महिलाएं यूटीआई से बचना चाहती हैं तो ज्यादा पानी पिएं

By Lekhaka

नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ डायबिटीज एंड डाइजेस्टिव एंड किडनी डिजीज के मुताबिक, 40 से 60 प्रतिशत महिलाएं अपने जीवनकाल में कम से कम एक बार यूटीआई यानि की मूत्र मार्ग संक्रमण से ग्रसित होती हैं।

जबकि हर चार में से एक महिलाओं में ये संक्रमण बार- बार होते हैं, क्योंकि वो इसे लेकर सावधानियां नहीं बरतती। अगर आपको इस तरह की कोई भी समस्या होती है तो इसे अन देखा ना करें।

पुरूषों में भी ये संक्रमण होता है लेकिन 59 साल की उम्र के बाद उन्‍हें ये समस्‍या होन शुरू होती है। इसके लिए जरूरी है कि पुरूष अपने जननांगों को साफ रखें और पेशाब जाने के बाद भी वॉश करना न भूलें।

Drinking more water may ward off UTIs in women 1

मियामी यूनिवर्सिटी में संक्रमित रोग डिवीजन के क्लिनिकल डायरेक्टर थॉमस एम. हूटन ने एक बयान में कहा है कि 'यह जानना अच्छा है कि पीने का पानी एक असहज ओर संक्रमण को रोकने का आसान और सुरक्षित तरीका है।'

एक अध्ययन से पता चलता है कि पुरुषों की तुलना में महिलाओं का मूत्रमार्ग छोटा होता है और गुदा के अधिक पास होता है। जिसकी वजह से बैक्टीरिया को मलाशय और योनि से मूत्राशय तक पहुंचने में मदद मिलती है। जिससे पुरुषों की तुलना में महिलाओं में यूटीआई अधिक संवेदनशील हो जाते हैं।

Drinking more water may ward off UTIs in women

शोधकर्ताओं का कहना है कि इसलिए अधिक पानी पीने से मूत्राश्य के जरिए बैक्टीरिया को बाहर निकाला जा सकता है और ज्यादा पानी पीने से योनि से मूत्राशय में प्रवेश करने वाले बैक्टीरिया को भी खत्म किया जा सकता है।

हूटन ने कहा है कि 'ज्यादा पानी पीने से मूत्रप्रवाह बढ़ता है और किसी भी संक्रमण के होने की संभावना कम हो जाती है।
इससे बैक्टीरिया ज्यादा देर तक मूत्राशय में नहीं ठहर पाता, जो कि संक्रमण के लिए जरुरी होता है। इसके लिए 'शोधकर्ताओं ने 140 से अधिक स्वस्थ पूर्व- रजोनिवृत महिलाओं का सर्वेक्षण किया।

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हूटन का कहना है कि 'जिन महिलाओं ने अपने पानी का सेवन औसत रुप से बढ़ाया है उनमें यूटीआई का औसत 1.6 गुना है, जबकि जो महिलाएं कम पानी का सेवन करती हैं उनमें यूटीआई होने की संभावना 3.1 गुना है। ऐसे में संक्रमण रोकने के लिए ज्यादा से ज्यादा पानी का सेवन करना चाहिए। '

अगर आपको हर वक्‍त यूटीआई की समस्‍या रहती है तो आप जौ का पानी, नारियल पानी और मठ्ठा भी पी सकती हैं। जौ का पानी पेट में एसिड की मात्रा को घटा कर पेट को शांति देता है और जलन को कम करता है।

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सही तरह के खान-पान से आप यूटीआई यानि की मूत्र मार्ग संक्रमण की समस्‍या को काफी हद तक ठीक कर सकती हैं। अगर आप स्‍ब्‍जियां खाने की शौकीन हैं तो, पालक को सलाद के साथ ताजा खाया जा सकता है या फिर जूस निकालकर और कैप्सूल के रूप में भी लिया जा सकता है।

पालक के जूस और नारियल पानी को बराबर मात्रा में मिलाकर इस मिश्रण को दिन में 3 बार पिये। क्‍या आप जानते हैं कि जिन लोगों को डायबटीज की समस्‍या होती है उन्‍हें भी यूटीआई की प्रॉब्‍लम बहुत ज्‍यादा होती है, इसलिये अपनी डायबिटीज को हमेशा संतुलित कर के रखें।

Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्‍वास्‍थ्‍य प्रदात्ता से सलाह लें।

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