Latest Updates
-
Pitru Paksha 2026: पितृपक्ष में खीर बनाते समय न करें ये गलती, नहीं तो नाराज हो सकते हैं पितर, जानें सही विधि -
Koffee With Karan 9: करण जौहर का ‘कॉफी विद करण’ 22 साल बाद होगा खत्म, जानें कब और कहां स्ट्रीम होगा आखिरी सीजन -
Jitiya Vrat 2026: कब है जितिया (जीवित्पुत्रिका) व्रत? जानें सही तारीख, और नहाय-खाय से लेकर पारण तक का समय -
लाखों में बिकती है दुनिया की सबसे महंगी कॉफी, लेकिन बनाने का प्रोसेस जानकर फ्री में भी पीने से करेंगे तौबा! -
पाम ऑयल क्या होता है और इसे खाने से क्या नुकसान होते हैं? जानिए इससे शरीर पर क्या असर होता है -
October 2026 Vrat Tyohar List: नवरात्रि, दशहरा से करवा चौथ तक, यहां देखें व्रत-त्योहारों की पूरी लिस्ट -
जुबिन नौटियाल बने पापा, पत्नी ने दिया बेटे को जन्म, गणेश चतुर्थी पर घर आया नन्हा मेहमान -
'मन की बात' में PM मोदी ने बताया क्यों इतना खास है आंवला, जानिए इसके 5 जबरदस्त फायदे और सेवन का सही तरीका -
World Heart Day 2026: क्रॉनिक स्ट्रेस बन सकता है हार्ट अटैक और स्ट्रोक की वजह, डॉक्टर से जानें बचाव के तरीके -
Pitru Paksha 2026: गया जी के इस मंदिर में जिंदा लोग खुद करते हैं अपना पिंडदान, बेहद अनोखी है मान्यता
#World Health Day: जानें टाइप 2 डायबिटीज में किन-किन अंगों पर पड़ता है प्रभाव
टाइप 2 डायबिटीज से प्रभावित लोगों का ब्लड शुगर लेवल बहुत ज्यादा बढ़ जाता है जिसको नियंत्रण करना बहुत मुश्किल होता है।
अगर आपको इन डायबिटीज के लक्षण खुद में दिखाई दें, तो इन्हें बिल्कुल भी अनदेखा ना करें क्योंकि इससे आपकी जान को काफी खतरा हो सकता है।
टाइप 2 डायबिटीज का जोखिम जिन्हें भी है, उनको हर तीन महीने में खुद का चेकअप करवाना चाहिये। नियमित चेकअप करवाने से आपको अपने मन की शांति प्राप्त होगी और इस बात का भी भरोसा होगा कि आपको अभी कोई खतरा नहीं है।
आज इस आर्टिकल में हम आपको यह बताने जा रहे हैं टाइप 2 डायबिटीज़ होने पर किन-किन अंगों पर सबसे ज्यादा प्रभाव पड़ता है। हम आशा करते हैं कि इसे पढने के बाद आप अपने शरीर को ले कर थोडे़ चौकन्ने हो जाएंगे।

हृदय पर पड़ता है प्रभाव
सबसे पहले आपके हृदय और खून की धमनियों पर प्रभाव पड़ता है। अगर आप अपनी मधुमेह की बीमारी का इलाज नहीं करवाएंगे तो 70 प्रतिशत तक चांस है कि अपको भविष्य में स्ट्रोक या हार्ट अटैक हो सकता है।

आंखें हो सकती हैं खराब
इसमें आंखें तो खराब होती ही हैं और साथ में जो एक और आंखों से संबन्धित बीमारी होती है वह है diabetic retinopathy. इस बीमारी के दौरान आंखों में रैटीना तक पहुंचने वाली खून की धमनियां खराब हो जाती हैं। अगर केस काफी सीरियस हुआ तो आपको मोतियाबिंद या कैटरैक्ट भी हो सकता है।

किडनियां हो जाती हैं फेल
किडनियों में अरबों खून की धमनियां होती हैं जो कि खून से गंदगी छानने का काम करती हैं। जब मधुमेह की बीमारी ठीक नहीं होती तो किडनी अपना काम करना बंद कर देती है और पेशेंट को या तो किडनी ट्रांसप्लांट करवाना पड़ता है या फिर डायलिसिस पर जाना पड़ता है।

तंत्रिकाएं हो जाती हैं खराब
शरीर में अत्यधिक शुगर होने की वजह से छोटी-छोटी कोशिकाओं की दीवारें खराब हो जाती हैं, जो कि खासतौर पर पैरों में होती हैं। ये कोशिकाएं तंत्रिकाओं तक पोषण पहुंचाने का काम करती हैं। अगर मधुमेह ठीक ना किया गया तो पैर सुन्न हो जाएंगे तथा वे महसूस करने की क्षमता खो बैठेंगे।

पैरों का रखें खास ख्याल
इस बीमारी के दौरान पैरों में अगर चोट या कोई संक्रमण हो गया हो तो उसका तुरंत ही इलाज करवाना चाहिये नहीं तो पैरों को अलग भी करना पड़ सकता है।



Click it and Unblock the Notifications
