Latest Updates
-
Ganesh Chaturthi Decoration Ideas: गणेश चतुर्थी पर ऐसे सजाएं बप्पा का दरबार, कम खर्च में ये आइडियाज आएंगे काम -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज पर हाथों में लगी मेहंदी का चाहती हैं डार्क कलर, तो आजमाएं ये 4 आसान टिप्स -
Modak Recipe: गणेश चतुर्थी पर बप्पा के लिए घर पर बनाएं उनके प्रिय उकडिचे मोदक, जानें इसकी आसान रेसिपी -
Hartalika Teej 2026: हरतालिका तीज का व्रत कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व -
ना मूर्ति, ना पुजारी, सूर्यास्त के बाद एंट्री भी मना, जानिए फिल्म 'The Vvaan' वाले वन देवी मंदिर का रहस्य -
नेपाल में बाढ़ के बाद भूकंप, इंडोनेशिया में फटा ज्वालामुखी, क्या बाबा वेंगा की भविष्यवाणी हुई सच? -
Pithori Amavasya 2026: आज या कल, पिठोरी अमावस्या कब है? जानें सही तारीख, स्नान-दान का शुभ मुहूर्त और महत्व -
World Suicide Prevention Day 2026: क्यों मनाया जाता है विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस? जानें इसका इतिहास और महत्व -
तांबे के बर्तन में पानी पीने से मिलेंगे ये 5 फायदे, डायजेशन के साथ इम्यूनिटी भी होगी मजबूत -
Ganesh Chaturthi 2026: कब है गणेश चतुर्थी? जानें तिथि, गणपति स्थापना का शुभ मुहूर्त और विसर्जन की तारीख
मलाइका अरोड़ा की फिटनेस का खुल गया राज, 52 की उम्र में यंग दिखने के लिए करती हैं ये 5 योगासन
Malaika Arora Yoga Poses: बॉलीवुड एक्ट्रेस मलाइका अरोड़ा न केवल अपनी खूबसूरती, बल्कि अपनी फिटनेस और हेल्दी लाइफस्टाइल के लिए भी जानी जाती हैं। 52 साल की उम्र में भी मलाइका इतनी फिट और यंग दिखाई देती हैं कि कोई भी उनकी उम्र का अंदाजा नहीं लगा सकता है। हर महिला उनके जैसा परफेक्ट फिगर पाना चाहती है। मलाइका अक्सर अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर अपने वर्कआउट फोटोज और वीडियो शेयर करती रहती हैं। वे खुद को फिट रखने के लिए नियमित रूप से योग करती हैं। उनके फिटनेस रूटीन में ऐसे योगासन शामिल हैं जो शरीर को मजबूत बनाने, टोन रखने और मानसिक शांति पाने में मदद करते हैं। अगर आप भी मलाइका की तरह फिट और टोंड बॉडी पाना चाहती हैं, तो उनके कुछ पसंदीदा योगासनों को अपने फिटनेस रूटीन में शामिल कर सकते हैं -

वृक्षासन
वृक्षासन शारीरिक संतुलन और मानसिक स्थिरता को बेहतर करता है। इसके नियमित अभ्यास से पैरों की मांसपेशियां मजबूत होती हैं और एकाग्रता बढ़ती है। बढ़ती उम्र में ये वाला आसन बहुत असरदार हो सकता है।
सबसे पहले योगा मैट पर सीधे खड़े हो जाएं।
अब अपने दाहिने पैर को घुटने को मोड़ें और दाहिने पैर के तलवे को बाएं पैर की जांघ पर सटाने का प्रयास करें।
इस दौरान अपनी एड़ी को ऊपर की तरफ और पंजे को जमीन की तरफ रखें।
अपने बाएं पैर पर शरीर का वजन संतुलित करें और सीधे खड़े रहने की कोशिश करें।
इसके बाद लंबी और गहरी सांस लेते हुए अपने दोनों हाथों को सिर के ऊपर ले जाकर नमस्कार की मुद्रा बनाएं।
इस दौरान अपनी रीढ़, कमर और सिर को एक सीध में रखें।
कुछ समय तक इस मुद्रा में बने रहें।
इसके बाद आप सांस छोड़ते हुए प्रांभिक मुद्रा में आ जाएं।
इस प्रक्रिया को 4-5 बार दोहराएं।
अधोमुख श्वानासन
अधोमुख श्वानासन शरीर को ताकत और लचीलापन प्रदान करता है। यह रीढ़ की हड्डी को मजबूत और लचीला बनाने, थकान मिटाने, और मानसिक शांति प्रदान करने में मदद करता है।
इस आसन को करने के लिए सबसे पहले योगा मैट पर पेट के बल लेट जाएं।
अब अपने हाथ और पैरों को जमीन पर रखते हुए, अपनी पीठ और कूल्हों को ऊपर की ओर उठाएं।
इस मुद्रा में 1-2 मिनट तक रहें।
इसके बाद सांस छोड़ते हुए प्रारंभिक मुद्रा में आ जाएं।
इस प्रक्रिया को 3-5 बार दोहराएं।
भुजंगासन
भुजंगासन रीढ़ की हड्डी और पीठ को मजबूत बनाने में और लचीलापन बढ़ाने में मदद करता है। यह शरीर को अधिक ऊर्जावान महसूस करा सकता है। इस आसन से पेट के अंगों पर दबाव पड़ता है, जिससे पाचन क्रिया सुधरती है और अतिरिक्त चर्बी कम करने में मदद मिलती है।
इस आसन को करने के लिए योगा मैट पर पेट के बल लेट जाएं।
अपनी कोहनियों को कमर से सटा के रखें और हथेलियां ऊपर की ओर रखें।
अब धीरे-धीरे सांस भरते हुए, अपनी छाती को ऊपर की ओर उठाएं।
उसके बाद अपने पेट को धीरे-धीरे ऊपर उठा लें। इस स्थिति में 30 सेकंड तक रहें।
अब सांस छोड़ते हुए, सिर को धीरे-धीरे जमीन की ओर नीचे लाएं।
इस प्रक्रिया को आप 3 से 5 बार दोहराएं।
उत्कटासन
उत्कटासन पेट के अंगों को उत्तेजित करता है और पाचन में सुधार करता है। यह शरीर का संतुलन और सहनशक्ति बढ़ाता है। साथ ही, जांघों, पिंडलियों और टखनों को मजबूत करता है।
इस आसन को करने से लिए सबसे पहले योगा मैट पर सीधा खड़े हो जाएं।
अपने पैरों की बीच दूरी बनाकर रखें।
अब सांस लेते हुए दोनों हाथों को सिर के ऊपर उठाएं।
पैरों को घुटनों से मोड़ें और कूल्हों को नीचे की तरफ लाएं।
इस अवस्था में आपका आकार कुर्सी जैसा बनेगा।
इस मुद्रा में कुछ देर बने रहें।
इसके बाद प्रारंभिक अवस्था में आ जाएं।
इस आसन को आप 3-5 मिनट तक कर सकते हैं।
नौकासन
नौकासन के नियमित अभ्यास से पेट और कमर के आसपास की मांसपेशियों को मजबूत बनती हैं। साथ ही, पेट की चर्बी कम होती है, पाचन तंत्र में सुधार होता है और रीढ़ की हड्डी में लचीलापन बढ़ता है। साथ ही, यह शरीर की बैलेंस क्षमता को बेहतर बनाने में मदद करता है।
इस आसन को करने के लिए योगा मैट पर बैठ जाएं।
अब अपनी टांगो को सामने की तरफ फैलाएं।
अपने दोनों हाथों को हिप्स से थोड़ा पीछे जमीन पर रखें।
अब दोनों पैरों को सीधा रखते हुए ऊपर की तरफ उठाएं।
अब धीरे-धीरे सांस को बाहर की तरफ छोड़ते हुए पैरों को जमीन से 45 डिग्री तक उठाएं।
सांस लेते हुए नाव के आकार में लगभग 10 से 20 सेकंड तक रहें।
इसके बाद धीरे-धीरे सांस छोड़ते हुए सामान्य मुद्रा में आएं।
इस आसन को आप 3-5 मिनट तक कर सकते हैं।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
