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एलर्जिक कंजंक्टिवाइटिस: आँख की सबसे आम समस्या
जब हमारी आँखों में एलर्जी पैदा करने वाले तत्व या तकलीफ देने वाले पदार्थ जैसे पराग कण, परफ्यूम और कॉस्मेटिक्स, वायु प्रदूषण, धुंआ आदि चले जाते हैं तो ये हमारे कंजक्टिवा को प्रभावित करते हैं और इसके कारण आँखों में जलन होती है।
कंजक्टिवा एक पतली झिल्ली होती है जो हमारी आँखों को ढंकती है। अत: इस संक्रमण को कंजंक्टिवाइटिस कहा जाता है। कुछ कंजंक्टिवाइटिस मौसमी होते हैं जो पराग कणों के कारण होते हैं तथा कुछ ऐसे होते हैं जो पूरे साल में कभी हो सकते हैं। इस प्रकार के कंजंक्टिवाइटिस घर में पाए जाने वाले धूल कणों के कारण होते हैं।
यद्यपि एलर्जिक कंजंक्टिवाइटिस की अच्छी बात यह है कि यह मनुष्यों की दृष्टि को प्रभावित नहीं करता। समय पर सही उपचार करने से यह पूरी तरह ठीक हो जाता है।

एलर्जिक कंजंक्टिवाइटिस के लक्षण क्या हैं?
एलर्जिक कंजंक्टिवाइटिस का सबसे प्रमुख लक्षण आँखों में खुजली होना तथा बाद में आँखों के अंदर के सफ़ेद भाग का लाल हो जाना है जिसले कारण आँखों में आंसू आते रहते हैं। जब स्थिति खराब हो जाती है तब कुछ लोगों की आँखों से मवाद निकलता है तथा पलकों में सूजन भी आ जाती है।
एलर्जिक कंजंक्टिवाइटिस का उपचार किस तरह किया जाए?
सबसे पहली और आवश्यक बात जो आप कर सकते हैं वह यह है कि जिन चीज़ों से कंजंक्टिवाइटिस होता है उस से दूर रहें।

आप जिन तकिये और गद्दों का उपयोग करते हैं वे भी एलर्जी उत्पन्न करने वाली चीज़ों से मुक्त हों। खिड़कियाँ और दरवाज़े बंद रखें ताकि एलर्जी उत्पन्न करने वाले कारक बाहर से घर के अंदर प्रवेश न कर सकें।
जिनके घर में पालतू जानवर हैं उन्हें अधिक सावधानी बरतने की आवश्यकता होती है क्योंकि ये एलर्जी फैलने का प्रमुख कारण हो सकते हैं जिनके कारण आँखों को नुकसान पहुँच सकता है।

इसके अलावा घरेलू उपचार भी किया जा सकता है। एक साफ़ कपड़े को ठन्डे पानी में भिगायें तथा इसे आँखों पर लगायें। इससे एलर्जी के कारण आँखों में होने वाली जलन कम होगी।
एलर्जिक कंजंक्टिवाइटिस के लिए उपलब्ध दवाईयां:
एलर्जिक कंजंक्टिवाइटिस के उपचार के लिए कई दवाईयां उपलब्ध हैं। एंटीहिस्टमिनिक और डिकन्जस्टेंट ड्रॉप्स आँखों की जलन और लालिमा से राहत दिलाते हैं।

इसके अलावा इसे बार बार आने से रोकने के लिए मैस्ट सेल स्टेब्लाइज़र्स का उपयोग किया जा सकता है। हालंकि सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इसका उपयोग डॉक्टर या विशेषज्ञों की सलाह पर ही करना चाहिए क्योंकि गलत दवाईयां लेने से स्थाई तौर पर अंधापन आ सकता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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