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Jagannath Rath Yatra: रथ यात्रा में शामिल होने से पहले जान लें ये नियम, इन बातों को न करें अनदेखा
लम्बे इंतज़ार के बाद आखिरकार पुरी जगन्नाथ की रथ यात्रा की शुरुआत होने वाली है। जगन्नाथ भगवान के रोग से ठीक होने के बाद जगन्नाथ भगवान् अपने भाई बहनों के साथ नगर दर्शन के लिए यात्रा पर निकलते हैं।
रथ यात्रा में लाखों भक्त शामिल होते हैं और भगवान जगन्नाथ, देवी सुभद्रा और बलरामजी के रथ को खींचते हैं। तीनों भगवान के रथ बहुत विशाल और भव्य होते हैं।

भगवान जगन्नाथ के रथ में 16 पहिये होते हैं और यह 45 फ़ीट ऊँचा होता है। जानते हैं रथ यात्रा से जुड़े नियम और उसमें शामिल होने के लिए ध्यान रखने वाली बातें -
रथ यात्रा नियम
जगन्नाथ यात्रा के रथ को खींचने के लिए कोई खास कठोर नियम नहीं है। इसमें कोई भी जात-वर्ग, धर्म, प्रान्त के लोग शामिल हो सकते हैं। रथ की रस्सी को सभी भक्तगण खींचते हैं। मान्यता अनुसार रथ यात्रा में शामिल होने से 100 यज्ञों के समान फल की प्राप्ति होती है और रथ को खींचने वाला जीवन के चक्र से मुक्त हो जाता है।

इन बातों का रखें ख़ास ख्याल
यदि आपकी स्वास्थ्य स्थिति इसकी अनुमति नहीं देती है तो प्रसाद के बड़े बर्तन न लें। छोटे मटकों को लेकर यात्रा में जाएं और स्वास्थ्य एकदम बेहतर होने पर ही यात्रा में शामिल करें।
रथ यात्रा के दिन सुबह 6-7 बजे से पहले मंदिर पहुंचना सुनिश्चित करें। पहाड़ी नामक समारोह सुबह शुरू होता है जिसमें पुजारी जगन्नाथ को सन्निधि या वेदी से रथ तक ले जाते हैं। यह सुबह 7 बजे शुरू होता है और रथ की ओर जाने से पहले जगन्नाथ को मुकुट पहनाकर मंदिर के अंदर नृत्य कराया जाता है। इस परंपरा को देखने के लिए भी टिकट लगता है। इसे एक दिन पहले 500 रुपए देकर बुक करा लें।
यात्रा के दिन ओडिशा में चलने वाले टम-टम या ऑटो की व्यवस्था करें जिसमें 8 लोग बैठ सकते हो और पुरी के सभी वैष्णव क्षेत्रों का दौरा कर सकें। ऑटो में प्रति व्यक्ति किराया 250 है। आठ स्थानों में रूककर 10 मिनट बैठकर एक माला जाप करना बेहतर विकल्प है। इस यात्रा को दूसरे या तीसरे दिन करें।
हर समय निकटतम भोजनालय में भोजन करें। किसी एक होटल में बुकिंग न करें क्योंकि पुरी इतनी बड़ी है कि आपको एक जगह से दूसरी जगह बहुत घूमना पड़ सकता है। एक होटल में बुकिंग करने का मतलब है कि आपको उस होटल में वापस जाना होगा। इससे बेहतर है कि खाना खाने के लिए स्थानीय भोजनालयों को चुनें।
यात्रा के समय अपने पर्स, पैसों और मोबाइल फ़ोन का ख़ास ख्याल रखें। लाखों की भीड़ में पैसों के चोरी होने का डर रहता है। इसके साथ ही केवल ज़रूरत का ही सामान और पैसे साथ में रखें।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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