Latest Updates
-
Bakrid 2026: ईद उल अजहा या बकरीद पर कुर्बानी के क्या हैं नियम? जानें किन जानवरों की कुर्बानी जायज -
UP Village Style Aloo Matar Recipe: घर पर पाएं गांव के स्वाद वाली लाजवाब सब्जी -
क्या सिरदर्द की दवा से पेट का दर्द भी ठीक हो सकता है? पहले जान लें ये दवाएं हमारे शरीर में कैसे काम करती हैं -
बकरीद के मौके पर वायरल हुई 'डोनाल्ड ट्रम्प' भैंस, ब्राउन हेयर और 700 किलो है वजन, देखें वीडियो -
Bihar Style Sattu Paratha Recipe: घर पर बनाएं बिहार का मशहूर और चटपटा नाश्ता -
Padmini Ekadashi Vrat Katha: पद्मिनी एकादशी के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, संतान प्राप्ति का मिलेगा आशीर्वाद -
Aaj Ka Rashifal 27 May 2026: मिथुन और तुला राशि वालों की चमकेगी किस्मत, इन 3 राशियों को रहना होगा सावधान -
Padmini Ekadashi 2026 Wishes: नारायण का नाम...पद्मिनी एकादशी पर प्रियजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Quick Weeknight Mutton Keema Recipe: कम समय में बनाएं रेस्टोरेंट जैसा लाजवाब स्वाद -
डॉन 3 छोड़ने पर Ranveer Singh को FWICE ने किया बैन, क्या अब बॉलीवुड में काम नहीं कर पाएंगे 'धुरंधर' एक्टर?
Sawan Somwar 2023 Mantra: महादेव की कृपा पाने के लिए सावन के सभी सोमवार को करें इन मंत्रों का जाप
Sawan Somwar 2023: सावन का महीना आते ही प्रकृति ही नहीं बल्कि शिव भक्त भी झूम उठते हैं। और ऐसा हो भी क्यों ना, ये उनके प्रिय भोलेबाबा का जो महीना है।
माना जाता है कि सावन महीने में भगवान शिव अपने भक्तों पर खूब कृपा बरसाते हैं। इस माह के सोमवार शिवजी का आशीर्वाद पाने के लिए सर्वश्रेष्ठ होते हैं।

सावन माह के सोमवार के दिन व्रत-पूजा और भोलेनाथ की आराधना से विशेष लाभ की प्राप्ति होती है। इस दिन महादेव के साथ माता पार्वती भी सुख-समृद्धि और धन-धान्य का आशीर्वाद देती हैं। सावन के सोमवार में कुछ विशेष मंत्रों का जाप करके आप शिव कृपा प्राप्त कर सकते हैं। इस दिन शिवजी के 108 नाम का जाप करना भी फलदायी माना जाता है।
सावन 2023 के सोमवार
पहला सोमवार - 10 जुलाई
दूसरा सोमवार - 17 जुलाई
तीसरा सोमवार - 24 जुलाई
चौथा सोमवार - 31 जुलाई
पांचवा सोमवार - 07 अगस्त
छठा सोमवार - 14 अगस्त
सातवां सोमवार - 21 अगस्त
आठवां सोमवार - 28 अगस्त
सावन सोमवार को शिवजी की कृपा पाने के लिए करें इन मंत्रों का जाप
- ॐ अघोरेभ्यो अथघोरेभ्यो, घोर घोर तरेभ्यः सर्वेभ्यो सर्व शर्वेभ्यो, नमस्ते अस्तु रूद्ररूपेभ्यः।
- ॐ शं शंकराय भवोद्भवाय शं ॐ नमः।
- ॐ नमः शिवाय।
- ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्, उर्वारुकमिव बन्धनान् मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्।
- ॐ नमो भगवते रुद्राय नमः।
- ॐ तत्पुरुषाय विद्महे, महादेवाय धीमहि, तन्नो रूद्र प्रचोदयात्।

सावन सोमवार के शुभ मौके पर करें शिव के 108 नामों व मंत्रों का जाप
रुद्र: ऊं रुद्राय नमः।
शर्व: ऊं शर्वाय नमः।
भव: ऊं भवाय नमः।
उग्र: ऊं उग्राय नमः।
भीम: ऊं भीमाय नमः।
पशुपति: ऊं पशुपतये नमः।
ईशान: ऊं ईशानाय नमः।
महादेव: ऊं महादेवाय नमः।
शिव: ऊं शिवाय नमः।
महेश्वर: ऊं महेश्वराय नमः।
शम्भू: ऊं शंभवे नमः।
पिनाकि: ऊं पिनाकिने नमः।
शशिशेखर: ऊं शशिशेखराय नमः।
वामदेव: ऊं वामदेवाय नमः।
विरूपाक्ष: ऊं विरूपाक्षाय नमः।
कपर्दी: ऊं कपर्दिने नमः।
नीललोहित: ऊं नीललोहिताय नमः।
शंकर: ऊं शंकराय नमः।
शूलपाणि: ऊं शूलपाणये नमः।
खटवांगी: ऊं खट्वांगिने नमः।
विष्णुवल्लभ: ऊं विष्णुवल्लभाय नमः।
शिपिविष्ट: ऊं शिपिविष्टाय नमः।
अंबिकानाथ: ऊं अंबिकानाथाय नमः।
श्रीकण्ठ: ऊं श्रीकण्ठाय नमः।
भक्तवत्सल: ऊं भक्तवत्सलाय नमः।
त्रिलोकेश: ऊं त्रिलोकेशाय नमः।
शितिकण्ठ: ऊं शितिकण्ठाय नमः।
शिवाप्रिय: ऊं शिवा प्रियाय नमः।
कपाली: ऊं कपालिने नमः।
कामारी: ऊं कामारये नमः।
अंधकारसुरसूदन: ऊं अन्धकासुरसूदनाय नमः।
गंगाधर: ऊं गंगाधराय नमः।
ललाटाक्ष: ऊं ललाटाक्षाय नमः।
कालकाल: ऊं कालकालाय नमः।
कृपानिधि: ऊं कृपानिधये नमः।
परशुहस्त: ऊं परशुहस्ताय नमः।
मृगपाणि: ऊं मृगपाणये नमः।
जटाधर: ऊं जटाधराय नमः।
कैलाशी: ऊं कैलाशवासिने नमः।
कवची: ऊं कवचिने नमः।
कठोर: ऊं कठोराय नमः।
त्रिपुरान्तक: ऊं त्रिपुरान्तकाय नमः।
वृषांक: ऊं वृषांकाय नमः।
वृषभारूढ़: ऊं वृषभारूढाय नमः।
भस्मोद्धूलितविग्रह: ऊं भस्मोद्धूलितविग्रहाय नमः।
सामप्रिय: ऊं सामप्रियाय नमः।
स्वरमयी: ऊं स्वरमयाय नमः।
त्रयीमूर्ति: ऊं त्रयीमूर्तये नमः।
अनीश्वर: ऊं अनीश्वराय नमः।
सर्वज्ञ: ऊं सर्वज्ञाय नमः।
परमात्मा: ऊं परमात्मने नमः।
सोमसूर्याग्निलोचन: ऊं सोमसूर्याग्निलोचनाय नमः।
हवि: ऊं हविषे नमः।
यज्ञमय: ऊं यज्ञमयाय नमः।
सोम: ऊं सोमाय नमः।
पंचवक्त्र: ऊं पंचवक्त्राय नमः।
सदाशिव: ऊं सदाशिवाय नमः।
विश्वेश्वर: ऊं विश्वेश्वराय नमः।
वीरभद्र: ऊं वीरभद्राय नमः।
गणनाथ: ऊं गणनाथाय नमः।
प्रजापति: ऊं प्रजापतये नमः।
हिरण्यरेता: ऊं हिरण्यरेतसे नमः।
दुर्धर्ष: ऊं दुर्धर्षाय नमः।
गिरीश: ऊं गिरीशाय नमः।
अनघ: ऊं अनघाय नमः।
भुजंगभूषण: ऊं भुजंगभूषणाय नमः।
भर्ग: ऊं भर्गाय नमः।
गिरिधन्वा: ऊं गिरिधन्वने नमः।
गिरिप्रिय: ऊं गिरिप्रियाय नमः।
कृत्तिवासा: ऊं कृत्तिवाससे नमः।
पुराराति: ऊं पुरारातये नमः।
भगवान्: ऊं भगवते नमः।
प्रमथाधिप: ऊं प्रमथाधिपाय नमः।
मृत्युंजय: ऊं मृत्युंजयाय नमः।
सूक्ष्मतनु: ऊं सूक्ष्मतनवे नमः।
जगद्व्यापी: ऊं जगद्व्यापिने नमः।
जगद्गुरू: ऊं जगद्गुरुवे नमः।
व्योमकेश: ऊं व्योमकेशाय नमः।
महासेनजनक: ऊं महासेनजनकाय नमः।
चारुविक्रम: ऊं चारुविक्रमाय नमः।
भूतपति: ऊं भूतपतये नमः।
स्थाणु: ऊं स्थाणवे नमः।
अहिर्बुध्न्य: ऊं अहिर्बुध्न्याय नमः।
दिगम्बर: ऊं दिगंबराय नमः।
अष्टमूर्ति: ऊं अष्टमूर्तये नमः।
अनेकात्मा: ऊं अनेकात्मने नमः।
सात्विक: ऊं सात्विकाय नमः।
शुद्धविग्रह: ऊं शुद्धविग्रहाय नमः।
शाश्वत: ऊं शाश्वताय नमः।
खण्डपरशु: ऊं खण्डपरशवे नमः।
अज: ऊं अजाय नमः।
पाशविमोचन: ऊं पाशविमोचकाय नमः।
मृड: ऊं मृडाय नमः।
देव: ऊं देवाय नमः।
अव्यय: ऊं अव्ययाय नमः।
हरि: ऊं हरये नमः।
भगनेत्रभिद्: ऊं भगनेत्रभिदे नमः।
अव्यक्त: ऊं अव्यक्ताय नमः।
दक्षाध्वरहर: ऊं दक्षाध्वरहराय नमः।
हर: ऊं हराय नमः।
पूषदन्तभित्: ऊं पूषदन्तभिदे नमः।
अव्यग्र: ऊं अव्यग्राय नमः।
सहस्राक्ष: ऊं सहस्राक्षाय नमः।
सहस्रपाद: ऊं सहस्रपदे नमः।
अपवर्गप्रद: ऊं अपवर्गप्रदाय नमः।
अनन्त: ऊं अनन्ताय नमः।
तारक: ऊं तारकाय नमः।
परमेश्वर: ऊं परमेश्वराय नमः।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications