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Mahashivratri 2022: इस साल राशिनुसार करें भोलेनाथ की पूजा, पूर्ण होगी बड़ी से बड़ी मनोकामना
Mahashivratri Puja According To Zodiac Sign: पूरे साल शिवभक्त महाशिवरात्रि पर्व का इंतजार करते हैं। महादेव की आराधना करने और उनका आशीर्वाद पाने के लिए ये सबसे उत्तम दिनों में से एक माना गया है। हर साल यह उत्सव फाल्गुन महीने के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मनाया जाता है। इस दिन शिव मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है। ऐसा मन जाता है जो जातक महाशिवरात्रि के दिन हृदय से भोलेबाबा का स्मरण करता है उसकी मनोकामना जरुर पूरी होती है। इस साल आप भी शिवजी से विशेष आशीर्वाद पाना चाहते हैं तो अपनी राशि अनुसार उन्हें प्रसन्न करने का तरीका जरुर जानें।

मेष राशि: 21 मार्च - 19 अप्रैल
महाशिवरात्रि के दिन, आप भगवान शिव के मन्दिर जाएं और उन्हें दूध से स्नान कराएं। उसके बाद बेलपत्र और शमी के फूल चढ़ाएं। पूरी भक्ति के साथ उनसे प्रार्थना करें। उनका आशीर्वाद पाने के लिए 'ह्रीं ॐ नमः शिवाय ह्रीं' मंत्र का जाप करें।

वृषभ राशि: 20 अप्रैल - 20 मई
इस दिन आपको गंगा जल से शिवलिंग की पूजा करनी चाहिए। साथ ही बेलपत्र और फूल चढ़ाएं। एक बार जब आप ये कर लें, तो भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए 'ॐ नमः शिवाय' मंत्र का जाप करें।

मिथुन राशि: 21 मई - 20 जून
इस दिन आप स्वयं को शुद्ध करने के लिए शहद और दूध मिलकर स्नान कर सकते हैं। फिर भगवान शिव को शमी के पत्ते और शिवपाल के पत्ते चढ़ाएं। इस शुभ दिन पर महादेव की कृपा पाने के लिए 'ॐ नमो भगवते रुद्राय' मंत्र का जाप करें।

कर्क राशि: 21 जून - 22 जुलाई
इस दिन पंचामृत से शिवलिंग को पवित्र स्नान कराएं। भगवान शिव को बेलपत्र चढ़ाएं और उनका आशीर्वाद पाने के लिए 'ॐ हौं जूं सः' मंत्र का जाप करें।

सिंह राशि: 23 जुलाई - 22 अगस्त
आप शिवरात्रि के दिन गंगा जल से शिवलिंग की पूजा कर सकते हैं और उन्हें सफेद कनेर के फूल चढ़ा सकते हैं। इसके बाद आपको 'ॐ त्र्यंबकं यजामहे सुगंधि पुष्टिवर्धनम। उर्वारूकमिव बन्ध्नान्मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्' मंत्र का जाप करें।

कन्या राशि: 23 अगस्त - 22 सितंबर
महाशिवरात्रि के दिन आपको दूध में घी मिलाकर शिवलिंग को स्नान कराना चाहिए। इसके बाद पीले कनेर और शमी के पत्ते भगवान को अर्पित करें। इतना करने के बाद इस मंत्र 'ॐ भगवते रुद्राय' का जाप करें। आप इसका जाप जितना अधिक बार करेंगे आपके लिए उतना ही अच्छा होगा।

तुला राशि: 23 सितंबर - 22 अक्टूबर
इस दिन दूध और बताशा मिलाकर शिवलिंग को स्नान कराकर उसपर मदार का फूल चढ़ाएं। इसके बाद आपको 'ॐ नमः शिवाय' मंत्र का 108 बार जाप करना है।

वृश्चिक राशि: 23 अक्टूबर - 21 नवंबर
इस दिन आपको धान के लावा और दूध से भगवान शिव की पूजा करनी चाहिए। साथ ही गेंदे का फूल, शमी और बेलपत्र शिवजी को अर्पित करें। उसके बाद 'ॐ नमः शिवाय' मंत्र का जाप करके उनका आशीर्वाद प्राप्त करें।

धनु राशि: 22 नवंबर - 21 दिसंबर
महाशिवरात्रि के पावन दिन पर गंगाजल में केसर मिलाकर भगवान शिव को अर्पित करें। शिवलिंग पर बेलपत्र और पीला या लाल कनेर चढ़ाएं और फिर 'ॐ तत्पुरूषाय विद्महे महादेवाय धीमहि। तन्नो रूद्रः प्रचोदयात' मंत्र का जाप करें।

मकर राशि: 22 दिसंबर - 19 जनवरी
आपको पवित्र गंगा जल में गुड़ मिलाकर भगवान शिव का जलाभिषेक करना चाहिए। इसके पश्चात् भगवान शिव को नीले रंग के फूल चढ़ाएं। साथ ही आप 'ॐ नमः शिवाय' मंत्र की 5 माला का जाप करें।

कुंभ राशि: 20 जनवरी - 18 फरवरी
आपको महाशिवरात्रि के शुभ दिन पर पंचामृत से शिवलिंग को स्नान कराना चाहिए। फिर आप उन्हें कमल का फूल और धतूरा चढ़ाएं। इसके बाद 'ॐ नमः शिवाय' मंत्र का जाप करें।

मीन राशि: 19 फरवरी - 20 मार्च
इस राशि के लोगों को महाशिवरात्रि के दिन केसर को दूध में मिलाकर शिवलिंग पर चढ़ाना चाहिए। उन्हें गाय का घी और शहद भी अर्पित करें। कनेर का पीला फूल और विल्वपत्र शिव को अर्पित करें। भोलेबाबा का आशीर्वाद पाने के लिए 'ॐ तत्पुरूषाय विद्महे महादेवाय धीमहि। तन्नो रूद्र प्रचोदयात' मंत्र का जाप करें।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



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