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Global Running Day: दौड़ना शुरू करने से पहले जान लें ये नियम, वरना फायदे की जगह होगा नुकसान
Global Running Day 2026: आजकल भागदौड़ भरी इस जिंदगी में खुद को फिट रखना किसी चुनौती से कम नहीं है, लेकिन इस चुनौती का सबसे आसान और मुफ्त समाधान हमारे अपने पैरों के पास है वह है दौड़ना (Running)। हर साल जून के पहले बुधवार को पूरी दुनिया में ग्लोबल रनिंग डे मनाया जाता है, जिसका मकसद लोगों को दौड़ने और एक एक्टिव लाइफस्टाइल अपनाने के लिए प्रेरित करना है। वैसे तो दौड़ना सेहत के लिए किसी वरदान से कम नहीं है, लेकिन अगर आप बिना तैयारी और नियमों को जाने बिना सीधे सड़क पर दौड़ना शुरू कर देते हैं, तो यह फायदे की जगह आपके शरीर को गंभीर नुकसान भी पहुंचा सकता है। आइए इस खास मौके पर जानते हैं रनिंग के कुछ ऐसे कड़े नियम और जरूरी बातें, जो आपकी फिटनेस जर्नी को सुरक्षित और असरदार बनाएंगी।

ग्लोबल रनिंग डे का इतिहास जानें कब हुई शुरुआत?
इस दिन की नींव साल 2009 में अमेरिका में पड़ी थी, तब इसे 'नेशनल रनिंग डे' (National Running Day) के रूप में मनाया जाता था। इसकी शुरुआत प्रमुख अमेरिकी रनिंग संगठनों ने मिलकर की थी। 1 जून 2016 को इस दिन का दायरा बढ़ाया गया और इसे आधिकारिक तौर पर 'ग्लोबल रनिंग डे' का नाम दिया गया। साल 2016 के पहले आधिकारिक आयोजन में ही दुनिया भर के 177 से अधिक देशों के ढाई लाख से ज्यादा लोगों ने हिस्सा लिया था और एक साथ दौड़ने का संकल्प लिया था। तब से हर साल जून के पहले बुधवार को यह दिन पूरी दुनिया में बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है।
रोज सुबह दौड़ने से आपके शरीर में क्या-क्या बेमिसाल और सकारात्मक बदलाव आते हैं?
1. दिल बनता है 'सुपर स्ट्रॉन्ग'
रनिंग को सबसे बेहतरीन कार्डियो एक्सरसाइज माना जाता है। जब आप दौड़ते हैं, तो दिल तेजी से पंप करता है, जिससे पूरे शरीर में ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है। यह धमनियों (Arteries) को साफ रखता है और शरीर में गुड कोलेस्ट्रॉल (HDL) को बढ़ाता है, जिससे हार्ट अटैक और स्ट्रोक का खतरा बेहद कम हो जाता है।

2. तेजी से घटता है वजन और जिद्दी फैट
अगर आप वजन घटाने के लिए जिम में घंटों पसीना बहाकर थक चुके हैं, तो सुबह की रनिंग आपके लिए सबसे कारगर साबित हो सकती है। दौड़ने से शरीर का मेटाबॉलिज्म रेट बहुत हाई हो जाता है। 1 घंटा दौड़ने से आप लगभग 500 से 700 कैलोरी तक बर्न कर सकते हैं। रनिंग की खास बात यह है कि दौड़ने के बाद जब आप आराम भी कर रहे होते हैं, तब भी आपका शरीर कैलोरी बर्न करता रहता है, जिससे पेट और जांघों की जिद्दी चर्बी तेजी से पिघलती है।
3. मानसिक तनाव और डिप्रेशन से मुक्ति
रनिंग का असर सिर्फ आपके शारीरिक स्वास्थ्य पर ही नहीं, बल्कि आपके मानसिक स्वास्थ्य पर भी जादू की तरह होता है। दौड़ते समय हमारे दिमाग में 'एंडोर्फिन' (Endorphins) और 'सेरोटोनिन' (Serotonin) नाम के न्यूरोकेमिकल्स रिलीज होते हैं, जिन्हें 'हैप्पी हार्मोन्स' भी कहा जाता है। ये तुरंत आपके मूड को फ्रेश करते हैं। रोज सुबह दौड़ने वाले लोगों में तनाव, एंग्जायटी (घबराहट) और डिप्रेशन के लक्षण बेहद कम पाए जाते हैं। यह बिना दवा के आपके दिमाग को शांत करने वाली थेरेपी है।
4. हड्डियां और मांसपेशियां होती हैं फौलादी
कई लोगों को लगता है कि दौड़ने से घुटने खराब होते हैं, जबकि सच इसके बिल्कुल विपरीत है यदि सही तरीके और सही जूतों से दौड़ा जाए। रनिंग एक 'वेट-बियरिंग' एक्सरसाइज है, जो हड्डियों की डेंसिटी को बढ़ाती है। इससे बढ़ती उम्र में होने वाले ऑस्टियोपोरोसिस हड्डियों का खोखला होना का खतरा टल जाता है।इससे आपके पैर, हिप्स, काफ मसल्स और कोर मांसपेशियां बेहद मजबूत और टोन हो जाती हैं।
5. फेफड़ों की क्षमता बढ़ती है और आती है गहरी नींद
दौड़ते समय शरीर को ज्यादा ऑक्सीजन की जरूरत होती है, जिससे फेफड़े तेजी से काम करते हैं। इससे फेफड़ों की कार्यक्षमता बढ़ती है और श्वसन तंत्र मजबूत होता है। जो लोग सुबह दौड़ते हैं, उनका 'सार्केडियन रिदम' सुधर जाता है। दिनभर की शारीरिक मेहनत के बाद रात को बिना किसी रुकावट के बेहद गहरी और सुकून भरी नींद आती है।
रनिंग करते वक्त न करें ये गलतियां जानें सही नियम
1. बिना वॉर्म-अप किए सीधे दौड़ना
सुबह जब हम सोकर उठते हैं, तो हमारा शरीर और मांसपेशियां पूरी तरह से स्टीफ (जकड़ी हुई) और ठंडी होती हैं। ऐसे में सीधे बिस्तर से उठकर मैदान पर तेज दौड़ना शरीर को बड़ा झटका देने जैसा है। बता दें कि बिना वॉर्म-अप किए अचानक दौड़ने से मांसपेशियों में गंभीर खिंचाव, क्रैम्प्स (कमर या पिंडलियों में जकड़न) और टेंडन इंजरी का खतरा सबसे ज्यादा होता है। आप दौड़ने से पहले कम से कम 5 से 7 मिनट का डायनेमिक वॉर्म-अप जरूर करें। इसमें हल्की वॉक, ऑन-द-स्पॉट जॉगिंग, जंपिंग जैक, एंकल रोटेशन और नी-हाइज घुटनों को ऊपर उठाना शामिल करें। इससे शरीर का तापमान बढ़ता है और मांसपेशियों में ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है, जिससे शरीर दौड़ने के लिए तैयार हो जाता है।

2. गलत जूतों का चुनाव करना
अक्सर लोग रनिंग की शुरुआत करते समय जूतों पर ध्यान नहीं देते। वे घर में रखे साधारण स्नीकर्स, फ्लैट तलवे वाले कैनवास शूज या बिना कुशन वाले भारी जूते पहनकर ही दौड़ने निकल जाते हैं। यह रनिंग की सबसे घातक गलतियों में से एक है। जब हम दौड़ते हैं, तो हमारे शरीर के वजन का कई गुना दबाव हमारे पैर, एंकल (टखने) और घुटनों पर पड़ता है। गलत जूते इस शॉक (झटके) को सोख नहीं पाते, जिससे शिन स्प्लिंट (पिंडलियों की हड्डी में तेज दर्द), एड़ियों में दर्द और घुटनों के जोड़ों में लंबे समय का दर्द शुरू हो जाता है। बता दें कि दौड़ने के लिए हमेशा एक अच्छे रनिंग शूज में निवेश करें, जिनकासोल (तलवा) लचीला हो और जिसमें अच्छा कुशन हो। जूता न तो बहुत टाइट होना चाहिए और न ही बहुत ढीला।
3. शरीर की क्षमता से ज्यादा अचानक दौड़ जाना
नया-नया जोश अक्सर लोगों से गलती करवाता है। पहले ही दिन या पहले ही हफ्ते में 5 किलोमीटर दौड़ने का टारगेट सेट करना, या दूसरों को देखकर अपनी रफ्तार को बहुत तेज कर लेना एक बड़ी भूल है। इसे मेडिकल भाषा में 'ओवर-ट्रेनिंग' कहते हैं। जब आप अपनी शारीरिक क्षमता से ज्यादा अचानक लोड बढ़ा देते हैं, तो फेफड़ों पर अत्यधिक दबाव पड़ता है, सांस फूलने लगती है, चक्कर आ सकते हैं और जोड़ों में 'स्ट्रेस फ्रैक्चर' (हड्डी में बारीक क्रैक) होने का जोखिम बढ़ जाता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।
नहीं, जिन लोगों को घुटनों का गंभीर अर्थराइटिस (गठिया) है या जिनका कार्टिलेज पूरी तरह घिस चुका है, उन्हें दौड़ने से पूरी तरह बचना चाहिए। दौड़ते समय घुटनों पर बार-बार पड़ने वाला रोटेशनल प्रेशर जोड़ों में सूजन और दर्द को कई गुना बढ़ा सकता है। ऐसे लोगों को डॉक्टर की सलाह पर केवल हल्की वॉक करनी चाहिए।
बहुत लंबी दौड़ के लिए पूरी तरह खाली पेट जाना सही नहीं है, इससे आपको चक्कर आ सकते हैं या कमजोरी लग सकती है। दौड़ने से 20-30 मिनट पहले एक केला (Banana) या 2 भीगे हुए बादाम जैसी हल्की चीजें खाना सबसे बेहतर होता है ताकि शरीर को तुरंत एनर्जी मिल सके।



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