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Operation Sindoor: कौन हैं इंडियन आर्मी की शान कर्नल सोफिया कुरैशी, जानें उनके बहादुरी के किस्से
Who is Colonel Sophia Qureshi : भारतीय सेना की महिला अधिकारी कर्नल सोफिया कुरैशी ने 'ऑपरेशन सिंदूर' की कहानी दुनिया के सामने रखी है। पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में मौजूद नौ आतंकी ठिकानों पर भारत द्वारा की गई एयर स्ट्राइक की जानकारी उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में साझा की।
इस दौरान उनके साथ महिला अफसर व्योमिका और विदेश सचिव विक्रम मिसरी भी मौजूद थे। दो महिला अधिकारियों के जरिए प्रेस कॉन्फ्रेंस कर भारत ने वैश्विक मंच पर नारी शक्ति का संदेश देने के साथ ही हिंदू-मुस्लिम एकता का प्रतीकात्मक संदेश भी पहुंचाया। आइए जानते हैं कौन हैं कर्नल सोफिया कुरैशी और भारतीय सेना में उनका योगदान!

कर्नल सोफिया कुरैशी का बैकग्राउंड
गुजरात की रहने वाली लेफ्टिनेंट कर्नल सोफिया कुरैशी वर्तमान में सिग्नल कोर में तैनात हैं। बायोकेमिस्ट्री में पोस्ट ग्रेजुएट सोफिया ने 1999 में मात्र 17 वर्ष की उम्र में भारतीय सेना में शॉर्ट सर्विस कमीशन के तहत प्रवेश लिया था। सेना उनके परिवार की परंपरा रही है, उनके दादा भी सेना में थे, और उनके पति मेकेनाइज्ड इन्फेंट्री में ऑफिसर हैं।
कई ऑपरेशन का रह चुकी हिस्सा
मार्च 2016 में लेफ्टिनेंट कर्नल सोफिया ने इतिहास रचते हुए 'एक्सरसाइज फोर्स 18' के तहत भारतीय सेना की टुकड़ी का नेतृत्व किया, जो किसी मल्टी-नेशनल मिलिट्री एक्सरसाइज में किसी महिला अधिकारी द्वारा पहला नेतृत्व था। इस टुकड़ी में 40 सदस्य शामिल थे।
लेफ्टिनेंट कर्नल कुरैशी 2006 में कॉन्गो में पीसकीपिंग ऑपरेशन का हिस्सा रही हैं और 2010 से लगातार अंतरराष्ट्रीय पीसकीपिंग मिशन में सक्रिय हैं। उन्होंने पंजाब बॉर्डर पर 'ऑपरेशन पराक्रम' में भी भाग लिया। उत्तर-पूर्व भारत में बाढ़ राहत अभियान में उनकी बहादुरी को भी सराहा गया।
महिला सशक्तीकरण की पेश की मिसाल
एक इंटरव्यू में जब उनसे महिलाओं के लिए संदेश देने को कहा गया, तो उन्होंने दृढ़ता से कहा, "सेना में महिलाएं न सिर्फ समान रूप से सक्षम हैं, बल्कि देश के लिए हर मोर्चे पर तैयार भी हैं।" उन्होंने महिलाओं को आर्मी ज्वॉइन करने को कहा।



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