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जानें शीतपित्त का घरेलू उपचार
आयुर्वेद के अनुसार शीतपित्त जिसे अंग्रेजी में अर्टिकेरिया भी बोलते है, वात या कफ दोष की गड़बड़ी की वजह से होता है। यह एक प्रकार की एलर्जी है, जिसकी वजह से त्वचा पर लाल रंग के चकत्ते पड़ जाते हैं, जिसे पित्ती कहते हैं।
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इसमें काफी तेजी के साथ खुजली होती है और इसे खुजलाने या रगड़ने से अधिक खुजली उठती है। शीतपित्त कई कारणों से हो सकता है जैसे, चिकित्सा, तनाव, वायरल संक्रमण, ठंड, सूर्य रोशनी, धूल, पराग, रूसी, शंख और अन्य खाद्य।
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जिन्हें यह बीमारी है उन्हें भोजन में नमक, तेल, मिर्च, अचार, दही तथा जिन खाद्य पदार्थों से एलर्जी हो उसका सेवन नहीं करना चाहिये। आइये जानते हैं कुछ ऐसे सरल घरेलू उपचार, जिनका प्रयोग करने से शीतपित्त का खात्मा किया जा सकता है।

हल्दी
एक गिलास गुनगुने दूध या पानी में आधा छोटा चम्मच हल्दी पावडर मिला कर दिन में दो या तीन बार पियें। या फिर 3 ग्राम हल्दी पावडर दिन में दो बार सेवन करें।

तुलसी
तुलसी की पत्ती की चाय बना कर पीने से खून शुद्ध होता है और शरीर से गंदगी निकलती है।

गूलर का रस
गूलर की पत्तियों का 15 एम एल रस निकाल कर कई दिनों तक सेवन करें।

पुदीने की चाय
पुदीने की पत्तियों की चाय बना कर पीने से खुजली में राहत मिलती है।

रेंड़ी का तेल
5 बूंद रेंड़ी के तेल को दूध या पानी में डाल कर खाली पेट पियें।

एलो वेरा जैल
पित्ती पर ताजा एलो वेरा जैल लगाने से जलन और खुजली दूर होती है क्योंकि यह ठंडक का एहसास दिलाता है।

ताजा जूस पियें
शरीर से एलर्जी दूर करने के लिये ढेर सारा ताजे फलों का रस पीना चाहिये। इससे आप जल्दी ठीक हो जाएंगे।

ओटमील
2 टी स्पून ओटमील के साथ आधा कप पानी मिलाएं। जब ओटमील सारा पानी सोख ले, तब इसे एक साफ कपड़े में निकाल लें। फिर ओटमील पर धीरे धीरे आधा कप पानी डालते हुए इस पानी को एक मक में इकठ्ठा कर लें। इस पानी को अपनी त्वचा पर अच्छी तहर से लगाएं जिससे खुजली और दिक्कत कम हो जाए।

बेकिंग सोडा
एक कटोरी में दो चम्मच बेकिंग सोडा ले और पानी मिला कर पेस्ट बनाएं। इस लेप को खुजली से आराम पाने के लिये और खीझ को रोकने के लिये पित्ती प्रभावित क्षेत्र पर लगायें।

सिरका
एक चम्मच एप्पल साइडर वेनिगर लें और उसे उतनी ही मात्रा के पानी में मिलाएं। इसे प्रभावित क्षेत्र पर थोड़ा सा लगाएं। इससे आपको आराम मिलेगा।

ब्राउन शुगर और अदरक
आधा कप ब्राउन शुगर ले कर उसमें 1 चम्मच पिसी अदरक पेस्ट और 3 कप एप्पल साइडर वेनिगर मिला कर कुछ मिनट तक उबालें। इस मिश्रण में थोड़ा सा गरम पानी मिलाएं और दिन में कई बार इस पदार्थ को लगाएं।

मछली का तेल
1000 मिलीग्राम मछली के तेल का कैप्सूल दिन में तीन बार लें। ये कैप्सू वसा अम्ल का स्रोत है जिसमें सूजन विरोधी गुण होता है। ठंडे पानी की मछलियों जैसे ब्लूफिश, सॉल्मन और अल्बाकोर टूना अच्छा खाद्य स्रोत है।

काली मिर्च
काली मिर्च पीसकर घी में मिलाकर चाटने से शीत पित्त में आराम मिलता है।

गुड
गुड के साथ हल्दी भुनकर खाने से शीत -पित्त और खुजली में बहुत आराम मिलता है।



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