Latest Updates
-
Yoga For Arthritis: गठिया के दर्द से हैं परेशान तो रोज करें ये 5 योगासान, जल्द ही मिलेगी राहत -
फैटी लिवर होने पर भूलकर भी ना खाएं ये 5 चीजें, वरना झेलने पड़ेंगे गंभीर नुकसान -
March Pradosh Vrat 2026: मार्च महीने का अंतिम प्रदोष व्रत कब है? जानें तारीख, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि -
हाथ से इन 5 चीजों का गिरना है बड़े संकट का संकेत, कहीं आप तो नहीं कर रहे नजरअंदाज? -
School Holiday April 2026: छुट्टियों की भरमार! गुड फ्राइडे से आंबेडकर जयंती तक, देखें अवकाश लिस्ट -
इन 5 तरीकों से मिनटों में पहचानें असली और नकली सरसों का तेल, सेहत से न करें समझौता -
इन 5 लोगों को भूलकर भी नहीं खानी चाहिए अरबी की सब्जी, सेहत को हो सकता है गंभीर नुकसान -
महिलाओं की कौन सी आंख फड़कने का क्या है मतलब? जानें बाईं और दाईं आंख के शुभ-अशुभ संकेत -
New Rules From 1 April 2026: दवाइयों से मोबाइल तक, जानें 1 अप्रैल से क्या होगा सस्ता, क्या महंगा? -
Kamada Ekadashi Upay: वैवाहिक कलह और कर्ज के बोझ से हैं परेशान? कामदा एकादशी पर करें ये 3 अचूक उपाय
Hyperuricemia: पेशाब से आती है सड़ी हुई बदबू, फिर हो सकती हैं आपको ये घातक बीमारी
आमतौर पर जब आपका शरीर अच्छी तरह से हाइड्रेटेड रहता है तो यूरिन में से किसी भी तरह की गंध नहीं आती है। मेयो क्लिनिक के मुताबिक, जब आपके यूरिन में पानी की मात्रा कम होने के साथ ही अपशिष्ट पदार्थों की मात्रा काफी ज्यादा होती है तो यूरिन में से बदबू आने जैसी समस्या होने लगती हैं। एक्सपर्ट की मानें तो पेशाब से बदबू आने की पीछे हाइपरयूरिसीमिया की समस्या भी हो सकती है।
हाइपरयूरिसीमिया की स्थिति में शरीर में यूरिक एसिड की मात्रा अधिक बढ़ जाती है। आइए अच्छे से समझते हैं कि क्या होता है हाइपरयूरिसीमिया, जानें इसके लक्षण और बचाव।

हाइपरयूरिसीमिया
हाइपरयूरिसीमिया यानी शरीर में यूरिक एसिड की मात्रा का अधिक बढ़ जाना। यूरिक एसिड एक केमिकल को कहा जाता है, जो तब बनता है जब हमारा शरीर प्यूरीन्स नाम के सब्सटांस को ब्रेक डाउन करता है। प्यूरीन्स समान्यतया हमारे शरीर द्वारा बनाया जाता है और कुछ खाद्य पदार्थों में भी पाया जाता है। यूरिक एसिड एक वेस्ट प्रोडक्ट है जिसे हमारी किडनी फिल्टर करके पेशाब मार्ग से बाहर निकाल देती है, लेकिन जब किडनी अपना काम ठीक से नहीं कर पाती तो शरीर में यूरिक एसिड की मात्रा तेजी से बढ़ने लगती है।
- इन लोगों को होता है ज्यादा हाइपरयूरिसीमिया खतरा
- अधिक शराब पीने वाले लोग
- खराब फंक्शन
- हाई ब्लड प्रेशर और ब्लड शुगर
- थायराइड
- कुछ दवाओं का अधिक सेवन, खासकर हृदय रोगियों को दी जाने वाली दवाएं
- कीटनाशक के साथ संपर्क
- शरीर का अधिक वजन या मोटापा
- शारीरिक रूप अधिक एक्टिव लोग
हाइपरयुरिसीमिया के लक्षण क्या हैं?
यूरिक एसिड का स्तर गाउट या किडनी में पथरी का कारण बनने के लिए पर्याप्त नहीं हो जाता। आपके जोड़ो में गाउट के लक्षणों में किसी जोड़े में तेज़ दर्द,सूजन,स्टिफ्फ्नेस आदि शामिल है। इसके अलावा पथरी के लक्षणों में आपकी पीठ के निचले हिस्से या बाजू में दर्द, दर्द के कारण उल्टी होना, बुखार या ठंड लगना, पेशाब में खून आना आदि शामिल है।
बचाव
यूरिक एसिड की मात्रा को कंट्रोल करने के लिए आपको कुछ दवाएं, जीवनशैली बदलाव और कुछ फूड्स का सेवन सीमित करने की सलाह देते हैं। रेड मीट, मीठे फूड्स और ड्रिंक्स, चिकन, मछली, पालक, मटर, और मशरूम, सेम और दाल, जई का दलिया, गेहूं के बीज और चोकर आदि में प्यूरीन की अधिक मात्रा अधिक होती है। इसके अलावा, कुछ हाई प्रोटीन फूड्स में भी यह मौजूद होता है। इसलिए आपको इनके सेवन से परहेज करना चाहिए। इसके अलावा, बीयर, शराब और खमीरी फूड्स के सेवन से भी सख्त परहेज किया जाना चाहिए।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications











