Latest Updates
-
बैड कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में रामबाण हैं ये 5 हरे पत्ते, रोजाना सेवन से हार्ट भी रहेगा हेल्दी -
Navratri Day 9: नवरात्रि के नौवें दिन करें मां सिद्धिदात्री की पूजा, जानें पूजा विधि, मंत्र, भोग और आरती -
Navratri Day 9 Wishes: मां सिद्धिदात्री का आशीष मिले...इन संदेशों से अपनों को दें महानवमी की शुभकामनाएं -
Ram Navami 2026 Wishes Quotes: भए प्रगट कृपाला...इन चौपाइयों के साथ अपनों को दें राम नवमी की शुभकामनाएं -
Aaj Ka Rashifal 27 March 2026: जानें आज किन राशियों की चमकेगी किस्मत, किन्हें रहना होगा सावधान -
डायबिटीज की दवा मेटफॉर्मिन कैसे डालती है दिमाग पर असर, 60 साल बाद रिसर्च में हुआ खुलासा -
चेहरे से झाइयां हटाने के लिए शहद का इन 3 तरीकों से करें इस्तेमाल, फेस पर आएगा इंस्टेंट निखार -
चेहरे के अनचाहे बालों और मूंछों से हैं परेशान? आजमाएं ये जादुई उबटन, पार्लर जाना भूल जाएंगे -
Kamada Ekadashi 2026: 28 या 29 मार्च, कब है कामदा एकादशी? जानें सही तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजा विधि -
नवरात्रि में जन्मीं बेटियों के लिए मां दुर्गा के 108+ सबसे सुंदर नाम और उनके अर्थ, देखें लिस्ट
विश्व रक्तदाता दिवस: वजन घटाने के अलावा दिल की बीमारियों को करता है दूर, रक्तदान के हैं ये फायदे
हर साल 14 जून को विश्वभर में विश्व रक्तदाता दिवस मनाया जाता है। इस दिन को मनाने का मकसद नियमित रक्तदान को लेकर लोगों में जागरुकता फैलाना है ताकि जरुरतमंद मरीज को समय रहते उत्तम गुणवत्ता का रक्त उपलब्धता करवाया जा सके। इस दिन उन लोगों का धन्यवाद किया जाता है जिन्होंने स्वैच्छिक रूप से रक्तदान किया है। इस दिन उन लोगों को भी रक्तदान के लिए प्रेरित किया जाता है जो किसी झिझक की वजह से अब तक ऐसा नहीं कर पाए हैं। आइए जानते हैं कि रक्तदान के खास फायदे:

वजन घटना
नियमित तौर पर रक्तदान करने से वजन घटाने में सहायता मिलती है और वयस्कों की फिटनेस को बेहतर बनाता है। यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफॉर्निया के शोधकर्ताओं के अनुसार 450 मिली लीटर रक्त दान करने से आपके शरीर की 650 कैलोरी कम हो जाती हैं। लेकिन आप इसका इस्तेमाल वजन घटाने के मकसद से बिलकुल ना करें। किसी भी तरह की स्वास्थ्य संबंधी परेशानी को नजरअंदाज करने के लिए रक्तदान से पहले डॉक्टर से चेकअप जरूर करवा लें।

हेमोक्रोमैटोसिस रोकता है
रक्तदान करने से आप हेमोक्रोमैटोसिस होने के खतरे से खुद को बचा सकते हैं। हेमोक्रोमैटोसिस एक ऐसी अवस्था होती है जिसमें शरीर जरूरत से ज्यादा लौह (आयरन) का अवशोषण कर लेता है। नियमित रक्तदान से शरीर में आयरन की अतिरिक्त मात्रा अवशोषित नहीं होती है जो हेमोक्रोमैटोसिस से पीड़ित लोगों के लिए फायदेमंद हो सकता है।

दिल की बीमारी के खतरे को रोकता है
नियमित रक्तदान से शरीर में लौह की एक जरूरी मात्रा शरीर में बनाए रखने में मदद मिलती है जो हृदय रोग के खतरों को कम करता है। शरीर में अत्यधिक लौह निर्माण से ऑक्सीडेटिव की क्षति हो सकती है जो वृद्धावस्था में तेजी लाने में मुख्य भूमिका निभाता है। इसके अलावा यह दिल के दौरे, स्ट्रोक आदि के खतरे से बचाता है।

जिगर और कैंसर के खतरे को कम करता है
शरीर में मौजूद लौह की अत्यधिक मात्रा का सीधा संबंध कैंसर के खतरे से है। इसीलिए रक्तदान करने से आप शरीर में एक स्वस्थ लौह की मात्रा को बनाए रख सकते हैं। जिससे कैंसर होने का खतरा कम हो जाता है। इसके अलावा जिगर से संबंधित बीमारियों का खतरा भी कम हो जाता है।

मानसिक शांति
रक्तदान करने से आप बहुत अच्छा महसूस करते हैं। चूंकि मानव रक्त का दूसरा कोई विकल्प नहीं है इसलिए रक्तदान करने से मानसिक शांति मिलती है। आपके रक्तदान से 3 या 4 मरीजों की जान बचाने में मदद मिलती है। इसलिए हर स्वस्थ मनुष्य को 3 महीने के अंतराल में रक्तदान करना चाहिए।



Click it and Unblock the Notifications











