Latest Updates
-
DHT: क्या है डायरेक्ट हेयर ट्रांसप्लांटेशन? जानें बालों की रिग्रोथ के लिए कितनी कारगर है यह तकनीक -
Captain Smit Machchhar: कैप्टन 'स्मित मच्छर' के सरनेम का क्या है मतलब? जानें इसके पीछे की दिलचस्प कहानी -
नुसरत भरूचा की रीढ़ की हड्डी में हुआ फ्रैक्चर, एयरलिफ्ट कर बाली से लाई गईं मुंबई, वीडियो देख फैंस हुए परेशान -
Jitiya Vrat 2026: जितिया व्रत में पानी पी सकते हैं या नहीं? जानें जरूरी नियम और पारण का समय -
Jitiya Vrat Katha: जितिया (जीवित्पुत्रिका) व्रत में जरूर करें इस कथा का पाठ, पूरे साल सुरक्षित रहेगी संतान -
Jitiya Vrat 2026 Wishes: संतान की लंबी उम्र...जितिया व्रत के अवसर पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Lal Bahadur Shastri Jayanti 2026: क्या आप जानते हैं लाल बहादुर शास्त्री का असली नाम? जानें 10 रोचक तथ्य -
Gandhi Jayanti 2026: गांधी जी को 'बापू' क्यों कहा जाता है? जानें किसने दी थी 'महात्मा' की उपाधि -
Gandhi Jayanti Wishes 2026: हाथ में लाठी थी...गांधी जयंती पर अपनों को ये खास मैसेज भेजकर दें शुभकामनाएं -
Gandhi Jayanti 2026 Essay, Speech: गांधी जयंती पर ऐसे करें भाषण और निबंध की तैयारी, मिलेगा इनाम
कतर एयरवेज में मीट खाने से वेजिटेरियन यात्री की हुई मौत, जानें एयर ट्रेवल के दौरान हेल्थ रिस्क से कैसे बचें
Qatar Airways Passenger Death News: कतर एयरवेज की फ्लाइट में मांसाहारी भोजन खाने की वजह से 85 वर्षीय डॉ अशोक जयवीरा की मौत हो गई। यह हादसा 30 जून, 2023 को लॉस एंजिल्स से कोलंबो जाने वाली कतर एयरवेज की फ्लाइट में हुआ था। अशोक जयवीरा अमेरिका के दक्षिणी कैलिफोर्निया में एक कार्डियोलॉजिस्ट थे, जो लॉस एंजिल्स से श्रीलंका की राजधानी कोलंबो जा रहे थे। मृतक डॉक्टर अशोक के बेटे सूर्या जयवीरा ने हाल ही में कतर एयरवेज के खिलाफ इस मामले में मुकदमा दायर किया है, जिसकी वजह से यह घटना दुनियाभर में चर्चा में आ गई है। उन्होंने एयरलाइन पर लापरवाही का आरोप भी लगाया है। मुकदमे में दावा किया गया है कि एयरलाइन ने पहले से ऑर्डर किया गया शाकाहारी भोजन उपलब्ध नहीं कराया। इसके बाद जयवीरा की चिकित्सा आपात स्थिति का उचित ढंग से जवाब नहीं दिया। परिवार ने लापरवाही और गलत तरीके से मौत के लिए 128821 अमेरिकी डॉलर का हर्जाना मांगा है।
जानकारी के अनुसार, डॉ अशोक जयवीरा ने उड़ान से पहले शाकाहारी भोजन का ऑर्डर दिया था, लेकिन फ्लाइट में उन्हें मांसाहारी भोजन परोसा गया। आरोप है कि विमान कर्मियों ने उन्हें नॉन-वेज खाना परोसा और कहा कि मीट छोड़कर बाकी सब खा लें। इससे कुछ ही देर में उनका दम घुटने लगा और आखिरकार उनकी मौत हो गई। डॉक्टर्स ने उनकी मौत का कारण एस्पिरेशन निमोनिया बताया, यानी भोजन का कण सांस की नली या फेफड़ों में चला जाना, जिससे सांस रुक जाती है।

फ्लाइट में स्वास्थ्य से जुड़ी गड़बडियों से कैसे बचें?
अपनी डाइट प्रेफरेंस पहले ही कन्फर्म करें
टिकट बुक करते समय "वेज/नॉन-वेज/स्पेशल मील" का विकल्प ध्यान से चुनें और यात्रा से 24 घंटे पहले एयरलाइन से दोबारा कन्फर्म कर लें।
एलर्जी या हेल्थ कंडीशन की जानकारी लिखित में दें
अगर आपको किसी चीज से एलर्जी है (जैसे नट्स, सी-फूड या डेयरी प्रोडक्ट्स), तो चेक-इन के वक्त क्रू मेंबर्स को स्पष्ट रूप से बताएं।
दवाएं साथ रखें
अपनी जरूरी दवाएं हमेशा अपने साथ हैंड बैग में रखें। एलर्जी की स्थिति में एंटीहिस्टामिन या इनहेलर/एपिपेन साथ रखें।
फ्लाइट में परोसा जाने वाला खाना जांच लें
फूड ट्रे मिलने के बाद लेबल या टैग देखकर सुनिश्चित करें कि वही मील है जो आपने ऑर्डर किया था।
खाना धीरे और ध्यान से खाएं
उड़ान के दौरान हवा के दबाव में बदलाव से पाचन धीमा होता है, इसलिए धीरे-धीरे खाएं और ज्यादा भारी भोजन से बचें।
इमरजेंसी स्थिति में फ्लाइट क्रू को सूचित करें
किसी भी असहजता, जैसे चक्कर, घबराहट, या सांस लेने में तकलीफ महसूस होते ही तुरंत क्रू को बताएं। जल्दी सूचना देने से गंभीर स्थिति से बचा जा सकता है।
बुजुर्ग यात्रियों के लिए विशेष सावधानी:
फ्लाइट से पहले हल्का भोजन लें।
डॉक्टर से फिट-टू-फ्लाई सर्टिफिकेट बनवाएं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
