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हर औरत को यौन स्वास्थ्य के बारे में पता होने चाहिये ये तथ्य
यौन स्वास्थ्य मानव कामुकता के लिए एक सकारात्मक दृष्टिकोण पैदा करता है। कई महिलाएं अपने शारीरिक और मानसिक भलाई को अनदेखा कर देती हैं। पुरुषों की तरह महिलाओं का भी यौन स्वास्थ्य काफी महत्वपूर्ण होता है। महिलाओं को जब यौन क्रिया में परेशानी होती है या उन्हें वह सुख नहीं प्राप्त हो पाता जिसकी वह यौन संबन्ध बनाने के बाद कामना करती हैं, तब वह इस बात को शर्म की बात समझते हुए किसी को अपनी दिल की बात नहीं बताती।
यौन स्वास्थ्य से मतलब होता है योनि में सूखापन, सेक्स एलर्जी, यौन संबन्धी रोग या मेनोपॉज आदि। जब बात पूरी तरह से स्वास्थ्य की हो, तब किसी भी महिला को सेक्स परेशानियों से जुड़ी बातों को डॉक्टर से बताने में शर्मिंदगी महसूस नहीं करनी चाहिये।
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सबसे जरूरी बात यह है कि हर औरत को स्वस्थ रहने के लिये यौन स्वास्थ्य तथ्यों के बारे में पूरी जानकारी हो। तो अगर आपको भी पूरी तरह से स्वस्थ रहना है, तो ज़रा पढ़े इसे-

1. वेजाइनल ईस्ट इंफेक्शन
यह बहुत ही आम बीमारी है। ईस्ट इंफेक्शन एक कम संख्या में, योनि में रहते हैं और धीरे धीरे बढ़ते हुए संक्रमण का रूप ले लेते हैं। इंफेक्शन हो जाने पर महिला की योनि में जलन, लालिमा और सूजन होने लगती है। सेक्स करते वक्त यह बहुत ही पीढ़ादायक होती है। ईस्ट इंफेक्शन किसी भी लड़की को हो सकता है। इसका इलाज तुरंत करवाना चाहिये।

2. STD रोकने के लिये कॉन्डम का प्रयोग
एड्स और यौन संचरित संक्रमणों को रोकने के लिये कॉन्डम का प्रयोग आवश्यक है। कई लोग जान बूझ कर कॉन्डम का प्रयोग नहीं करते, लेकिन यह आपकी जिम्मेदारी है कि आप खुद भी बचें और अपनी पार्टनर को भी जानलेवा बीमारी से बचाएं।

3. टेस्टोस्टेरोन
महिलाओं की सेक्स इच्छा को बढाने में टेस्टोस्टेरोन हार्मोन बड़ा मायने रखता है। 20 साल की उम्र तक टेस्टोस्टेरोन काफी हाई मात्रा में रहता है और जैसे जैसे उम्र ढलती जाती है वह गिरने लगता है। महिलाओं के यौन स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि जो महिला रजोनिवृत्ति तक नहीं पहुंची है, उसे टेस्टोस्टेरोन थैरेपी करवानी चाहिये। ऐसा करने से उसकी सेक्स में रूचि बनी रहती है।

4. महिला यौन रोग
शारीरिक या मनोवैज्ञानिक तौर पर अगर किसी महिला को सेक्स के दौरान पीड़ा हो रही है या वो सेक्स से संतुष्ट नहीं है, तो फिर तुरंत चिकित्सक के पास जाना चाहिये। यह समस्या 18 से 59 उम्र तक की महिलाओं में देखी गई है।

5. योनि का संकुचन
कुछ महिलाओं को संभोग के दौरान योनि में दर्द महसूस होता है, जो कि योनि के संकुचन की वजह से होता है। मेडिकल कंडीशन के तौर पर अगर देखा जाए तो योनि की मांसपेशियां जब कस जाती हैं, तब उन्हें संभोग के वक्त दर्द होने लगता है। इसका कारण टेंशन होता है और अगर इसे जल्द ठीक नहीं किया गया तो, कपल्स के बीच जल्द लड़ाई झगड़ा शुरु हो जाने की संभावना होती है।

6. सेक्स एलर्जी
योनि में खुजली और सेक्स के बाद जल का मतलब है कि आपको सेक्स से एलर्जी है। हो सकता है कि आप वीर्य से एलर्जिक हों। अगर इस रोग को जल्द डॉक्टर को नहीं दिखाया गया तो महिला को अनफीलेक्सिस बीमारी हो सकती है।

7. मूत्र असंयम
यह समस्या दोनों लिंगों के बीच में सबसे आम समस्या है। यह गर्भावस्था, प्रसव, और रजोनिवृत्ति के दौरान महिलाओं में होता है। खांसी, हंसते, छींकते या फिर कुछ शारीरिक व्यायाम करते वक्त पेशाब का छूट जाना मूत्र असंयम कहलाता है। इस समस्या को दूर करने के लिये पेल्विक फ्लोर मसल एक्सरसाइज करनी चाहिये।

8. रजोनिवृत्ति
45 से 55 तक की उम्र में सभी महिलाएं मां बनने की छमता खो देती हैं और रजोनिवृत्ति तक पहुंच जाती हैं। जब महिला रजोनिवृत्ति में पहुंचती है, तब महिला को मूड स्विंग, हाई बीपी और अन्य परेशानियां शुरु हो जाती हैं। इसमें योनि सूख जाती है और सेक्स करने की इच्छा खतम हो जाती है।



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