Latest Updates
-
सुबह खाली पेट जौ का पानी पीने से दूर होंगी ये 5 समस्याएं, जानें इसे बनाने का तरीका -
Baglamukhi Jayanti 2026: बगलामुखी जयंती कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
फैटी लिवर में कौन सा योग करें? जानें लिवर को साफ और मजबूत रखने के लिए योगासन -
May 2026 Vrat Tyohar: वट सावित्री, शनि जयंती सहित मई माह में पड़ रहे हैं कई व्रत-त्योहार, देखें पूरी लिस्ट -
Swapna Shastra: सपने में मरे हुए व्यक्ति को देखने का क्या मतलब होता है? जानें ये शुभ होता है या अशुभ -
Bael Juice Benefits: गर्मियों में रोजाना पिएं एक गिलास बेल का जूस, सेहत को मिलेंगे ये 5 फायदे -
Who Is Divyanka Sirohi: कौन हैं एक्ट्रेस दिव्यांका सिरोही? जिनका 30 साल की उम्र में हार्ट अटैक से हुआ निधन -
Kedarnath Yatra 2026: केदारनाथ यात्रा आज से शुरू, रजिस्ट्रेशन से हेलीकॉप्टर बुकिंग तक जानें सभी जरूरी नियम -
बालों की ग्रोथ के लिए इस तरह करें केले के छिलके का इस्तेमाल, कुछ ही दिनों में घुटनों तक लंबे हो सकते हैं बाल -
दीपिका कक्कड़ की MRI रिपोर्ट में मिले 2 नए सिस्ट, अब होगी इम्यूनोथेरेपी, जानें क्या है ये ट्रीटमेंट
March Equinox 2022: रविवार को दिखेगा Super Warm Moon, शुरू होगी गुलाबी ऋतु
रविवार 20 मार्च को एक बहुत ही महत्वपूर्ण खगोलीय घटना होने वाली है। जी हां यहां हम बात कर रहे हैं इक्विनॉक्स की जिसे विषुव भी कहा जाता है। इस दिन से पश्चिमी देशों में वसंत ऋतु की शुरुआत होती है। इक्विनॉक्स साल में 2 बार होता है। पहला इक्विनॉक्स मार्च के महीने में होता है और दूसरा सितंबर में। उत्तरी गोलार्द्ध में मार्च विषुव वसंत की शुरुआत का प्रतीक है, जबकि दक्षिणी गोलार्द्ध में यह गिरावट की शुरुआत माना जाता है। आइए आपको इससे जुड़ी सारी महत्वपूर्ण जानकारियां विस्तार से देते हैं।

क्या होता है इक्विनॉक्स?
इक्विनॉक्स तब होता है जब पृथ्वी के अक्ष का झुकाव सूरज न तो दूर होता है और न ही सूर्य की तरफ होता है। इस दौरान सूर्य के संबंध में पृथ्वी का झुकाव 0°होता है। इक्विनॉक्स में दिन और रात बराबर होते हैं। इस दिन के बाद से रातें लंबी और दिन छोटे होने लगेंगे।

साल में 2 बार होता है इक्विनॉक्स
जैसा कि हमने आपको बताया कि इक्विनॉक्स साल में 2 बार होता है। मार्च के बाद यह सितंबर में होता है। मार्च के इक्विनॉक्स में सूरज आकाशीय भूमध्य रेखा को दक्षिण से उत्तर की ओर पार करता है। वहीं सितंबर के इक्विनॉक्स में ठीक इसका विपरीत होता है।

सुपर वॉर्म मून भी कहा जाता है
माना जाता है कि इक्विनॉक्स के दिन सारे केंचुएं मिट्टी से बाहर निकल आते हैं। यही वजह हैं कि इक्विनॉक्स में निकालने वाले चांद को सुपर वॉर्म मून कहा जाता है। इसके अलावा इक्विनॉक्स में निकलने वाला चांद सामान्य से ज्यादा बड़ा और चमकीला भी होता है।



Click it and Unblock the Notifications