Latest Updates
-
'खुद की चीयरलीडर बनो', प्रेग्नेंसी के बाद बढ़े वजन को लेकर ट्रोलिंग पर पहली बार बोलीं कैटरीना कैफ -
Evil Dead...नाना पाटेकर के निधन पर तनुश्री दत्ता ने दिया विवादित बयान, सोशल मीडिया पर मचा बवाल -
World Egg Day 2026: अंडे के साथ भूलकर भी नहीं खानी चाहिए ये 5 चीजें, सेहत को हो सकता गंभीर नुकसान -
World Post Day 2026: कब और कैसे हुई विश्व डाक दिवस की शुरुआत? जानें दुनिया के सबसे ऊंचे पोस्ट ऑफिस के बारे में -
Sarva Pitru Amavasya 2026: 9 या 10 अक्टूबर, सर्वपितृ अमावस्या कब है? जानें तिथि, कुतुप-रौहिण मुहूर्त और महत्व -
Indian Air Force Day 2026: दुनिया की सबसे ताकतवर एरयफोर्स में से एक है भारतीय वायुसेना, जानें 10 खास बातें -
35 साल की उम्र में दूसरी बार मां बनेंगी कियारा आडवाणी , जानिए इस उम्र में मां बनना कितना सेफ है? -
Nana Patekar Net Worth: 35 रुपये महीने से करोड़ों तक, जानें अपने पीछे कितनी संपत्ति छोड़ गए नाना पाटेकर? -
Nana Patekar Family: नाना पाटेकर के परिवार में कौन-कौन है? पत्नी से रहते थे अलग, कम उम्र में खो दिया था बेटा -
नाना पाटेकर का 75 की उम्र में Cardiac Arrest से निधन, समझिए हार्ट अटैक से कितने अलग होते है इसके लक्षण
Navratri 2026 Vrat Niyam: नवरात्रि व्रत में क्या करें और क्या न करें? जानें व्रत रखने के जरूरी नियम
Navratri 2026 Vrat Niyam: नवरात्रि हिंदू धर्म के प्रमुख त्योहारों में से एक है। इस बार शारदीय नवरात्रि 11 अक्टूबर से प्रारंभ होकर 19 अक्टूबर 2026 को समाप्त होगी। इन दिनों में माता रानी के अलग-अलग स्वरूपों की उपासना की जाती है। साथ ही, भक्तजन इस दौरान पूजा-पाठ और व्रत रखकर माता रानी को प्रसन्न करने का प्रयास करते हैं। कुछ लोग पूरे नौ दिन उपवास करते हैं, जबकि कुछ लोग पहले और आखिरी दिन व्रत रखते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, नवरात्रि के 9 दिनों में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा-अर्चना करने और व्रत रखने से घर में सुख-शांति बनी रहती है और मां भक्तजनों की सभी मनोकामनाएं पूरा करती हैं। नवरात्रि में पूजा-पाठ करने के साथ कुछ नियमों का पालन करना भी जरूरी माना जाता है। जानबूझकर या अनजाने में हुई गलतियां व्रत की पूर्णता में बाधा बन सकती हैं। तो आइए जानें कि नवरात्रि के दौरान क्या करें और क्या न करें -

नवरात्रि व्रत में क्या करें?
1. सुबह जल्दी उठकर स्नान करें
नवरात्रि के दौरान सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और साफ कपड़े पहनें। इसके बाद पूजा स्थल की सफाई करके मां दुर्गा की पूजा करें। मां को फूल, फल और मिठाई अर्पित करें। अपनी श्रद्धा के अनुसार मंत्रों का जाप और आरती भी करें।
2. घर और पूजा स्थल को साफ रखें
नवरात्रि के नौ दिनों में घर और मंदिर की साफ-सफाई का ध्यान रखें। पूजा में इस्तेमाल होने वाली सामग्री को साफ रखें और पूजा स्थल पर स्वच्छता बनाए रखें।
3. सात्विक भोजन करें
व्रत के दौरान फल, दूध, दही, मखाना, साबूदाना, कुट्टू का आटा, सिंघाड़े का आटा और समा के चावल खा सकते हैं। व्रत में सामान्य नमक की जगह सेंधा नमक का इस्तेमाल किया जाता है।
4. ब्रह्मचर्य का पालन करें
नवरात्रि के सबसे महवत्पूर्ण नियमों में से एक ब्रह्मचर्य का पालन करना है। नवरात्रि का व्रत रखने वाले महिला या पुरुष को अपने विचारों और कर्मों में पवित्रता बनाए रखनी चाहिए। शुद्ध मन से की गई पूजा से माता रानी प्रसन्न होती हैं।
5. कन्याओं और महिलाओं का सम्मान करें
नवरात्रि में कन्याओं को मां दुर्गा का स्वरूप माना जाता है। इसलिए हर कन्या और महिला का सम्मान करें और उनके प्रति कभी भी अपमान का भाव न रखें। इसी कारण नवरात्रि में कन्या पूजन का विशेष महत्व भी माना गया है।
नवरात्रि व्रत में क्या न करें?
1. घर को खाली न छोड़ें
अगर आपने घर में कलश स्थापना की है या अखंड ज्योति जलाई है, तो घर को पूरी तरह से खाली नहीं छोड़ना चाहिए. इस दौरान घर में किसी एक व्यक्ति का होना जरूरी होता है।
2. तामसिक भोजन से करें परहेज
नवरात्रि के दौरान सात्विक भोजन करना चाहिए और तामसिक भोजन से बचना चाहिए। इस दौरान प्याज, लहसुन, मांस, मदिरा और तामसिक भोजन का सेवन नहीं करना चाहिए. नौ दिनों तक शुद्ध सात्त्विक आहार ही ग्रहण करें।
3. शराब और नशीली चीजों का सेवन न करें
नवरात्रि के दौरान शराब, धूम्रपान और अन्य नशीली चीजों से दूर रहना चाहिए। इन दिनों संयमित दिनचर्या अपनाने और सात्विक जीवनशैली रखने पर जोर दिया जाता है।
4. किसी से झगड़ा या अपशब्द न कहें
व्रत के दौरान गुस्सा करने, किसी से विवाद करने, झूठ बोलने और अपशब्द कहने से बचना चाहिए। सभी के साथ अच्छा व्यवहार करें और मन में सकारात्मक विचार रखें।
5. बाल, दाढ़ी और नाखून न कटवाएं
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार नवरात्रि के दौरान बाल, दाढ़ी और नाखून नहीं कटवाने चाहिए। यदि जरूरी न हो, तो ये काम नौ दिनों के बाद ही करें। हालांकि, इस दौरान छोटे बच्चों का मुंडन संस्कार कराया जा सकता है।



Click it and Unblock the Notifications
