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हिमाचल में गुब्बारे ने ली बच्चे की जान, हवा भरते समय गले में अटका, पेरेंट्स रहे सर्तक!
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में एक 13 साल के बच्चे की गले में गुब्बारा फंसने से मौत हो गई। आनन फानन में परिवार वाले उसे अस्पताल ले गए। बच्चे की नाजुक हालत देखते हुए बच्चे की परिवार वाले उसे पठानकोट के एक निजी अस्पताल में ले गए। जहां डॉक्टरों ने बच्चे के गले में फंसा गुब्बारा तो निकाल दिया लेकिन उसकी हालत में सुधार नहीं हुआ और बच्चे ने दम तोड़ दिया।
जानकारी के मुताबिक ह 13 साल का विवेक स्कूल से छुट्टी होने के बादघर के लिए निकला था। इस दौरान रास्ते में वो गुब्बारा फुलाने लगा। गुब्बार फुलाते समय ही ये हादसा हुआ। अचानक गुब्बारे से हवा निकली और फोर्स से गुब्बारा उसके मुंह के अंदर चला गया। गुब्बार विवेक के गले में अटक गया और उसकी हालत बिगड़ गई। जिसके बाद बच्चे को निजी अस्पताल में ले गए।

वैसे यह मामला सिर्फ एक घटना ही नहीं बल्कि तमाम पेरेंट्स के लिए सबक है कि बच्चों को गुब्बारा देने से पहले ध्यार रखे वरना बच्चे ऐसे हादसों का शिकार हो जाते हैं। अक्सर पेरेंट्स बच्चों को बिना कोई नुकसान जाने गुब्बारे खेलने के लिए दे देते हैं, ऐसे में कुछ बातों का ध्यान रखना बेहद जरुरी है।
इस तरह बरतें सावधानी
- बर्थ डे पार्टी पर सजावट के लिए लगाए जाने वाले गुब्बारों में हीलियम या हाइड्रोजन गैस भरी होती है, जो कि नुकसानदायक होती है।
- गुब्बारे में कौन सी गैस भरी जा रही है, पैरेंट्स को मालूम होना चाहिए और
- गुब्बारे उड़ाए जाने वाले स्थान पर प्राथमिक उपचार की व्यवस्था हो।
- जमीन पर गिरे गुब्बारों को ऐसे ही खुला न छोडे, तुरंत उन्हें उठाकर डस्टबिन में फेंके, खुले गुब्बारे बच्चे उठाकर मुंह में डाल निगल सकते हैं।
- बच्चे जब भी गुब्बारे से खेलें तो आप भी उनके साथ ही रहें।
- बच्चो को गुब्बारा फुलाने के लिए न दें, इसे पंप से फुलाकर या कोई घर में बड़ा ही गुब्बारे को फुलाकर खेलने के लिए दें, मगर बच्चों पर निगरानी रखें।
- कई बार होता है कि गुब्बारा फूलाते हुए फटने से गले के अंदर सांस की नली पर चिपक जाता है, जिससे दम घुटने का खतरा रहता है। इसलिए बच्चे को गुब्बारा फुलाने के लिए न दें।
- बच्चों को गुब्बारा देते हुए उसमें एक 22 सेमी का धागा बांधकर दे ताकि गुब्बारा फूटने पर मुंह में डाले तो धागा बचाव में काम आ सकता है।
- मुंह से गुब्बारा फुलाने के कारण इंफेक्शन होने का भय बना रहता है। अगर बच्चों को गुब्बारा दिया जाता है तो उसे मशीन से फुलाएं तथा खेलने के दौरान उस पर विशेष ध्यान रखें।
- कभी भी रबर के गुब्बारे को पलंग, वॉकर जैसी चीजों के किनारे न बांधें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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