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ब्रेस्ट और गर्भाशय को नुकसान तो नहीं पहुंचा रही रनिंग, जानें यहां
महिलाओं को रनिंग करते वक्त कई चीजों का ध्यान रखना चाहिए, न सिर्फ कपड़े, जूते और पानी की बोतल बल्कि अपने शरीर के महत्वपूर्ण पार्ट ब्रेस्ट, यूट्रस और वजाइना का भी। बता दें कि रनिंग का हमारी पूरी बॉडी पर असर पड़ता है। अगर आपने कभी नोटिस किया होगा तो पाया होगा कि पसीने और यीस्ट इंफेक्शन के बीच गहरा संबंध होता है। तो आइए विस्तार से जानते हैं कि महिलाओं को रनिंग करते वक्त किन बातों का ध्यान रखना चाहिए और कैसे पता चलेगा कि दौड़ने से आपकी वजाइना या ब्रेस्ट प्रभावित हो रहे हैं या नहीं।

नॉर्मल है डिस्चार्ज होना
अगर आप रनिंग के बाद नॉर्मल से ज्यादा व्हाइट डिस्चार्ज नोटिस कर रहे हैं तो घबराने की बात नहीं है। ऐसा कई बार हो सकता है। दौड़ने से आपके शरीर में अधिक योनि स्राव नहीं होता है बल्कि इससे अधिक निष्कासित करता है। इसलिए हाई वर्कआउट जैसे कि महिलाओं के रनिंग करने के बाद डिस्चार्ज होना बड़ी बात नहीं है। अगर आपको इस दौरान असहज लगे तो आप पतली पैंटी पहन सकती हैं। लेकिन अगर आपको डिस्चार्ज के साथ जलन और लाल चकत्ते हो रहे हैं तो इसका मतलब है कि आपका pH बैलेंस गड़बड़ा गया है और आपको यीस्ट या बैक्टीरियल इंफेक्शन हो सकता है।

बड़े ब्रेस्ट को अच्छी तरह पैक करें
अगर ब्रेस्ट का साइज बड़ा है तो वो रनिंग करते वक्त अपनी जगह से 5 इंच ऊपर और 5 नींच की ओर जा सकते हैं। जबकि छोटे स्तन अपनी जगह पर बने रहते हैं। यानि कि अगर आप रोज रनिंग करते हैं तो हफ्ते में आपके ब्रेस्ट हजारों बार इधर-उधर हो सकते हैं। ब्रेस्ट में होने वाला ये उछाल आपकी रनिंग प्रेक्टिस को प्रभावित कर सकता है। जिसके चलते आपको अपने कंधों और बाहों को घुमाने में दिक्कत आ सकती है। ये स्थिति चोट लगने का कारण भी बन सकती है। इस स्थिति को आप अच्छी क्वॉलिटी की ब्रा या सपोर्ट ब्रा पहनकर कंट्रोल कर सकते हैं।

यूरिन भी हो सकता है लीक
महिलाओं द्वारा लगातार रनिंग करने से यूरिन लीकेज की समस्या भी हो सकती है। ये वो स्थिति होती है जब कंट्रोल करने के बाद भी यूरिन पूरी तरह से नहीं रुक पाता है। जो लोग पहले से ही पेल्विक मसलस की समस्या से जूझ रहे होते हैं उनके साथ ये दिक्कत ज्यादा होती है। इसके साथ ही यह ज्यादातर योनि प्रसव या महिलाओं में रजोनिवृत्ति के दौरान या उसके आसपास होने के मामले में भी होता है। ऐसी स्थिति में जब यूट्रस से लिक्विड निकलता है तो यह मूत्राशय और मूत्रमार्ग के रिसाव का कारण बना सकता है। व्यायाम करने से आपका इंट्रा-एब्डॉमिनल प्रेशर बढ़ता है और बाउंसिंग आपके गर्भाशय को आपके मूत्राशय और मूत्रमार्ग को और भी अधिक दबाने के लिए मजबूर कर सकता है। इस स्थिति से निपटने के लिए आप यूट्रस को मजबूत रखने की एक्सरसाइज कर सकते हैं।



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