Latest Updates
-
कर्नाटक में 18-25 साल के 7 हजार से ज्यादा छात्र HIV पॉजिटिव, अब सभी कॉलेजों में टेस्टिंग होगी अनिवार्य -
Sawan 2026: सावन में शिवलिंग की पूजा के दौरान भूलकर भी न करें ये 7 गलतियां, नाराज हो सकते हैं भगवान शिव -
गुरु पूर्णिमा के अवसर पर करिश्मा तन्ना के घर गूंजी किलकारी, इस शुभ दिन जन्मे बच्चों के लिए चुनें ये खास नाम -
30 जुलाई या 2 अगस्त, फ्रेंडशिप डे कब है? जानें International Friendship Day और Friendship Day में फर्क -
Happy Sawan 2026 Wishes: ...इन संदेशों के जरिए अपने प्रियजनों को दें सावन की शुभकामनाएं -
कांवड़ यात्रा की शुरुआत कैसे हुई? जानिए कौन था पहला कांवड़िया, जिसने सबसे पहले चढ़ाया था शिवलिंग पर जल -
कलौंजी के तेल से बनाएं बालों को लंबा और घना, जानें इसे घर पर बनाने का तरीका -
देव आनंद के बेटे सुनील आनंद का हार्ट अटैक से निधन, जिस अस्पताल में पिता ने ली थी अंतिम सांस वहीं तोड़ा दम -
Guru Purnima 2026 Speech: गुरु पूर्णिमा पर दें ये सरल और दमदार भाषण, तालियों से गूंज उठेगा पूरा हॉल -
Guru Purnima 2026 Wishes: गुरु से ही ज्ञान...गुरु पूर्णिमा पर अपने गुरुजनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश
ब्लैक डेथ के नाम से बदनाम Bubonic Plague का मिला पहला मामला, क्यों खौफनाक मानी जाती है ये बीमारी?
What Is Bubonic Plague : अमेरिका में अलास्कापॉक्स के बाद अब एक और बीमारी ने लोगों की नींद उड़ा दी है। अमेरिका में 'ब्यूबोनिक प्लेग' का एक दुर्लभ मामला सामने आया है, जोकि चिंता का विषय है।
मामले की जानकारी देते हुए अमेरिकी राज्य ओरेगॉन के अधिकारियों ने बताया कि वे 'बुबोनिक प्लेग' के एक दुर्लभ मानव मामले का इलाज किया जा रहा है। अधिकारियों का मानना है कि व्यक्ति संभवतः अपनी बिल्ली से संक्रमित हुआ था। आइए जानते हैं इस खतरनाक बीमारी के बारे में-

क्या होता है ब्यूबोनिक प्लेग?
ब्यूबोनिक प्लेग एक ऐसी बीमारी है जो बैक्टीरियल इंफेक्शन के कारण होती है। यह एक विशेष प्रकार के जीवाणु, येर्सिनिया पेस्टिस से संक्रमित होने कारण होता है। मानव शरीर में आमतौर पर यह कुतरने की प्रकृति रखने वाले जानवरों के कारण फैलती है। सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन के अनुसार, मैमल्स के शरीर में प्लेग मौजूद रहता है और जब यह जानवर मानव के संपर्क में आते हैं तो बड़ी आसानी से इनका संक्रमण उन तक भी पहुंच जाता है।
लक्षण
तेज बुखार
मतली आना
कमजोरी
सिर दर्द
ठंड लगना
मांसपेशियों में दर्द
क्लीवलैंड क्लिनिक के मुताबिक यह इंफेक्शन कमर और गर्दन में होने वाली गांठें हो सकती है। जिससे मवाद निकलता है।

कितने प्रकार का होता है प्लेग?
ब्यूबोनिक प्लेग: यह अक्सर किसी संक्रमित पिस्सू के काटने के कारण होता है और प्लेग की सबसे पहली स्थिति है।
सेप्टीसेमिक प्लेग: यह किसी संक्रमित पिस्सू के काटने या फिर किसी संक्रमित जानवर को टच करने के कारण भी होता है।
न्यूमोनिक प्लेग: ये आमतौर पर किसी संक्रमित व्यक्ति के द्वारा हवा में छोड़ी गई ड्रॉपलेट्स को इन्हेल करने से फैलता है।
ब्यूबोनिक प्लेग से बचाव के तरीके
- इस बीमारी से बचना है तो घर के पालतू जानवरों और उनके फर्रों के संपर्क आने से बचें।
- घर के आसपास चूहे या गिलहरियां हैं तो उन्हें खाना खाने के लिए बाहर न छोड़ें। पालतू जानवर को खांसी है तो उन्हें तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।
- बाहर घूमने वाले पालतू जानवरों को अपने बिस्तर पर सोने न दें।
14 वीं शताब्दी में 5 करोड़ गवां चुके हैं इस बीमारी से जान
बता दें, प्लेग एक बेहद गंभीर बीमारी है। 14वीं शताब्दी में इसने पूरे यूरोप में अपना कहर बरपाया था। इस बीमारी के कारण 50 मिलियन से अधिक लोग मारे गए थे। इतिहास के पन्नों में ये "ब्लैक डेथ" के नाम से दर्ज है। अब इसका इलाज संभव है। लेकिन इसके खतरे को हल्के में नहीं लिया जा सकता। लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टरों से मिलना चाहिए।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications