर में दर्शन, आप भी जान लें रहस्य -
Varalakshmi Vrat के दिन लगेगा साल का आखिरी चंद्र ग्रहण, जानें क्या करें, क्या न करें और सूतक के नियम -
क्या 1876 जैसी तबाही फिर होगी? 150 साल बाद लौट सकता है विनाशकारी अल नीनो! सूखा और अकाल का खतरा -
बरसात में भूलकर भी न खाएं ये 10 सब्जियां, वरना शरीर बन सकता है बीमारियों का घर -
अनचाहे गर्भ से बचने के लिए कौन-सा तरीका है सबसे सुरक्षित? एक्सपर्ट से जानें पूरी जानकारी
Breast Rashes: टाइट ब्रा और पसीने से स्तनों के नीचे बन गए चकत्ते, ठीक करने के लिए करें ये काम
How To Get Rid of a Breast Rash : ज्यादा टाइ़ट कपड़े या ब्रा पहनने से त्वचा में पसीना बढ़ने लगता है, जिसकी वजह से आसपास की त्वचा पर यीस्ट बैक्टीरिया पनपते लगते हैं, जो फंगल इंफेक्शन का कारण बनने लगते हैं। इनकी वजह से न सिर्फ खुजली बल्कि, रैशेज और ड्राईनेस की समस्या भी होने लगती है। बहुत सारी महिलाएं इस समस्या से गुजरती है।
कई बार ये रैशेज चकतों में बदल जाते हैं और डॉक्टर के पास जाकर इसका इलाज करवाना ही पड़ता है। अब ब्रेस्ट में पसीना आने से तो रोका नहीं जा सकता, लेकिन कुछ टिप्स को फॉलो करके इस समस्या को बढ़ने से रोका जरुर जा सकता है। आइए जानते हैं कि स्तनों पर होने वाले रैशेज या चकत्तों का घरेलू इलाज क्या है?

नारियल तेल लगाएं
नारियल तेल में एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण पाए जाते हैं, जो घाव ठीक करने में मदद कर सकते हैं। प्रभावित क्षेत्र पर नारियल तेल से अच्छे से मसाज करें, इससे रैशेज और बैक्टरिया को दूर करने में मदद मिलेगी साथ ही खुजली और जलन भी कम होगी।
एलोवेरा जेल और हल्दी
एलोवेरा रैशेज कम करने और त्वचा में नमी बनाए रखने में फायदेमंद होता है, जिससे ड्राईनेस और खुजली की समस्या भी खत्म हो जाएगी। इसमें मौजूद एंटी-फंगल और एंटी-बैक्टीरियल गुण खुजली और जलन की समस्या का खात्मा करते हैं। इस देसी उपाय के लिए फ्रेश एलोवेरा जेल में एक चुटकी हल्दी मिलाकर प्रभावित हिस्से पर इस लेप को 15 से 20 मिनट तक लगाकर रखें, फिर ठंडे पानी से धो लें।
वाइप्स और टेल्कम का इस्तेमाल करें
स्तनों के आसपास पसीना जमने पर आप इन्हें क्लींजिग वाइप्स से भी साफ कर सकते हैं। इससे बैक्टीरिया बढ़ने और इंफेक्शन होने की संभावनाएं कम हो जाएंगी। इसके अलावा नहाने के बाद सूखे तोलिए से स्तनों को सुखाकर एंटी-बैक्टीरियल टेल्कम लगाएं। इससे रैशेज जल्द ठीक हो जाएंगे और रोजाना करने से ये समस्या नहीं होगी।
सेब का सिरका यूज करें
रैशेज के लिए सेब का सिरका यूज करें। प्रभावित हिस्से पर कॉटन से सेब का सिरका लगाना है। इसके लिए आप रैशेज वाली जगह को पहले पानी से साफ कर लें। उसे तौलिए से पोछ लें। सेब के सिरके में थोड़ा सा पानी मिलाएं। अब रूई उसमें डुबाकर ब्रेस्ट पर उस जगह लगाएं जहां समस्या है। दिन भर में दो से तीन बार इसका इस्तेमाल करें।
खुले और नरम कपड़े पहनें
ब्रेस्ट में इन्फेक्शन होने पर ज्यादा टाइप कपड़े न पहनें इससे रैशेज की समस्या बढ़ सकती हैं। इसलिए ज्यादा टाइप कपड़े और ब्रा को अवॉइड करें। इसकी जगह आप कॉटन या पैडेड ब्रा चुनें। ढ़ीले कपड़े पहने ताकि शरीर को हवा मिलती रहें। रात को सोते समय ब्रा जरूर निकाल दें, जिससे त्वचा को ठीक होने में मदद मिलेगी।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications