Latest Updates
-
इस Mother's Day मां को दें किचन से 'Off', बिना गैस जलाए 10 मिनट में बनाएं ये 3 लाजवाब डिशेज -
Mother's Day 2026: 50 की उम्र में चाहिए 30 जैसा ग्लो ! महंगे फेशियल नहीं आजमाएं ये 5 घरेलू नुस्खे -
Mother's Day Wishes for Chachi & Tai Ji: मां समान ताई और चाची के लिए मदर्स डे पर दिल छू लेने वाले संदेश -
क्या आपने कभी खाया है 'हरामजादा' और 'गधा' आम? मिलिए Mango की उन 14 किस्मों से जिनके नाम हैं सबसे अतरंगी -
Mother's Day 2026 Wishes for Bua & Mausi: मां जैसा प्यार देने वाली बुआ और मौसी को भेजें मदर्स डे पर ये संदेश -
Periods Delay Pills: पीरियड्स टालने वाली गोलियां बन सकती हैं जानलेवा, इस्तेमाल से पहले जान लें ये गंभीर खतरे -
वजन घटाने के लिए रोज 10K कदम चलना सबसे खतरनाक, एक्सपर्ट ने बताए चौंकाने वाले दुष्परिणाम -
Maharana Pratap Jayanti 2026 Quotes: महाराणा प्रताप की जयंती पर शेयर करें उनके अनमोल विचार, जगाएं जोश -
Shani Gochar 2026: रेवती नक्षत्र में शनि का महागोचर, मिथुन और सिंह सहित इन 5 राशियों की लगेगी लॉटरी -
Aaj Ka Rashifal 9 May 2026: शनिवार को इन 4 राशियों पर बरसेगी शनिदेव की कृपा, धन लाभ के साथ चमकेंगे सितारे
Daily Morning Mantra: रोजाना सुबह करें इन मंत्रों का जाप, दिनभर बनी मिलेगी सकारात्मक ऊर्जा
दिन का आगाज जैसा होता है, उसका असर पूरे दिन बना रहता है। अगर सुबह आप अच्छे मन से दिन की शुरुआत करते हैं तो सारा दिन अच्छा ही गुजरता है। हिंदू धर्म में यूं तो कई सारे मंत्र हैं लेकिन हर मंत्र का अपना विशेष महत्व और अर्थ है। सही मौकों को ध्यान में रखते हुए मंत्रों का जाप किया जाता है। प्रातः दिन की शुरुआत करने के लिए भी विशेष मंत्र हैं। इस लेख में हम सुबह के समय जाप किये जाने वाले मंत्रों के बारे में बता रहे हैं और साथ ही जानें उसका अर्थ भी।

कराग्रे वसते लक्ष्मी: करमध्ये सरस्वती।
करमूले स्थितो ब्रह्मा प्रभाते करदर्शनम्।।
सुबह उठकर अपनी हथेलियों को देखते हुए इस मंत्र का जाप करें। इस मंत्र का अर्थ है - हथेली के सबसे आगे के भाग में लक्ष्मीजी, बीच के भाग में सरस्वतीजी और मूल भाग में ब्रह्माजी निवास करते हैं इसलिए सुबह दोनों हथेलियों के दर्शन करना करना चाहिए।

समुद्रवसने देवि पर्वतस्तनमंडले।
विष्णुपत्नि नमस्तुभ्यं पादस्पर्श क्षमस्व मे।।
सुबह उठकर धरती पर अपने पैर रखने से पहले पृथ्वी माता के इस मंत्र का जाप करना चाहिए। इस मंत्र का अर्थ है - समुद्ररूपी वस्त्र धारण करनेवाली, पर्वतरूपी स्तनोंवाली एवं भगवान श्रीविष्णु की पत्नी हे भूमिदेवी, मैं आपको नमस्कार करता हूं। मैरे पैरों का आपको स्पर्श होगा । इसके लिए आप मुझे क्षमा करें।

गंगे च यमुने चैव गोदावरि सरस्वति।
नर्मदे सिन्धु कावेरि जल स्मिन्सन्निधिं कुरु।।
इस मंत्र का जाप सुबह स्नान के समय करना चाहिए। इस मंत्र का अर्थ है कि हे ! गंगा, यमुना,गोदावरी, सरस्वती, नर्मदा, सिंधु, कावेरी नदियों! मेरे स्नान करने के जल में पधारिये और मुझ पर कृपा करें।

सर्वमंगल मांगल्यै शिव सवार्थ साधिक।
शरण्ये त्रयम्बके गौरि नरायणि नमोस्तु ते।।
यह मां दुर्गा का प्रसिद्ध मंत्र है। यह मंत्र बहुत अच्छा और शुभ माना गया है इसलिए इसे किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले किया जाता है। इस मंत्र में कहा जा रहा है कि आप ही सब मंगल देने वाली हो। कल्याण दायिनी शिवा हो। आप ही सब पुरुषों को सिद्ध करने वाली, तीन नेत्रों वाली एंव गौरी हो। तुम्हे नमस्कार, तुम्हे नमस्कार, तुम्हे नमस्कार।

ओम गं ऋणहर्तायै नमः अथवा ओम छिन्दी छिन्दी वरैण्यम् स्वाहा।
ये कर्ज से मुक्ति पाने के लिए कारगर मंत्र है। इस मंत्र के जरिए भगवान गणेश का स्मरण किया जाता है। इस मंत्र के प्रतिदिन जाप से भगवान गणेश प्रसन्न होते हैं और व्यक्ति को कर्ज से धीरे-धीरे छुटकारा मिलता है।
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications