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टॉयलेट सीट पर आप भी करते हैं टॉयलेट पेपर का यूज, आपकी ये आदत बना सकती है आपको बीमार
एयरपोर्ट या रेस्त्रां में पब्लिक टॉयलेट का इस्तेमाल करने से पहले हाइजीन के नाम पर क्या आप भी टॉयलेट सीट के ऊपर टिशू पेपर का इस्तेमाल करते हैं। इस तरह के लोगों का यह मानना होता है कि उनके ऐसा करने से जर्म्स, बैक्टीरिया या इंफेक्शन इनकी त्वचा के संपर्क में नहीं आएंगी। लेकिन सच तो ये है अगर आपने अपनी ये आदत तुरंत नहीं बदली तो आप हाइजीन के चक्कर में बीमार हो सकते हैं। आपकी ये आदत आपको बीमार बना सकती है। आइए जानते हैं आखिर कैसे।

रिपोर्ट्स की मानें तो इतने बैक्टीरिया टॉयलेट सीट पर नहीं होते हैं, जितने कि बाथरूम में रखे टॉयलेट पेपर पर होते हैं। अगर बात करें टॉयलेट सीट की तो इसका सरफेस इस तरह से डिजाइन किया जाता है कि इसके ऊपरी हिस्से पर बैक्टीरिया पनप ही नहीं पाते हैं। हालांकि सिटिंग एरिया के अंदर की तरफ इकोलाई जैसे हानिकारक बैक्टीरिया जरूर हो सकते हैं लेकिन फिर भी टॉयलेट सीट बाथरूम में रखी अन्य चीजों की तुलना में अधिक क्लीन होता है।
ब्रीडिंग ग्राउंड है टॉयलेट पेपर-
माइक्रोब्स यानी हानिकारक बैक्टीरिया की ब्रीडिंग के लिए टॉयलेट पेपर एकदम परफेक्ट जगह होती है। क्योंकि पेपर मॉइश्चर भी सोखता है और इसका सरफेस भी रफ होता है। टॉयलेट पेपर को ज्यादातर लोग यूज करते हैं और इसका उपयोग करते समय इसे हाथों से टच करते है। जबकि जिस टॉयलेट सीट पर बैठते समय बट और थाई एरिया टॉयलेट सीट के संपर्क में आता है। शरीर का यह हिस्सा हर समय पैंट, पजामा या अन्य कपड़ों से कवर रहता है और इस कारण यह शरीर के अन्य हिस्सों की तुलना में जर्म फ्री और क्लीन भी होता है।

पब्लिक टॉयलेट यूज करने से पहले ध्यान रखें ये बातें-
-पब्लिक टॉयलेट यूज करने से पहले फ्लश जरूर करें।
-हाथ धोने के लिए एंटी-बैक्टीरियल साबुन का प्रयोग करें।
-टॉयलेट का दरवाजा छूने के बाद हाथ जरूर धोएं।
-पब्लिक टॉयलेट में इलेक्ट्रिक हैंड ड्रायर यूज करने से बचें क्योंकि इसके इस्तेमाल से आप बैक्टीरिया को दावत देता है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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