कोरोना से बचने का आसान तरीका है डबल मास्किंग, जानें इसे पहनते समय क‍िन बातों का रखें ध्‍यान

एक बार फिर से पूरे देश में कोरोना के कैसेज में बढ़ोतरी होने से इस बीमारी का डर का फिर से चारों तरफ फैल गया है। एहत‍ियात के तौर पर एक्सपर्ट्स शुरुआत से ही मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग और हैंड हाइजीन पर जोर दे रहे थे। अब हालात ऐसे हो गए हैं कि एक्सपर्ट्स दो मास्क पहनने की सलाह देने लगे हैं। यह संक्रमण से बचने का सबसे आसान तरीका है। डबल मास्किंग को लेकर लोगों के मन में कई तरह के सवाल होते हैं। आइए जानते है क‍ि डबल मास्किंग करके कैसे खुद कोरोना से बचाव कर सकते हैं।

डबल मास्किंग की क्या जरूरत है?

डबल मास्किंग की क्या जरूरत है?

कोरोना वायरस का नया रुप बहुत तेजी से फैल रहा हैं। संक्रमितों में वायरस लोड भी ज्यादा है। एक वायरस भी बुरी तरह संक्रमित कर सकता है। सीडीसी ने सुझाव दिया है क‍ि डबल मास्‍क पहनते हुए " क्‍नॉट एंड टक " (knot and tuck) टेक्निक का जरुर इस्‍तेमाल करें ताक‍ि इससे आपका सर्जिकल मास्‍क चेहरे पर फ‍िट हो जाएं। डबल मास्किंग से मास्क के किनारों में गैप रह जाने की गुंजाइश लगभग खत्म हो जाती है और आप पूरी तरह सुरक्षित हो जाते हैं।

एक साथ दो सर्जिकल मास्क सुरक्षित हैं?

एक साथ दो सर्जिकल मास्क सुरक्षित हैं?

दो डिस्पोजेबल सर्जिकल मास्क एक साथ पहनना सही नहीं होता। एक स्टैंडर्ड सर्जिकल मास्क कागज जैसे मटेरियल का बना होता है। सर्जिकल मास्क नाक और मुंह को पूरी तरह से कवर नहीं करते हैं। मास्क के किनारे पर गैप रह जाता है, जिससे वायरस अंदर जा सकते हैं। सर्जिकल मास्क के ऊपर कपड़े का मास्क पहनने से गैप होने की गुंजाइश नहीं रहती।

IMAGE SOURCE

N95 और K95 मास्‍क सुरक्षित है?

N95 और K95 मास्‍क सुरक्षित है?

N95 मास्क और चीन में बना K95 मास्क मेडिकल मास्क में सबसे बेहतर माने गए हैं। अगर इन्हें सही तरीके से पहना जाए तो आप 95% तक सुरक्षित हैं। इसलिए इनके साथ डबल मास्किंग की जरूरत नहीं है, बस ये मास्क ओरिजनल हों। क्योंकि एक बार फिर से मार्केट में इनकी शॉर्टेज हो गई है, ऐसे में सर्जिकल मास्क के साथ कपड़े का मास्क ही बेहतर ऑप्शन है। अगर चाहें तो कोरिया में बनें KF94 मास्क का उपयोग भी कर सकते हैं, इसके साथ भी डबल मास्किंग की जरूरत नहीं है।

मास्क पूरी तरह से फिट है या नहीं, ये कैसे चेक करें?

मास्क पूरी तरह से फिट है या नहीं, ये कैसे चेक करें?

डबल मास्किंग के बाद भी मास्क पूरी तरह से फिट है या नहीं, यह जानना बेहद जरूरी है। इसके लिए मास्क के किनारे पर हाथ रख कर तेजी से सांस लें। अगर किनारों से हवा निकल रही है तो मास्क को टाइट करने की जरूरत है। अगर पूरी तरह से फिट है तो मास्क के अंदर गर्म हवा महसूस होगी।

जान‍िए क‍ितना सुरक्षित है डबल मास्किंग

जान‍िए क‍ितना सुरक्षित है डबल मास्किंग

डबल मास्किंग के ल‍िए एक सर्जिकल मास्‍क और एक कपड़े के मास्‍क का उपयोग करें। विशेषज्ञों का कहना है क‍ि कई मास्क ठीक तरह से फिट नहीं होते हैं। ऐसे में डबल मास्क संक्रमित व्यक्ति के मास्क से निकलकर आपके पास ड्रॉपलेट्स के आने के जोखिम को कम कर देता है। व‍िशेषज्ञ कहते हैं 'दो मास्क पहनना और गांठ लगाना वायरस प्रसार को रोकने के कुछ तरीके हैं। क्योंकि यह टाइट फिटिंग को सुनिश्चित करते हैं। हालांकि कुछ लोगों को लगता है क‍ि इससे सांस लेने में बाधा होगी, तो वहीं, सीडीसी ने बताया क‍ि डबल मास्किंग के ल‍िए नॉज वायर (Nose Wire) वाला मास्‍क इस्‍तेमाल करें ताक‍ि बोलते और सांस लेते समय आपको सहज लगे।

एक अंग्रेजी अखबार को द‍िए इंटरव्‍यू में डॉक्‍टर डॉक्टर रोमेल टिकू ने बताया है क‍ि 'व्यक्ति एक सर्जिकल और एक कपड़े का मास्क या दो कपड़े के मास्क पहन सकता है। हालांकि, N95 के मामले में दो मास्क पहनने की जरूरत नहीं है।' वो कहते हैं, 'जब कोई व्यक्ति भीड़ वाली जगहों पर जाता है, जहां सोशल डिस्टेंसिंग मुमकिन नहीं होती, तो उन्हें डबल मास्क पहनने की सलाह दी जाती है।'

Desktop Bottom Promotion