Latest Updates
-
High Protein Breakfast Egg Bhurji Paratha Recipe: स्वाद और सेहत का बेहतरीन मेल -
Vinayak Chaturthi 2026: प्रद्युम्न विनायक चतुर्थी आज, जानें पूजा का शुभ मुहूर्त और पूजा विधि -
Aaj Ka Rashifal 18 June 2026: गुरुवार को इन 4 राशियों पर बरसेगी भगवान विष्णु की कृपा, जानें अपना भाग्य -
Dhaba Style Egg Curry Recipe: घर पर बनाएं ढाबे जैसी मसालेदार अंडा करी -
नसों की गंभीर बीमारी से जूझ रहे हैं सोनू निगम, हो रहे MRI-CT स्कैन लेकिन फिर भी करेंगे लाइव परफॉर्म -
गर्मियों में कई समस्याओं के लिए रामबाण है लीची की तरह दिखने वाला ये फल, जानें इसके फायदे -
Lohri Special Energy Til Pinni Recipe: सर्दियों में शरीर को गर्म रखने का आसान तरीका -
International Men's Health Week: पुरुषों की फर्टिलिटी बढ़ा सकते हैं ये 5 योगासन, जानें अभ्यास का तरीका -
डायबिटीज के मरीजों को किशमिश खानी चाहिए या नहीं? जानें कैसे और कितना करें सेवन -
लंबे-घने और मजबूत बालों का सीक्रेट है मेथी, इन 3 तरीकों से हेयर केयर रूटीन में शामिल
इंटरकोर्स के कितने देर बाद शरीर के बाहर स्पर्म रहता है एक्टिव
इंटरकोर्स के दौरान हजारो स्पर्म निकलते हैं। मगर इन हजारों स्पर्म में से एक एक्टिव स्पर्म एग्ग्ज के साथ मिलकर बच्चा पैदा कर पाते हैं । मगर स्पर्म के बारे में ये चौकानेवाली बात नहीं हैं! क्या आपको पता है शरीर के बाहर स्पर्म कुछ समय तक जीवित रहता हैं?
हां ऐसा होता है, अनप्रोटेक्ड सेक्स करने से एक्टिव स्पर्म की वजह से प्रेगनेंसी का खतरा भी बना रहता हैं। आइए जानते है कि इंटरकोर्स के कितने देर बाद शरीर के बाहर स्पर्म रहते हैं एक्टिव?

इतनी देर तक रहते है स्पर्म जीवित
आर्टिफिशियल इनसेमिनेशन या इन विट्रो फर्टिलाइजेशन या आईवीएफ में फ्रोजेन अवस्था में स्पर्म को बचाये रखा जा सकता हैं । स्पर्म की लाइफ कुछ समय तक रहती हैं जो इजाकुलेशन के समय शुरु हो जाती हैं । शरीर के बाहर स्पर्म कुछ परिस्थिती में 20 मिनट तक जीवित रहते हैं, मगर वैजाइना में स्पर्म कुछ घंटो को लिये जीवित रहते हैं ।

नमी और गर्माहट में रहते है जीवित
स्पर्म को जीवित रहने के लिये हल्का नमी और गर्माहट की जरूरत होती है, मगर वह जैसे ही हवा के संपर्क में आते हैं तुरंत मर जाते हैं। स्पर्म को हवा में नमी और गर्माहट की जरुरत होती हैं, इसलिये हॉट बाथ टब म़ें इजाकुलेट करने से स्पर्म को जीवित रहने में आसानी होती है। मगर इसी समय बाथ टब के पानी में साबुन या कोई केमिकल होने से स्पर्म के लिये हानिकारक हो सकता हैं।

कितने समय तक स्पर्म शरीर के अंदर जीवित रहते हैं?
वैजाइना में एसिडिक सिक्रेशन की वजह से स्पर्म मर जाते हैं । ओव्यूलेशन के दौरान पी.एच. लेवल कम एसिडिक नेचर होने से स्पर्म कुछ समय तक ही जीवित रह पाते हैं । स्पर्म जो सर्विक्स या यूटेरस में जा पाते हैं उनकी उम्र ज्यादा होती हैं । ज्यादातर वो 5 दिन तक जीवित रहते हैं, नहीं तो 2-3 दिन में मर जाते हैं ।

लाइफस्टाइल भी है कारण
आपके लाइफस्टाइल की वजह से भी स्पर्म की उम्र कम हो जाती हैं, जैसे स्मोकिंग , शराब पीना, वायुप्रदूषण, एनाबॉलिक स्टेरॉयड्स और कुछ दवाइयां ।



Click it and Unblock the Notifications