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Kharmas 2024 Vrat List: लग गया है खरमास, इस दौरान मनाये जाएंगे ये व्रत और त्योहार, नोट करें तिथियां
Kharmas 2024 Vrat List: खरमास, जिसे मलमास भी कहा जाता है, हिंदू पंचांग के अनुसार 15 दिसंबर से शुरू होकर 14 जनवरी तक रहेगा। इस अवधि में सूर्य धनु राशि में प्रवेश करते हैं।
यह महीना शुभ कार्यों जैसे विवाह, गृह प्रवेश, सगाई आदि के लिए वर्जित माना गया है। खरमास के दौरान धार्मिक अनुष्ठानों, व्रत और पूजा-पाठ का विशेष महत्व होता है।

खरमास में पौष माह का समय
पौष माह हिंदू पंचांग के अनुसार 16 दिसंबर से शुरू होकर 13 जनवरी को समाप्त होगा। यह मास सूर्य की ऊर्जा और धार्मिक आस्था को बढ़ाने के लिए उपयुक्त माना गया है।
खरमास में मनाए जाने वाले व्रत और त्योहार
1. अखुरथ संकष्टी चतुर्थी - 18 दिसंबर (बुधवार)
2. काला अष्टमी व्रत - 22 दिसंबर (रविवार)
3. क्रिसमस - 25 दिसंबर (बुधवार)
4. सफला एकादशी - 26 दिसंबर (गुरुवार)
5. शनि प्रदोष व्रत - 28 दिसंबर (शनिवार)
6. पौष मासिक शिवरात्रि - 29 दिसंबर (रविवार)
7. सोमवती अमावस्या - 30 दिसंबर (सोमवार)
8. नववर्ष शुभारंभ - 1 जनवरी 2025 (बुधवार)
9. विनायक चतुर्थी - 3 जनवरी (शुक्रवार)
10. गुरु गोविंद सिंह जयंती - 6 जनवरी (सोमवार)
11. स्वामी विवेकानंद जयंती - 12 जनवरी (रविवार)
12. पौष पुत्रदा एकादशी - 10 जनवरी (शुक्रवार)
13. शनि प्रदोष व्रत - 11 जनवरी (शनिवार)
14. पौष पूर्णिमा स्नान और दान - 13 जनवरी (सोमवार)
15. लोहड़ी पर्व - 13 जनवरी (सोमवार)
महाकुंभ की शुरुआत
13 जनवरी से महाकुंभ 2025 का शुभारंभ होगा। इस दिन प्रथम शाही स्नान भी आयोजित होगा, जो धार्मिक और आध्यात्मिक दृष्टि से अत्यंत शुभ माना जाता है।
खरमास में शुभ कार्य क्यों वर्जित?
खरमास को मांगलिक कार्यों के लिए अनुकूल नहीं माना जाता, क्योंकि इस दौरान सूर्य की स्थिति कमजोर मानी जाती है। इसे केवल भक्ति, ध्यान और आत्मिक शुद्धि के लिए उपयुक्त समय समझा जाता है।
खरमास में क्या करें?
- इस दौरान दान-पुण्य, जप-तप, और व्रत का पालन करें।
- तिल, गुड़, और अन्न का दान करना अत्यंत शुभ माना जाता है।
- मंदिर में पूजा-अर्चना करें और भगवान सूर्य की उपासना करें।
यह समय आत्मचिंतन और धार्मिक आस्था को मजबूत करने के लिए सर्वोत्तम है।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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