Latest Updates
-
Sarva Pitru Amavasya 2026: 9 या 10 अक्टूबर, सर्वपितृ अमावस्या कब है? जानें तिथि, कुतुप-रौहिण मुहूर्त और महत्व -
Indian Air Force Day 2026: दुनिया की सबसे ताकतवर एरयफोर्स में से एक है भारतीय वायुसेना, जानें 10 खास बातें -
35 साल की उम्र में दूसरी बार मां बनेंगी कियारा आडवाणी , जानिए इस उम्र में मां बनना कितना सेफ है? -
Nana Patekar Net Worth: 35 रुपये महीने से करोड़ों तक, जानें अपने पीछे कितनी संपत्ति छोड़ गए नाना पाटेकर? -
Nana Patekar Family: नाना पाटेकर के परिवार में कौन-कौन है? पत्नी से रहते थे अलग, कम उम्र में खो दिया था बेटा -
नाना पाटेकर का 75 की उम्र में Cardiac Arrest से निधन, समझिए हार्ट अटैक से कितने अलग होते है इसके लक्षण -
Shardiya Navratri 2026: नवरात्रि में किस दिन कौन से रंग के कपड़े पहनें? यहां देखें 11-19 अक्टूबर की पूरी लिस्ट -
Navratri Va Durga Puja: नवरात्रि और दुर्गा पूजा में क्या अंतर है? एक ही देवी, फिर क्यों अलग हैं दोनों पर्व -
Navratri Recipes 2026: डायबिटीज के मरीज नवरात्रि व्रत में खाएं ये 5 शुगर फ्री रेसिपी, नहीं बढ़ेगा ब्लड शुगर -
मानसून में डायबिटीज के मरीज पैरों का ख्याल कैसे रखें? डॉक्टर से जानें आसान फुट केयर टिप्स
प्रेग्नेंसी में थायराइड से बच्चे के मेंटल हेल्थ को रखना है सेफ, डाइट में शामिल करें ये सुपरफूड्स

थायराइड एक छोटी, तितली के आकार की ग्रंथि होती है जो थायराइड हार्मोन बनाती है, और यह आपकी गर्दन में पाई जाती है। थायराइड आपके शरीर के हर अंग को प्रभावित करता है, खासकर गर्भावस्था के दौरान बच्चे के मेंटल हेल्थ और नर्वस सिस्टम के विकास पर इसका असर पड़ता है। गर्भावस्था के शुरुआती 3 महीनों के दौरान, बच्चा नाल के माध्यम से आने वाले थायराइड हार्मोन की आपूर्ति पर निर्भर करता है। लेकिन गर्भावस्था के दौरान थायराइड की समस्या, खासकर हाइपोथायरायडिज्म आम हो जाती है।
गर्भावस्था के दौरान थायराइड डिसऑर्डर
थायराइड बीमारी थायरॉयड ग्रंथि को प्रभावित करने वाला एक डिसऑर्डर है और इसे मोटे तौर पर दो भागों में बांटा गया है-
1. हाइपरथायरायडिज्म :
यहां, थायराइड बहुत ज्यादा सक्रिय होता है जो अत्यधिक थायराइड हार्मोन के कारण होता है, जिसके परिणामस्वरूप शरीर की ग्रंथियां तेजी से काम करने लगती हैं।
2. हाइपोथायरायडिज्म :
यहां, थायरॉयड अंडरएक्टिव है जो थायराइड हार्मोन की कमी के कारण होता है, इसके परिणामस्वरूप शरीर की ग्रंथियां बहुत धीमी गति से काम करने लगता है।
गर्भावस्था और थायरॉइड डिसऑर्डर दोनों में होने वाले अन्य लक्षणों के साथ-साथ थायराइड हार्मोन के हाई लेवल के कारण थायराइड की समस्याओं का पता लगाना मुश्किल हो जाता है। अगर गर्भावस्था के दौरान थायराइड के किसी भी लक्षण या थायराइड के असंतुलन का अनुभव होता है, तो आपको अपनी डाइट में बदलाव करने की जरूरत होती है।
प्रेग्नेंसी में थायराइड कंट्रोल करने के लिए डाइट
थायराइड हार्मोन बनाने के लिए थायराइड बड़ी मात्रा में आयोडीन का उपयोग करता है। इसलिए आयोडीन मां के लिए एक जरूरी खनिज बन जाता है। गर्भावस्था के दौरान, बढ़ते हुए बच्चे को मां के आहार से आयोडीन मिलता है। इसलिए अगर मां को थायरॉइड की समस्या है तो आप उन्हें एक अच्छी डाइट देकर बच्चे की सुरक्षा कर सकते हैं।
1. प्रोटीन से भरपूर डाइट
हाइपोथायरायडिज्म में कई बार मांसपेशियां कमजोर हो जाती हैं। ऐसे में मछली, अंडे, मांस जैसे प्रोटीन युक्त डाइट आपकी हड्डियों को मजबूत करने में मदद करते हैं। इस तरह की डाइट आपके एनर्जी लेवल को बढ़ाने का भी काम करता है।
2. डेयरी उत्पाद
पनीर, नारियल का दूध, काजू का दूध, दही, जैसे डेयरी प्रोडक्ट्स आप अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं। यह डेयरी उत्पाद कैल्शियम से भरपूर होते हैं जो प्रेग्नेंसी में आपके हाइपोथायरायडिज्म को कंट्रोल करने में मदद करता है।
3. आयोडीन युक्त खाद्य पदार्थ
आयोडीन के अच्छे स्रोतों में डेयरी खाद्य पदार्थ, सी फूड्स, अंडे, मांस, आयोडीन युक्त नमक शामिल होता है। यह थायराइड हार्मोन बनाने के लिए जरूरी खनिज है। आयोडीन की कमी से प्रेग्नेंट महिलाओं को हाइपोथायरायडिज्म हो सकता है। प्रेग्नेंसी के बाद भी महिलाओं को स्तनपान के दौरान भी आयोडीन की जरूरत होती है क्योंकि बच्चे को दूध से आयोडीन मिलता है।
4. मैग्नीशियम युक्त खाद्य पदार्थ
प्रेग्नेंट महिलाओं को अपनी डाइट में साग, गाजर, मिर्च, पालक, मशरूम जैसी डाइट शामिल करना चाहिए। यह खाद्य पदार्थ मैग्नीशियम से भरपूर होते है जो थायराइड की समस्या से आपको सुरक्षित रखने में मदद करते हैं और आपके हार्मोन को कंट्रोल में रखते हैं।
5. फ्रूट्स
फलों में विटामिन और एंटीऑक्सीडेंट के गुण मौजूद होते हैं। इसलिए, प्रेग्नेंसी के दौरान प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करने के लिए सेब, केला, अंगूर, अनानास जैसे फलों को अपनी डाइट में शामिल करें।



Click it and Unblock the Notifications
