पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओ) से ग्रसित महिलाएं खाएं सोया

By Super Admin

अगर कोई महिला, पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओ) से पीडित है तो उसे सोया का सेवन करना चाहिए। यह महिला को पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओ) से ग्रसित होने पर उसके शरीर को ज्‍यादा मात्रा में प्रोटीन जैसे कई पोषक तत्‍व पहुँचाता है जिसके कारण उसके शरीर को पर्याप्‍त ऊर्जा और क्षमता मिलती है।

आपको ज्ञात हो कि पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओ), एक प्रकार की हारमोन सम्‍बंधित बीमारी है जिसमें महिला की ओवरी में छोटी सी गांठ बाहर की ओर पड़ जाती है और इसकी वजह से उसे मां बनने में समस्‍या होती है या वह बांझ बन जाती है।

 Eating Soy Helps To Prevent Other Health Risks In Women With PCOS

हाल ही में किए गए एक अध्‍ययन से स्‍पष्‍ट पता चला है कि पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओ) से पीडित महिलाओं को सोया का सेवन करने से काफी लाभ मिलता है। इससे उनका मेटाबोल्जिम दुरूस्‍त रहता है और कार्डियोवस्‍कुलर हेल्‍थ भी अच्‍छी रहती है। इस बारे में ईरान की कशान यूनिवर्सिटी के प्रमुख लेखक जाटोल्‍लह ने अध्‍ययन करके बताया है।

इस संदर्भ में किए गए अध्‍ययन से पता चले निष्‍कर्षों से साफ हुआ है कि पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओ) होने पर शरीर में कई तत्‍वों पर प्रभाव पड़ता है। सोया इन पर सकारात्‍मक असर डालता है और इंसुलिन आदि की मात्रा भी शरीर में संतुलित कर देता है जिसके कारण उस महिला को मधुमेह आदि का खतरा नहीं रह जाता है।

ultrasound

इसके अलावा, सोया से भरपूर खाद्य पदार्थों का सेवन करने से टेस्‍टोस्‍टेरॉन का स्‍तर कम हो जाता है और कई अन्‍य हानिकारक तत्‍व भी शरीर से कम हो जाते हैं। महिलाओं में इन दिनों पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओ) ज्‍यादा देखने को मिल रहा है, जिससे उनकी प्रजनन क्षमता पर नकारात्‍मक प्रभाव पड़ता है क्‍योंकि उनके शरीर में टेस्‍टस्‍टेरॉन नामक हारमोन की मात्रा कहीं ज्‍यादा हो जाती है और इस कारण उनके गर्भाशय में अंडे निषेचित नहीं हो पाते हैं।

पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओ) के प्रारम्भिक दौर में महिला को अनियमित मासिक धर्म होते हैं और उसका वजन बढ़ने लगता है। शरीर में बालों की ग्रोथ बढ़ने लगती है और कई अन्‍य अंदरूनी समस्‍याएं जन्‍म ले लेती हैं।

Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्‍वास्‍थ्‍य प्रदात्ता से सलाह लें।

Desktop Bottom Promotion