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क्या गोल्ड केक या चॉकलेट खा सकते है? क्या होता है जब सोना पेट में चला जाता है, जानें यहां
What are the side effects of edible gold : एक्ट्रेस उर्वशी रौतेला ने 25 फरवरी को अपना 30 वां बर्थ डे सेलिब्रेट किया। इस मौके पर हनी सिंह ने उर्वशी को बर्थडे पर 24 कैरेट सोने का केक गिफ्ट में दिया। उर्वशी के बर्थडे का ये गोल्ड केक सोशल मीडिया पर छाया हुआ है।
इन फोटोज को देख हर किसी के जेहन में एक ही तरह के सवाल आ रहा है कि क्या सोने को खा सकते हैं और इसे खाने के कोई नुकसान नहीं होता है?

आइए इसी बहाने जानते हैं कि क्या सच में सोना खा सकते हैं और इसे खाने के बाद क्या होता है?
सोना खा लिया तो क्या होगा?
कई लोग मिठाई पर चांदी और सोने का वरक लगाकर इसे खाते हैं। इसे खाने के ऐसे कोई नुकसान नहीं होता है। गोल्ड या सोना को खाने के से सुरक्षित धातु है। यह आसानी से पच भी जाता है और आसानी से अवशोषित हो जाता है। इसका मतलब है कि सोना खाने से कोई प्रतिकूल प्रभाव या सेहत के लिए खतरा नहीं होता है। लेकिन यह पोषण प्रदान नहीं करता है।
सदियो से होता आ रहा है स्वर्णप्राशन
सोना या स्वर्ण खाने का अभ्यास सदियो पुराना है। प्राचीन काल में बच्चों को स्वर्ण प्राशन करने का संस्कार रहा है। जिसके बारे में आयुर्वेद में भी पता चलता है। स्वर्ण प्राशन यानी सोने की राख खिलाकर बच्चों की इम्यूनिटी बढ़ाई जाती थी। बच्चों की शारीरिक और मानसिक विकास के लिए स्वर्ण के साथ शहद, ब्रहम्मी, अश्वगंधा, गिलोय, शंखपुष्पी, वचा आदि जड़ी बूटियों को मिलाकर एक चूर्ण बनाया बनाया जाता है और पुष्य नक्षत्र के दौरान बच्चों को इसका सेवन कराया जाता है। वैक्सीनेशन से पहले स्वर्ण प्राशन के जरिए बच्चों को बीमारी से बचाया जाता था।
कैसा होता है सोने का टेस्ट?
आसान शब्दों में कहें तो सोना बेस्वाद होता है। जोकि विषैला नहीं होता है। भोजन में मिलाकर अगर हम इसका उपयोग करते हैं तो वैसे कोई रिएक्शन नहीं होता है। गोल्ड कोटेड चॉकलेट या केक में लोग एडिबल गोल्ड यानी खाने लायक सोने का इस्तेमाल करते हैं
सोने से बनता है गोल्ड फूड
सोना जितना शुद्ध और खरा होता है, उतना ही सेवन के लिए सुरक्षित माना जाता है। सोना 'biologically inert' श्रेणी में आता है यानी इसे निगलने से भी यह आंतों में बिना अवशोषित हुए मल के जरिए बाहर आ जाता है। आपको बता दें कि सोने को खाने लायक बनाने के लिए 22-24 कैरेट गोल्ड को इस्तेमाल में लिया जाता है। फिर गोल्ड को पिघलाकर इसकी एक परत या वरक बनाई जाती है, जिसे मिठाई, चॉकलेट या व्यंजनों को सजाने के लिए इस्तेमाल में लिया जाता है। जिसके बाद 'गोल्ड फूड' बनता है। हालांकि अगर आप किसी समस्या से गुजर रहे हैं, तो आप इसे खाने से पहले किसी विशेषज्ञ की सलाह जरुर लें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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