Latest Updates
-
टीम इंडिया की जर्सी पाकर इमोशनल हुए 15 साल के वैभव सूर्यवंशी, कही ये बड़ी बात, देखें Video -
क्यों मनाते हैं International Olympic Day? जानें इसका इतिहास, महत्व और इस साल की खास थीम -
कौन हैं WhatsApp के नए CEO कुणाल शाह? न इंजीनियरिंग, न MBA डिग्री, फिर भी करोड़ों में है नेट वर्थ -
Mahesh Navami 2026: महेश नवमी आज, जानें शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
Bada Mangal 2026: ज्येष्ठ माह का आखिरी बड़ा मंगल आज, इन उपायों को करने से मिलेगी हनुमान जी की विशेष कृपा -
Happy Mahesh Navami 2026 Wishes: महेश जिनका नाम है...महेश नवमी पर प्रियजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
Aaj Ka Rashifal 23 June 2026: मंगलवार को इन 4 राशियों पर बरसेगी बजरंगबली की कृपा, जानें अपना भाग्य -
शाम 7 बजे के बाद गलती से भी मत करना ये 5 काम, बढ़ता है हार्ट अटैक का रिस्क -
बिना मारे चूहों को घर से भगाने का देसी तरीका! आटे में मिलाकर रख दें ये एक चीज, फिर कभी नहीं आएंगे नजर -
Pahadi Crispy Snack Singal Recipe: घर पर बनाएं उत्तराखंड का पारंपरिक और कुरकुरा स्वाद
दिल के लिए हेल्दी है फाइबर
एक नए अध्ययन में खुलासा हुआ है कि 20 से 59 आयु वर्ग के जिन लोगों ने रेशे की उच्च मात्रा युक्त भोजन लिया उनमें ऐसा भोजन न लेने वालों की तुलना में दिल की बीमारियों का खतरा कम था। यह ऐसा पहला ज्ञात अध्ययन है जिसमें रेशायुक्त भोजन लेने का दिल की बीमारियों से जीवन को होने वाले खतरे पर प्रभाव देखा गया है।
अमेरिका के नॉर्थवेस्टर्न विश्वविद्यालय के 'फेनबर्ग स्कूल ऑफ मेडीसिन' के अध्ययनकर्ता डोनाल्ड एम. लॉयड-जोन्स कहते हैं, "यह लम्बे समय से कहा जाता रहा है कि रेशायुक्त भोजन वजन कम करने, कोलेस्ट्रॉल कम करने और उच्च रक्तचाप में सुधार लाने में मददगार होता है।" उनका कहना है कि यह अध्ययन बहुत महत्वपूर्ण हो सकता है क्योंकि वजन, कोलेस्ट्रॉल और उच्च रक्तचाप दिल से सम्बंधित रोगों से सीधे तौर पर जुड़े हुए हैं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
