Latest Updates
-
Lal Bahadur Shastri Jayanti 2026: क्या आप जानते हैं लाल बहादुर शास्त्री का असली नाम? जानें 10 रोचक तथ्य -
Gandhi Jayanti 2026: गांधी जी को 'बापू' क्यों कहा जाता है? जानें किसने दी थी 'महात्मा' की उपाधि -
Gandhi Jayanti Wishes 2026: हाथ में लाठी थी...गांधी जयंती पर अपनों को ये खास मैसेज भेजकर दें शुभकामनाएं -
Gandhi Jayanti 2026 Essay, Speech: गांधी जयंती पर ऐसे करें भाषण और निबंध की तैयारी, मिलेगा इनाम -
Pitru Paksha 2026: पितृपक्ष में खीर बनाते समय न करें ये गलती, नहीं तो नाराज हो सकते हैं पितर, जानें सही विधि -
Koffee With Karan 9: करण जौहर का ‘कॉफी विद करण’ 22 साल बाद होगा खत्म, जानें कब और कहां स्ट्रीम होगा आखिरी सीजन -
Jitiya Vrat 2026: कब है जितिया (जीवित्पुत्रिका) व्रत? जानें सही तारीख, और नहाय-खाय से लेकर पारण तक का समय -
लाखों में बिकती है दुनिया की सबसे महंगी कॉफी, लेकिन बनाने का प्रोसेस जानकर फ्री में भी पीने से करेंगे तौबा! -
पाम ऑयल क्या होता है और इसे खाने से क्या नुकसान होते हैं? जानिए इससे शरीर पर क्या असर होता है -
October 2026 Vrat Tyohar List: नवरात्रि, दशहरा से करवा चौथ तक, यहां देखें व्रत-त्योहारों की पूरी लिस्ट
मोटापा, शुगर और हार्ट डिजीज वालों को वीजा नहीं देगा अमेरिका, ये बीमारियां भी लिस्ट में शामिल
New US Visa Rule: अमेरिका ने हाल ही में अपनी वीजा नीति में बड़ा बदलाव किया है, जिसके तहत डायबिटीज, दिल की बीमारी, कैंसर या अन्य गंभीर और लंबे समय तक चलने वाली स्वास्थ्य समस्याओं से ग्रस्त लोगों को वीजा या ग्रीन कार्ड पाने में मुश्किल हो सकती है। यह नया नियम भारतीयों समेत दुनिया के कई देशों के नागरिकों के लिए चिंता का कारण बना हुआ है, क्योंकि इससे कई आवेदकों के वीजा अस्वीकार होने की संभावना बढ़ गई है। अमेरिकी विदेश विभाग ने दुनियाभर के अपने एम्बेसी और कॉन्सुलेट्स को ये नया सर्कुलर भेजा है, जिसमे कहा गया है कि वीजा अधिकारी अब सिर्फ संक्रमण फैलाने वाली बीमारियों और वैक्सीन रिकॉर्ड ही नहीं, बल्कि गैर-संक्रामक बीमारियों को भी वीजा मूल्यांकन में शामिल करेंगे। अगर उन्हें लगता है कि वह व्यक्ति "पब्लिक चार्ज" बन सकता है, यानी सरकारी संसाधनों पर बोझ डाल सकते हैं, तो उसका विदेशी नागरिक के आवेदन को रिजेक्ट किया जा सकता हैं।

नई गाइडलाइन में इन बीमारियों को किया गया शामिल
अगर वीजा पाने का इच्छुक व्यक्ति किसी ऐसी बीमारी से जूझ रहा है, जिसमें लंबे समय तक और महंगे इलाज की आवश्यकता है और वह इस बात का भरोसा नहीं दे सकता कि वह अमेरिका में सार्वजनिक स्वास्थ्य या सामाजिक सहायता पर निर्भर नहीं बनेगा, तो वीजा अस्वीकृत हो जाएगा। विशेष रूप से जिन बीमारियों को अमेरिका ने सावधानी की सूची में रखा गया है, इसमें शामिल हैं-
हृदय संबंधी रोग (कार्डियोवस्कुलर डिजीज)
डायबिटीज
कैंसर
श्वसन संबंधी रोग
मेटाबॉलिक बीमारियां
न्यूरोलॉजिकल या मानसिक समस्याएं
वीजा पाने के लिए क्या करना होगा?
निर्देश के अनुसार, अब वीजा अधिकारी इस बात का ध्यान देंगे कि आवेदनकर्ता अपनी उम्र, स्वास्थ्य, पारिवारिक स्थिति, संसाधनों/आर्थिक स्थिति, शिक्षा एवं कौशल आदि के आधार पर सब्सिडी या सरकारी सहायता पर निर्भर होंगे या नहीं। इसका मतलब है कि अब आपको दिखाना होगा कि उसके पास आर्थिक संसाधन या स्वास्थ्य बीमा आदि उपलब्ध हैं या नहीं, जिससे भविष्य में बहुत महंगे इलाज या लंबे समय तक देखभाल की आवश्यकता आने पर आप खुद अपना खर्च उठा पाएं। यदि कोई बीमारी है, तो यह बताना होगा कि वह किस स्थिति में है, किस तरह इलाज चल रहा है और आप सार्वजनिक सहायता पर निर्भर तो नहीं हैं। साथ ही यह बताना भी जरूरी है कि आप अचानक से कार्य-क्षमता खोने या आर्थिक बोझ बनने वाले तो नहीं हैं।
पब्लिक चार्ज नियम क्या है?
दरअसल, पब्लिक चार्ज एक पुराना अमेरिकन इमिग्रेशन सिद्धांत का नाम है, जिसमें कहा गया है कि ऐसा व्यक्ति अमेरिका में प्रवेश नहीं कर सकता, जो मुख्य रूप से सरकारी सहायता पर निर्भर बनने की संभावना लेकर आ रहा हो। इस नियम के तहत वीजा अधिकारी यह आकलन करते हैं कि क्या व्यक्ति भविष्य में सरकारी नकद सहायता, दीर्घकालीन सरकारी देखभाल या वृद्धाश्रम-भर्ती जैसी वितरण-सहायताओं का उपयोग तो नहीं करेगा।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
