Latest Updates
-
Shani Jayanti 2026: 15 या 16 मई, कब मनाई जाएगी शनि जयंती? जानें सही तिथि और उपाय -
Mangal Gochar 2026: अपनी ही राशि में मंगल का गोचर; इन 4 राशि वालों पर मंडरा रहा है दुर्घटना' का साया -
Somnath Amrit Mahotsav: पीएम मोदी ने सोमनाथ में किया कुंभाभिषेक, जानें 11 तीर्थों के जल का महत्व -
PM Modi की Gold न खरीदने की चर्चा तेज, जानिए किस देश में मिलता है सबसे सस्ता सोना -
Suryakumar Yadav बने पिता, बेटी का नाम रखा 'रिद्धिमा', जानें इसका अर्थ और धार्मिक महत्व -
National Technology Day 2026 Quotes: मिसाइल मैन के वो अनमोल विचार जो आज भी युवाओं को देते हैं प्रेरणा -
Aaj Ka Rashifal 11 May 2026: सोमवार को इन 4 राशियों पर बरसेगी महादेव की कृपा, धन लाभ के साथ चमकेंगे सितारे -
गर्मी में टैनिंग से काली पड़ गई है गर्दन? टेंशन छोड़ें और आजमाएं दादी मां के ये 5 अचूक घरेलू नुस्खे -
Apara Ekadashi 2026: 12 या 13 मई, कब रखा जाएगा अपरा एकादशी का व्रत? जानें पूजा विधि और पारण का समय -
Eid-ul-Adha 2026: 27 या 28 मई, भारत में कब मनाई जाएगी बकरीद? जानें क्यों दी जाती है कुर्बानी
Masan Holi Wishes: बनारस में खेली जाएगी चिता से होली, शिवभक्तों को जरूर भेजें बाबा के उत्सव की शुभकामनाएं
Happy Bhasm Holi Wishes in Hindi: रंगों का त्योहार होली आने में थोड़ा वक्त बाकी है लेकिन उससे पहले ही बनारस की गलियों में अजब तरह की होली खेली जाती है। ये तो हम सभी जानते हैं कि होली रंगों का त्योहार है। इस दिन सभी एक दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर इस पर्व की बधाई देते हैं। मगर क्या आपने कभी चिता की भस्म से खेले जाने वाली होली के बारे में सुना है। जी हां, श्मशान की चिता की राख को रंग की तरह इस्तेमाल करके होली खेलने की यह प्रथा उत्तर प्रदेश के वाराणसी की है।
पूरी दुनिया में केवल काशी ही ऐसी जगह है जहां भस्म से होली खेली जाती है। काशी की भस्म होली को मसान होली और भभूत होली भी कहा जाता है। रंगभरी एकादशी के अगले दिन चिता की राख से होली खेली जाती है। यह हर साल काशी के महाश्मशान हरिश्चन्द्र घाट और मणिकर्णिका घाट पर आयोजित की जाती है। इस दौरान पूरे शहर की हवा में भस्म घुल जाती है, तो वहीं नागा साधू और अघोरी अलग अलग करतब दिखाते हैं। भोलेबाबा के भक्त अपने ही अंदाज में होली का आनंद लेते हैं। भगवान शिव के भक्तों के लिए मसान होली एक बहुत बड़ा उत्सव है। आइये मसान होली के मौके पर इन संदेशों के साथ बनारस के विशेष पर्व की शुभकामनाएं दें।

मसान होली या भस्म होली 2024 तिथि (Masan Holi 2024 Date)
इस साल वाराणसी में मसान होली 21 मार्च 2024 गुरुवार को खेली जाएगी।
मसान होली से जुड़ी मान्यता (Story of Masan Holi)
ऐसा माना जाता है कि रंगभरी एकादशी के दिन ही भगवान शिव माता पार्वती का गौना कराकर लाये थे। इसी ख़ुशी में उत्सव का आयोजन किया गया। भोलेनाथ ने अपने गणों के साथ काशी में रंग और गुलाल के साथ होली खेली थी। मगर इस दिन वो भूत, प्रेत, आत्मा, किन्नर, पिशाच आदि के साथ होली नहीं खेल पाए थे। यही वजह है कि रंगभरी एकादशी के एक दिन बाद भगवान शिव ने भूत-प्रेत और आत्माओं के साथ होली खेली थी और तभी से भस्म होली खेली जाती है।

मसान होली की शुभकामनाएं (Happy Masan Holi Wishes)
1.
आप सभी को भस्म होली की हार्दिक शुभकामनाएं

2.
चिता भस्म का तर्पण,
मसान नाथ को अर्पण।
मृत्यु और मोक्ष का अभिनंदन,
शिव की काशी का है चंदन।
मसान होली की हार्दिक शुभकामनाएं।

3.
मणिकर्णिका का घाट,
भस्म की होली का आगाज।
महादेव संग होली,
खेलें भूत, पिशाच।
मसान होली की हार्दिक बधाई।

4.
जीवन संग मृत्यु का महोत्सव,
मणिकर्णिका के घाट।
रंगभरी एकादशी के बाद,
भस्म की होली का आगाज।

5.
चिता की राख से होली का आगाज,
शिव व शव संग भस्म का मिलाप।
महादेव की नगरी में मृत्यु का शंखनाद,
शिव और सत्य का अभिनंदन है आज।

6.
भूत, प्रेत, पिशाच, आए औघड़दानी के आवास।
चिताओं की राख संग, होली मसान नाथ के साथ।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications