Latest Updates
-
Kumaoni Kheera Raita: गर्मी के मौसम में वरदान है उत्तराखंड का ये खीरे का रायता, 10 मिनट में ऐसे करें तैयार -
Surya Grahan 2026: किस अमावस्या को लगेगा दूसरा सूर्य ग्रहण? क्या भारत में दिन में छा जाएगा अंधेरा? -
Jamun Side Effects: इन 5 लोगों को नहीं खाने चाहिए जामुन, फायदे की जगह पहुंचा सकता है भारी नुकसान -
Amarnath Yatra 2026: सावधान! ये 5 लोग नहीं कर सकते अमरनाथ यात्रा, कहीं आप भी तो शामिल नहीं? -
26 या 27 अप्रैल, कब है मोहिनी एकादशी? जानें व्रत की सही तारीख और पारण का शुभ समय -
बेसन या सूजी का चीला, जानें वजन घटाने के लिए कौन सा नाश्ता है सबसे बेस्ट? नोट करें रेसिपी -
तपती धूप में निकलने से पहले खा लें प्याज-हरी मिर्च का ये खास सलाद, लू के थपेड़े भी रहेंगे बेअसर -
Somvar Vrat Katha: सोमवार व्रत के दिन जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, भगवान शिव पूरी करेंगे हर मनोकामना -
Aaj Ka Rashifal, 20 April 2026: मालव्य योग से चमकेंगे इन राशियों के सितारे, जानें आज का भाग्यफल -
Birthday Wishes for Boss: बॉस के बर्थडे पर भेजें ये खास और सम्मानजनक शुभकामनाएं, बोलें 'हैप्पी बर्थडे'
‘द वॉकिंग डेड’ की एक्ट्रेस केली मैक का दुर्लभ ब्रेन कैंसर ग्लियोमा से हुआ निधन, क्या है इसके लक्षण?
Kelley Mack Death Reason : हॉलीवुड इंडस्ट्री से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। नेटफ्लिक्स की पॉपुलर सीरीज 'द वॉकिंग डेड' में नजर आ चुकीं एक्ट्रेस केली मैक अब इस दुनिया में नहीं रहीं। महज 33 साल की उम्र में उनका निधन ब्रेन कैंसर के एक रेयर और खतरनाक प्रकार ग्लियोमा के कारण हो गया। रिपोर्ट के अनुसार, केली पिछले काफी समय से सेंट्रल नर्वस सिस्टम को प्रभावित करने वाली इस बीमारी से जूझ रही थीं। ग्लियोमा एक आक्रामक ब्रेन ट्यूमर होता है, जो मस्तिष्क और रीढ़ की हड्डी में फैलकर गंभीर समस्याएं पैदा करता है।
परिवार की ओर से जारी बयान में बताया गया कि केली ने अपने घर पर ही अंतिम सांस ली। उन्होंने सितंबर 2024 में सार्वजनिक रूप से खुलासा किया था कि वे इस गंभीर बीमारी से लड़ रही हैं। बीमारी के बावजूद, केली ने अपना काम जारी रखा और एक साल तक कैंसर से संघर्ष करने के बाद आखिरकार उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया, जिससे उनके प्रशंसकों और सहकर्मियों में शोक की लहर दौड़ गई।

क्या है ग्लियोमा?
ग्लियोमा मस्तिष्क कैंसर का एक प्रकार है जो ब्रेन या स्पाइनल कॉर्ड (रीढ़ की हड्डी) में मौजूद ग्लियल कोशिकाओं (Glial Cells) से उत्पन्न होता है। ये कोशिकाएं मस्तिष्क के न्यूरॉन्स को सपोर्ट और सुरक्षा देने का काम करती हैं। जब इनमें असामान्य रूप से वृद्धि होने लगती है, तब यह कैंसर का रूप ले लेता है।
ग्लियोमा को उसकी ग्रेडिंग (1 से 4 तक) के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है। ग्रेड 1 और 2 को कम तीव्र (low-grade) जबकि ग्रेड 3 और 4 को अत्यधिक खतरनाक (high-grade) माना जाता है। ग्रेड 4 ग्लियोब्लास्टोमा सबसे आक्रामक और जानलेवा होता है।
ग्लियोमा के लक्षण
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार, ग्लियोमा के लक्षण ट्यूमर की स्थिति, आकार और ग्रोथ रेट पर निर्भर करते हैं। प्रमुख लक्षणों में शामिल हैं:
- लगातार सिरदर्द रहना
- मिर्गी या झटके आना
- मतली और उल्टी
- शरीर के किसी हिस्से में कमजोरी या सुन्नपन
- संतुलन और तालमेल में दिक्कत
- व्यक्तित्व या व्यवहार में बदलाव
- बोलने या देखने में कठिनाई
- जैसे-जैसे ट्यूमर का आकार बढ़ता है या वह महत्वपूर्ण हिस्सों पर दबाव डालता है, वैसे-वैसे लक्षण भी गंभीर होते जाते हैं।
ग्लियोमा होने के कारण
ग्लियोमा की शुरुआत ब्रेन या रीढ़ की ग्लियल कोशिकाओं में जीन म्यूटेशन (Gene Mutation) के कारण होती है। ये म्यूटेशन कोशिकाओं की वृद्धि और विभाजन की प्रक्रिया को असामान्य बना देते हैं, जिससे कैंसर पैदा होता है।
हालांकि अधिकांश मामलों में ग्लियोमा होने का कोई स्पष्ट कारण नहीं होता, लेकिन कुछ संभावित जोखिम कारक हैं:
रेडिएशन एक्सपोजर: सिर पर उच्च मात्रा में विकिरण का प्रभाव
पारिवारिक इतिहास: कुछ मामलों में अनुवांशिक कारणों से भी यह रोग हो सकता है
ग्लियोमा का इलाज
ग्लियोमा के इलाज में आमतौर पर तीन प्रमुख विधियों का सहारा लिया जाता है:
सर्जरी: डॉक्टर ट्यूमर को हटाने की कोशिश करते हैं, हालांकि मस्तिष्क के संवेदनशील हिस्सों के कारण पूरी तरह हटाना मुश्किल हो सकता है।
रेडिएशन थेरेपी: ऑपरेशन के बाद शेष कैंसर कोशिकाओं को मारने के लिए विकिरण दिया जाता है।
कीमोथेरेपी: कैंसर कोशिकाओं को खत्म करने के लिए दवाओं का उपयोग किया जाता है।
कुछ मामलों में टार्गेटेड थेरेपी का भी उपयोग किया जाता है, जिसमें ट्यूमर की विशेष जीन म्यूटेशन को निशाना बनाया जाता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications











