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क्या गर्भनिरोधक गोलियों के बार-बार इस्तेमाल से फर्टिलिटी पर पड़ता है असर..?
गर्भनिरोधक गोलियों के इस्तेमाल को लेकर महिलाओं को लेकर बहुत सारे भम्र रहते है, जैसे इन गोलियों का इस्तेमाल कब करना चाहिए और कब नहीं। आजकल मार्केट में ढ़ेरो किस्म की गर्भनिरोधक दवाईयां मिल रही है, लेकिन इन सारी दवाईयों का इस्तेमाल अलग अलग स्थिति के अनुसार करना होता है।
इसलिए बेहतर है कि कॉन्ट्रासेप्टिव पिल्स का इस्तेमाल एक बार अपने डॉक्टर से पूछ कर ही करें। लेकिन गर्भ निरोधक दवाईयां लेने वाली महिलाओं को अक्सर एक सवाल बहुत परेशान करता है कि क्या गर्भनिरोधक गोलियां लेने के बाद भी प्रेगनेंसी का खतरा या फर्टिलिटी का डर रहता है!
आज हम आपको बता रहे है महिलाओं की गर्भनिरोधक से जुड़े कैसी कैसी समस्याएं सताती है?

क्या प्रजनन क्षमता पर प्रभाव पड़ता है?
गर्भनिरोधक गोलियां लॉन्ग टर्म फर्टिलिटी को प्रभावित नहीं करती हैं। हालांकि इस दावा का अनुचित और लगातार उपयोग हार्मोनल असंतुलन का कारण बन सकता है। गर्भनिरोधक गोलियां लेने के बाद अगर आपको इनमें से कोई समस्या होती है, तो आपको तुरंत गाइनोकोलोजिस्ट की सलाह लेनी चाहिए।
अगर आपको रैशेज, खुजली, सांस लेने में परेशानी होती है, तो डॉक्टर से मिलें।
ज्यादातर महिलाओं को अनुमानित तारीख से सात दिन के भीतर पीरियड्स हो सकते हैं। अगर आपको पीरियड्स नहीं हुए हैं, तो आपको इस संबंध में डॉक्टर से मिलना चाहिए।
अगर आपको पेट के निचले हिस्से और पीठ में दर्द या ऐंठन हो, चक्कर आने लगे या फिर योनि से खून बहने लगे। यहां तक कि पीरियड्स के शुरू होने से पहले भी अगर इस तरह की समस्याएं हों तो, आपको तुरंत डॉक्टर से मिलना चाहिए।
अगर आप पहले से ही किसी तरह की एंटीबायोटिक या एंटीएपलेप्टिक दवाएं ले रहे हैं, तो पहले आपको डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।

कैसे काम करती हैं ये गोलियां ?
गर्भनिरोधक गोलियां ओव्यलैशन में देरी करके और स्पर्म को एग्स से मिलने से रोककर अनचाही प्रेगनेंसी से बचाती हैं। अगर गर्भधारण की प्रक्रिया पहले से ही शुरू हो चुकी है, तो ये गोलियां प्रभाव नहीं डालती हैं।

इसके नुकसान
गर्भनिरोधक गोलियों से उल्टी, पेट दर्द, मतली, थकान, सिर दर्द, मासिक-धर्म परिवर्तन, दस्त, चक्कर आना, स्तन कोमलता, एलर्जी आदि की समस्याएं हो सकती हैं। गोली खाने दो से तीन घंटे के भीतर उल्टी हो जाने पर इसे दोबारा खाना चाहिए।

क्या भविष्य में गर्भधारण करने में समस्या होती है?
हालांकि ऐसा अभी तक देखा नहीं गया है कि गर्भनिरोधक गोलियों से भविष्य में प्रजनन क्षमता पर असर पड़े। चूंकि यह गोलियां शरीर में सामान्य चल रहे हार्मोनल सिस्टम को बाधित करती हैं, इसलिए जरूरत पड़ने पर ही इनका इस्तेमाल करना चाहिए। वैसे सीधे तौर पर इन गोलियों का प्रजनन क्षमता पर कोई असर नहीं पड़ता है।



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