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आपका कान भी बह रहा है, कहीं कान की हड्डी तो नहीं सड़ गई?
कान का बहना और उससे बदबू आना गंभीर संकेत हैं। इसका मतलब ये भी हो सकता है कि कान की हड्डी सड़ रही है। अगर आपके साथ लगातार कान बहने की समस्या हो रही है तो आपको इसकी जांच तुरंत करानी चाहिए। नहीं तो ब्रेन एब्सेस हो सकता है। यह जानलेवा भी हो सकता है। मवाद बदबूदार है और सिर दर्द की शिकायत है, तो भी तुरंत इलाज कराना चाहिए। कान का पर्दा फटने से सिर्फ पानी निकलता है। कान माचिस के बक्से की तरह होता है।
उसमें छह पर्दे होते हैं। पर्दा फटने पर इन्फेक्शन हो जाता है। धीरे-धीरे हड्डियां सड़ने लगती हैं। इससे कोलेस्टेटोमा बीमारी हो जाती है। चेहरे में टेढ़ापन आने लगता है। ब्रेन में मवाद हो जाता है। गले में खराबी जाती है। आइए जानते है इसके कारण?

संक्रमण के वजह से भी
वायरस या बैक्टीरिया कान के मध्य भाग में पहुंचता है तो कान बहने लगता है। इसके कारण उस स्थान पर फ्लूइड बनना शुरू हो जाता है और परेशानी के साथ ही कान बहना भी आरम्भ हो सकता है।

प्रदूषण के वजह से भी
वायु प्रदूषण, एलर्जी, गले में संक्रमण, चिकनपॉक्स, बुखार, कुपोषण या कई बार दांतों में इंफेक्शन के कारण भी कान बहने की समस्या हो सकती है।

अंदरूनी हिस्से कीी क्षति
कान की सफाई करते वक्त या किसी अन्य स्थिति में कान के अंदरूनी हिस्से को अचानक से चोट पहुंचने से कान बहने लगता है। अक्सर कान को साफ करते समय या आदतन कान में कोई वस्तु गहरे भीतर तक डालने से अंदरूनी हिस्से को क्षति पहुंचती है और इससे कान से डिस्चार्ज होने लगता है।

ट्यूमर या चोट की वजह से
कान के बहने के पीछे अन्य कारणों में शामिल हैं-कान के अंदर की हड्डियों में होने वाली क्षति, ट्यूमर, कोई चोट, किसी बाहरी वस्तु का कान में अंदर चले जाना, सिर पर लगने वाली कोई चोट, एक्जीमा आदि।

स्विमर्स इयर
ओटाइटिस एक्सटर्ना यानी स्विमर्स इयर कैनाल में फंगस या बैक्टीरिया के कारण होने वाले इन्फेक्शन के कारण पनपता है। पानी के संपर्क में बहुत समय तक रहने के कारण यह समस्या होती है। जैसे स्विमिंग या फिर बारिश में भीगने से भी इसके कारण नमी कानों के भीतर जाकर इयर कैनाल की दीवारों को क्षति पहुंचाना शुरू कर देता है।

इस तरह रखें खयाल
कान बहने की सूरत में निकलने वाले पदार्थ को बाहर से ही हल्के से साफ करें। कोई भी दवा कान में डालने से पहले डॉक्टर के बताए इयर ड्रॉप का ही उपयोग करें। अपने साथ हमेशा साफ धुला कपड़ा रखें और उसका ही इस्तेमाल करें। प्रिस्क्राइब की गई एंटीबायोटिक्स का डोज पूरा करें और सतर्कता रखें।



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