Latest Updates
-
Rang Panchami 2026 Wishes In Sanskrit: रंग पंचमी पर संस्कृत के इन पवित्र श्लोकों से दें देव होली की शुभकामनाएं -
Happy Women's Day 2026: नारी शक्ति को सलाम! मां, बहन, सास और ननद के लिए महिला दिवस पर प्रेरणादायक संदेश -
दांत दर्द ने मुश्किल कर दिया है खाना-पीना? आजमाएं दादी-नानी के ये 3 घरेलू नुस्खे, मिनटों में मिलेगा आराम -
युद्ध के बीच ईरान में आया भूकंप, क्या सच हो रही है बाबा वांगा की भविष्यवाणी? -
Women's Day Wishes for Wife: इन प्यार भरे संदेशों के साथ अपनी जीवनसंगिनी को दें महिला दिवस की मुबारकबाद -
Eid Kab Hai 2026: भारत में किस दिन दिखेगा ईद का चांद? नोट कर लें ईद-उल-फितर की तारीख -
T20 World Cup 2026: क्या टीम इंडिया फिर रचेगी इतिहास? जानें क्या कहती है डॉ. वाई राखी की भविष्यवाणी -
क्या आप भी हैं 'सुपरवुमन सिंड्रोम' की शिकार? जानें इसका सच और बचने के तरीके -
Women’s Day Wishes For Girlfriend: नारी है शक्ति...इन संदेशों से अपनी गर्लफ्रेंड को दें महिला दिवस की शुभकामना -
Women's Day Special: 30 की उम्र के बाद महिलाएं फॉलो करें ये हेल्थ टिप्स, कई बीमारियों से होगा बचाव
गठिया के दर्द से जल्दी आराम पाना चाहते हैं तो पीना शुरू कर दें ये ख़ास ड्रिंक
हमारा शरीर मांसपेशियों, हड्डियों और नर्व्स यानी तंत्रिकाओं से मिलकर बना है और ये सारे मिलकर काम करते हैं जिससे हमारी लाइफ अच्छे ढंग से चलती है।
मनुष्य का शरीर मुख्यतः प्रोटीन का बना होता है जो धीरे धीरे उम्र बढ़ने के साथ साथ ख़त्म होता जाता है। इसलिए बुजुर्गों में हेल्थ संबंधी दिक्कतें नवयुवकों की तुलना में ज्यादा होती हैं।
हमारे शरीर की हड्डियों में जो कैल्शियम होता है वो उम्र बढ़ने के साथ साथ नष्ट होता चला जाता है और हड्डियां धीरे धीरे घिसने या कमजोर होने लगती हैं।
इसी तरह हमारी मांसपेशियां भी एक उम्र के बाद खराब होने लगती हैं जिससे जोड़ों में दर्द महसूस होने लगता है। यह उम्रदराज लोगों में ज्यादा होती है और इसी को आर्थराइटिस कहते हैं।

आर्थराइटिस में चलने फिरने में बहुत ज्यादा दिक्कत होती है। इसमें जॉइंट्स यानी जोड़ों और मसल्स में अकडन आ जाती है और वहाँ सूजन हो जाती है जिससे वहाँ दर्द भी होने लगता है। इस अकडन की वजह से इन जोडों का हिलना डुलना कम हो जाता है।
आर्थराइटिस मुख्यतः ऊतकों और मांसपेशियों के धीरे धीरे खराब होने से होता है। यह जेनेटिक भी हो सकता है या फिर इसका कारण हमारी आजकल की लाइफस्टाइल है जिसमे हम अपने स्वास्थय की चिंता किये बिना दिन रात सिर्फ काम ही करते रहते हैं, अपने खाने पीने पर ध्यान नहीं देते हैं।

जिसकी वजह से हमारे शरीर में मिनरल्स की कमी हो जाती है खासतौर पर हमारी हड्डियों में कैल्शियम की मात्रा कम हो जाती है, या फिर इसका कारण हमारा ज्यादा खेलना कूदना भी हो सकता है।
आर्थराइटिस की समस्या बड़े लोगों में तो होती ही है लेकिन आजकल यह नवयुवकों में भी होने लगी है। वैसे तो आर्थराइटिस की ढेर सारी दवाइयां बाज़ार में उपलब्ध हैं लेकिन इसका घरेलू उपचार भी किया जा सकता है। जी हाँ आर्थराइटिस के दर्द से छुटकारा पाने के लिए खीरे और हल्दी का जूस बहुत ही कारगर माना गया है।

खीरा एक अच्छा एंटी-इन्फ्लामेट्री एजेंट होता है जो दर्द को कम करने के साथ साथ कार्टिलेज की मरम्मत भी करता है जिससे आर्थराइटिस की समस्या नहीं होती है। खीरे के एंटी-आक्सीडेंट गुण जोड़ों के फ्री रेडिकल्स को नष्ट होने से बचाते हैं। इसी तरह से हल्दी भी आर्थराइटिस से होने वाले दर्द में आराम देता है क्योंकि इसमें कुर्कमिन पाया जाता है जो जोड़ों की अकडन को ख़त्म करता है।
आइये हम आपको यह जूस बनने का तरीका बताते हैं:
इसके लिए सबसे पहले आप एक खीरा और एक इंच ताजा हल्दी का जड़ लें और इसे मिक्सर में पीस लें। इसके बाद इसमें थोडा सा पानी और वनीला मिलाकर उसे पियें। इसे आप दिन में कम से कम दो बार पियें आपको आर्थराइटिस से होने वाले दर्द में तुरंत आराम मिलेगा।
अगर आपकी आर्थराइटिस मोटापे की वजह से है तो आप वजन कम करने के साथ साथ इस जूस को भी पियें और रोजाना एक्सरसाइज करें जिससे आपकी मांसपेशियां और जॉइंट्स हेल्दी रहें। और अगर यह समस्या आपकी फैमिली में है तो आप एक हेल्दी डाइट को फॉलो करें और अपने खाने में एंटी-आक्सीडेंट या एंटी-इन्फ्लामेट्री फूड्स का इस्तेमाल करें।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications











