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अल्कोहल से हमें केवल कुछ क्षणों का आराम और आनंद मिलता है। परन्तु कुछ ऐसी भी महिलायें हैं जो बहुत अधिक मात्रा में तथा नियमित तौर पर अल्कोहल का सेवन करती हैं।
इसका दुष्परिणाम उनके जीवन और स्वास्थ्य पर दिखाई देता है। अल्कोहल की अधिक मात्रा के सेवन से महिलाओं में स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं जैसे कैंसर, डाइबिटीज़ और लिवर से संबंधित बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है।

अल्कोहल शरीर से पोषक तत्वों को सोख लेता है। ऐसी महिलायें जो अल्कोहल का अधिक मात्रा में सेवन करती हैं, वे स्वस्थ आहार नहीं लेती। वे जिस शराब का सेवन करती हैं वह उनके खून में ही रह जाती है। इससे शरीर को बहुत अधिक नुकसान पहुँचता है।

अल्कोहल के बारे में कुछ ऐसी बातें हैं जिनके बारे में प्रत्येक महिला को जानकारी होनी चाहिए। प्रतिदिन शराब पीने वाली महिलाओं को ब्रेस्ट कैंसर (स्तन का कैंसर) होने की संभावना शराब न पीने वाली महिलाओं की तुलना में अधिक होती है।
यदि कोई महिला गर्भावस्था के दौरान या गर्भधारण के समय अल्कोहल का सेवन करती है तो इससे भ्रूण को नुकसान हो सकता है।

ऐसे बच्चे जिनकी मां अल्कोहल का सेवन करती हैं, उन बच्चों में सीखने और व्यवहार संबंधी समस्याएं विकसित हो सकती हैं या कभी कभी एबनार्मल (असामान्य) बच्चे भी पैदा होते हैं।
महिलायें अल्कोहल को उतनी कुशलता से नहीं पचा पाती जितनी कुशलता से पुरुष कर सकते हैं। महिलाओं द्वारा अल्कोहल का सेवन करने से उनका मासिक चक्र भी प्रभावित होता है। इसके कारण मरा हुआ बच्चा पैदा होना, समय से पूर्व डिलीवरी (प्रसव) होना, गर्भपात और इनफर्टिलिटी (बांझपन) जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
कई बच्चों को तो जन्म के साथ ही अल्कोहल की आदत लग जाती है क्योंकि गर्भ में रहते हुए उन्होंने इसका सेवन किया हुआ होता है।

अल्कोहल के कारण पुरुषों की तुलना में महिलाओं में मस्तिष्क की हानि अधिक होती है। इसके कारण पुरुषों की तुलना में महिलाओं में लिवर से संबंधित बीमारियाँ अधिक होती हैं। यह ही देखा गया ही कि अल्कोहल की आदत परिवार से ही लगती है।
शोधों से पता चला है कि पुरुषों की तुलना में महिलाएं शराब पर अधिक निर्भर होती हैं। ऐसा देखा गया है कि ऐसी महिलाएं तथा पुरुष जो प्रतिदिन शराब का सेवन करते हैं उनमें महिलाओं के अल्कोहलिक (शराबी) बनने की संभावना अधिक होती है।
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



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