Latest Updates
-
बार-बार सिरदर्द होना हो सकता है इन 6 गंभीर बीमारियों का संकेत, नजरअंदाज करना पड़ सकता है भारी -
सौंफ और धनिया का पानी पीने से सेहत को मिलते हैं कई फायदे, जानें सेवन का सही तरीका -
नसों में जमा कोलेस्ट्रॉल को कम कर सकते हैं ये 5 योगासन, नियमित अभ्यास से हार्ट डिजीज का खतरा होगा कम -
चेहरे पर नारियल तेल में मिलाकर लगाएं कॉफी पाउडर, स्किन की इन 5 समस्याओं से मिलेगा छुटकारा -
Myth Vs Fact: टाइट ब्रा पहनने से ब्रेस्ट कैंसर होता है? डॉक्टर से जानिए ऐसे ही 10 मिथ और उनकी सच्चाई -
Karwa Chauth Kab Hai 2026: करवा चौथ कब है? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त और चांद दिखने का सटीक समय -
डायबिटीज में नारियल पानी पिएं या नींबू पानी? जानें शुगर कंट्रोल के लिए क्या है बेहतर -
Papankusha Ekadashi Vrat Katha: पापांकुशा एकादशी पर जरूर पढ़ें ये व्रत कथा, सभी पापों से मिलेगी मुक्ति -
Papankusha Ekadashi 2026 Wishes: विष्णु जी की कृपा...पापांकुशा एकादशी पर अपनों को भेजें ये खास शुभकामना संदेश -
पार्टी में जल्दी बिगड़ जाता है मेकअप? केकी और पैची लुक से बचने के लिए अपनाएं ये 5 टिप्स
9 से 14 वर्ष की लड़कियों को स्कूल में लगेगा सर्वाइकल कैंसर का टीका- भारत सरकार

महिलाओं में बढ़ रहे सर्वाइकल कैंसर की समस्या की रोकथाम के लिए भारत सरकार काफी सक्रिय हो गई है। 9 से 14 उम्र की लड़कियों के लिए सरकार उनके स्कूलों में ही सर्वाइकल कैंसर को रोकने के लिए वैक्सीन उपलब्ध कराएगी। वैक्सीनेशन के लिए यह निर्णय राष्ट्रीय तकनीकी सलाहकार समूह की सिफारिश पर लिया गया है। जिसमें सार्वभौमिक टीकाकरण कार्यक्रम में ह्यूमन पैपिलोमावायरस वैक्सीन को शामिल करने की सलाह दी गई थी।
उम्मीद की जा रही है कि साल 2023 के मध्य तक भारत में बनाई गई सर्ववैक वैक्सीन को रोल आउट करने की उम्मीद है। इस वैक्सीन को भारत के ड्रग्स कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया की अनुमति भी मिल गई है। साथ ही इसे पब्लिक हेल्थ प्रोग्राम में उपयोग करने के लिए सरकारी एडवाइजरी पैनल NTAGI से मंजूरी भी मिल गई है। इस वैक्सीनेशन के दौरान 9 से 14 साल की लड़कियों को एक बार का कैच-अप वैक्सीन लगाया जाएगा।
वैक्सीनेशन को लेकर सरकार की तैयारी
केंद्रीय शिक्षा सचिव संजय कुमार और केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से स्कूलों में HPV वैक्सीनेशन सेंटर्स के आयोजन के लिए दिशा निर्देश जारी करने की अपील की है। साथ ही सभी सरकारी और निजी स्कूल में वैक्सीनेशन गतिविधियों के समन्वय के लिए एक नोडल व्यक्ति की पहचान करने के भी निर्देश दिए है। शिक्षा मंत्रालय की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक स्कूल न जाने वाली लड़कियों के वैक्सीनेशन के लिए मोबाइल टीमें उन तक पहुंचेंगी।
इस वैक्सिन के लिए 9 से 14 साल की लड़कियों के नाम बड़ी संख्या में रजिस्टर किए गए हैं। इस कारण मुख्य रूप से स्कूलों के माध्यम से इन लड़कियों का वैक्सीनेशन किया जाएगा। जो लड़कियां वैक्सीनेशन के दिन स्कूल नहीं जा पाएंगी। उनको हेल्थ फैसिलिटी में वैक्सीन लगाई जाएगी।
भारत में सर्वाइकल कैंसर का फैलाव
विश्व स्तर पर सर्वाइकल कैंसर महिलाओं में सबसे ज्यादा पाए जाने वाला चौथा आम कैंसर है। भारत में ये कैंसर महिलाओं में दूसरे स्थान पर है। भारत वैश्विक सर्वाइकल कैंसर में अपना योगदान देने वाला सबसे बड़ा हिस्सेदार है।
सर्वाइकल कैंसर का इलाज
समय रहते सर्वाइकल कैंसर का पता चलने पर इसका इलाज संभव है। ज्यादातर सर्वाइकल कैंसर ह्यूमन पैपिलोमा वायरस से जुड़ा होता है। HPV वैक्सीन के जरिए सर्वाइकल कैंसर को रोका जा सकता है। लेकिन ये तभी संभव है जब कैंसर होने से पहले ही महिलाओं को ये वैक्सीन दे दी जाए।
सर्वाइकल कैंसर के लक्षण
सर्वाइकल कैंसर के शुरुआत में कोई लक्षण या संकेत नहीं होते हैं, लेकिन बीमारी बढ़ने के साथ इन समस्याओं का आप सामना कर सकते हैं-
- संभोग के दौरान या बाद में योनि से खून निकलना
- पीरियड्स के बीच असामान्य ब्लीडिंग
- कोख में दर्द होना
Disclaimer: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी सिर्फ सामान्य जानकारी और शैक्षणिक उद्देश्य के लिए है। यह किसी भी तरह की मेडिकल सलाह, जांच या इलाज का विकल्प नहीं है। किसी भी स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या या सवाल के लिए हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य व अनुभवी स्वास्थ्य प्रदात्ता से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications
