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किडनी की पथरी के लक्षण, इलाज और घरेलू उपचार जानिये
इस आर्टिकल में हम आपको किडनी स्टोन के कुछ ख़ास लक्षणों के बारे में बता रहे हैं। साथ ही यह भी बताएंगे कि इसे के लिये घरेलू उपचार क्या हैं।
आज के समय में किडनी की पथरी से पीड़ित मरीजों की संख्या दिन प्रति दिन बढ़ती ही जा रही है। खाने में मौजूद मिनरल और नमक धीरे धीरे किडनी में इकठ्ठा होकर आगे चलकर स्टोन का रूप धारण कर लेते हैं। जब तक ये स्टोन किडनी में मौजूद रहते हैं तब तक उनके कोई भी लक्षण नहीं दिखते हैं लेकिन जैसे ही ये यूरिनरी ट्रैक्ट में प्रवेश करते हैं तो इनके लक्षण दिखना शुरू हो जाते हैं।
ऐसा कोई भी पदार्थ जिसमें क्रिस्टल बनने की क्षमता है वो किडनी स्टोन बन सकता है। जब आपके मूत्र में ऐसे पदार्थो की मात्रा बढ़ जाती है तब यूरिन उन्हें आपस में चिपकने से रोकने में असमर्थ हो जाती है और आगे चलकर ये ही किडनी स्टोन में परिवर्तित हो जाते हैं।
कई लोगों का ऐसा मानना है कि खराब जीनवशैली और खराब खानपान के कारण यह समस्या होती है। इसीलिए उन्हें रेड मीट, आर्गेनिक मीट और शेल फिश से परहेज करने की सलाह दी जाती है।
इसके अलावा एनिमल बेस्ड प्रोटीन का कम सेवन और डाइट में अधिक से अधिक फल और हरी सब्जियों के सेवन से यूरिन एसिडिटी कम होती है जिससे स्टोन बनने की संभावना कम होती है।
किडनी स्टोन भी अलग अलग साइज़ के होते हैं। उनमें से कुछ तो इतने छोटे होते हैं कि वे मूत्र के रास्ते ही अपने आप बाहर निकल जाते हैं लेकिन जिनका आकार बड़ा होता है वे आसानी से नहीं निकलते हैं जिस वजह से मरीज को तेज दर्द होने लगता है।
इस आर्टिकल में हम आपको किडनी स्टोन के कुछ ख़ास लक्षणों के बारे में बता रहे हैं। आइये जानते हैं कुछ प्रमुख लक्षणों के बारे में:

पीठ और पेट के निचले हिस्से में दर्द:
स्टोन की लोकेशन के हिसाब से ही उसके लक्षण नज़र आते हैं। पेट के निचले हिस्से में तेज चुभने वाला दर्द होना किडनी स्टोन का सबसे प्रमुख लक्षण है। जब स्टोन पेट के अन्दर अपनी पोजीशन बदलता है तो उसके हिसाब से ही दर्द की तीव्रता भी बदलती है।

पेशाब में खून आना:
अगर आपको पेशाब करते समय काफी तकलीफ हो रही है और कभी कभी पेशाब करते समय ब्लड भी निकल रहा है तो जान लें कि यह किडनी स्टोन का लक्षण है। इसके अलावा पेशाब करते समय तेज जलन, तेज दुर्गंध आना भी स्टोन के लक्षण हैं।

स्टोन के टुकड़े:
पेशाब करते समय उसमें स्टोन के छोटे छोटे कण दिखाई देने लगते हैं हालांकि इनकी वजह से कोई दर्द नहीं होता है।

मिचली आना:
यूटीआई के कारण होने वाले स्टोन में कई बार मरीज को मिचली और उल्टी की समस्या होने लगती है। कुछ मामलों में मरीज को स्टोन की वजह से बुखार भी हो जाता है।

हाइपरयूरिया (Hyperuria) :
इस अवस्था में मरीज को बार बार पेशाब लगने लगती है। यह तब होता है जब किडनी स्टोन मूत्र नली में फंस जाता है और मूत्र को बाहर निकलने में बाधित करता है। यह किडनी स्टोन का सबसे शुरुवाती लक्षण है।

तेज दर्द:
पथरी का दर्द इतना तीव्र होता है कि उस दौरान बैठना, चलना या ठीक से लेट पाना भी बहुत मुश्किल हो जाता है। ऐसे समय में मरीज ठीक से पेशाब भी नहीं कर पाता है।

पथरी का इलाज :
पानी: पानी की पर्याप्त मात्रा स्टोन को इकठ्ठा होने से रोकती है और उन्हें एक जगह से दूसरी जगह जाने पर फ़ोर्स करती है। अधिक मात्रा में पानी पीने से आपका यूरिन भी बिल्कुल साफ़ रहता है।

दवाइयां:
पथरी के इलाज में डॉक्टर मरीज को ऐसे दवाइयां देते हैं जिससे मूत्र नली के साथ साथ बाकि मसल्स भी रिलैक्स हो जाते हैं जिससे इन स्टोन का मूवमेंट बना रहे और ये एक जगह इकठ्ठा ना रहें। आपकी दवाइयां इस बात पर भी निर्भर करती हैं कि आपकी पथरी का साइज़ क्या है और इसे कैसे गलाना है।

शॉकवेव लिथोट्रिप्सी (Shockwave Lithotripsy) :
जब किडनी स्टोन का साइज़ काफी बड़ा होता है तब इस तकनीक का इस्तेमाल किया जाता है। इस ट्रीटमेंट में मशीन द्वारा हाई प्रेशर वाली साउंड वेव्स को शरीर के अन्दर भेजा जाता है जिससे ये बड़े साइज़ वाले स्टोन को तोड़कर छोटे छोटे टुकड़ों में बदल देते हैं जिससे बाद में ये आसानी से बाहर निकल जाते हैं।

किडनी स्टोन - घरेलु उपचार:
नींबू का रस, ऑलिव ऑयल और कच्चे सेब का सिरका: इन तीनों का मिश्रण किडनी स्टोन के इलाज में सबसे असरदार माना जाता है। इस मिश्रण को पीने के बाद करीब 12 औंस स्वच्छ पानी पियें। उसके बाद फिर आधे नींबू का मिश्रण पियें और फिर से 12 औंस पानी पियें। जब तक आराम न मिले तब तक हर घंटे इस प्रक्रिया को दोहरायें।

उवा उर्सी (Uva Ursi) :
यह किडनी की पथरी से छुटकारा पाने का काफी पुराना घरेलू उपाय है। यह किडनी के इन्फेक्शन को कम करता है और दर्द से आराम दिलाता है। दिन में तीन बार इसकी 500 मिलीग्राम मात्रा का सेवन करें।

डैंडलियन रूट (Dandelion Root):
आर्गेनिक डैंडलियन रूट किडनी की सफाई और उसे सुचारू रूप से काम करने में मदद करती है। बेहतरीन परिणाम के लिए दिन में दो बार 500 मिलीग्राम लें।

राजमा:
राजमा में मैग्नीशियम की मात्रा काफी ज्यादा होती है जिस वजह से ये किडनी स्टोन के लक्षणों को कम करने में मदद करते हैं। इसे कुछ घंटे पानी में भिगाकर रखें और फिर उबाल लें। इसके बाद इसके पानी को कपड़े से छानकर अलग कर दें और इसे ठंडा करके फिर इसका सेवन करें। पथरी के दर्द से राहत दिलाने में यह काफी असरदार है।

अनार का जूस
अनार के बीज किडनी स्टोन से आराम पहुंचाने में काफी मददगार होते हैं। यह किडनी की पथरी से बचने का एक बेहतरीन घरेलू उपाय है। इसलिए रोजाना एक गिलास अनार के जूस का सेवन करें।

आर्गेनिक अजमोद (Organic Celery) :
अजमोद एक तरह से यूरिन प्रमोटर की तरह काम करती है जिस वजह से यह किडनी के लिए बहुत ही फायदेमंद है। इसलिए अपनी डाइट में रोजाना अजमोद के बीज और इसकी चाय को शामिल करें।

तुलसी :
तुलसी की पत्तियां भी किडनी के लिए बहुत फायदेमंद होती हैं। तुलसी का सेवन आप दिन में कभी भी कर सकते हैं। पेशाब की नली में मौजूद पथरी से राहत पाने के लिए रोजाना एक चम्मच तुलसी के रस में शहद मिलाकर पियें। इस मिश्रण का सेवन कम से कम अगले 6 महीनों तक करें।



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