Latest Updates
-
Som Pradosh Vrat Wishes 2026: सोम प्रदोष व्रत पर अपनों को भेजें दिव्य शुभकामना संदेश और शिव मंत्र -
Som Pradosh Vrat Katha 2026: इस कथा के बिना अधूरा है सोम प्रदोष व्रत, यहां पढ़ें आरती और मंत्र -
Chaitra Navratri 2026: चैत्र नवरात्रि में क्या करें और क्या नहीं? जानें सभी जरूरी नियम -
हरीश राणा का आखिरी 22 सेकेंड का वीडियो वायरल, अंतिम विदाई देख रो पड़े लोग -
Chaitra Navratri 2026: चैत्र नवरात्रि से पहले घर ले आएं ये 5 चीजें, घर में बनी रहेगी सुख-समृद्धि -
बॉलीवुड एक्ट्रेस मधु मल्होत्रा का 72 की उम्र में निधन, 'सत्ते पे सत्ते' और 'हीरो' जैसी फिल्मों में किया था काम -
Chaitra Navratri 2026: नवरात्रि के पहले दिन कैसे करें घटस्थापना? जानें कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त और पूरी विधि -
इन 5 लोगों को भूलकर भी नहीं खाना चाहिए खीरा, सेहत को फायदे के बजाय हो सकता है गंभीर नुकसान -
Gudi Padwa 2026: 19 या 20 मार्च कब है गुड़ी पड़वा? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व -
Phool Dei 2026 Wishes: 'फूलदेई छम्मा देई'... पहाड़ी स्टाइल में दें बधाई, भेजें ये कुमाऊंनी और गढ़वाली विशेज
Chhath Puja Famous Lokgeet: केलवा के पात पर उगेलन सुरुजमल... यहां पढ़ें छठ पूजा के पारंपरिक लोक गीत
Chhath Puja Famous Lokgeet Lyrics: घर-घर बनते ठेकुआ और अन्य पकवान, हर उम्र के खरीदारों से सजा बाजार, घाटों पर बढ़ती व्यस्तता और साथ ही गूंजते लोकगीतों की धुन, यही है छठ पर्व की खूबसूरती।
यह सिर्फ एक त्योहार नहीं, बल्कि लोगों के मन में रचा-बसा एक एहसास है जो हर साल छठ पर्व के साथ ताजा हो जाता है। लोग पूरे साल इस पूजा का इंतजार करते हैं। इस पर्व का अहम हिस्सा है छठ पूजा के लोकगीत जिन्हें सुनते ही मन में अलग ही भावना पैदा हो जाती है।

आज इस लेख में हम छठ पूजा के कुछ पारंपरिक लोकगीतों के बोल शेयर कर रहे हैं। इन गीतों के साथ आप इस पर्व के जज्बात को महसूस कर सकते हैं।
1. कांच ही बांस के बहंगिया लिरिक्स (Chhath geet lyrics)
कांच ही बांस के बहंगिया,
कांच ही बांस के बहंगिया,
बहंगी लचकत जाए,
बहंगी लचकत जाए ||
होए ना बलम जी कहरिया ,
बहंगी घाटे पहुंचाए,
बहंगी घाटे पहुंचाए |
कांच ही बांस के बहंगिया ,
बहंगी लचकत जाए,
बहंगी लचकत जाए ||
बाट जे पूछे ना बटोहिया ,
बहंगी केकरा के जाय,
बहंगी केकरा के जाय |
तू तो आंध्र होवे रे बटोहिया ,
बहंगी छठ मैया के जाए,
बहंगी छठ मैया के जाए |
वह रे जे बाड़ी छठी मैया ,
बहंगी उनका के जाए,
बहंगी उनका के जाए|
कांच ही बांस के बहंगिया
बहंगी लचकत जाए,
बहंगी लचकत जाए ||
होए ना देवर जी कहरिया ,
बहंगी घाटे पहुंचाई,
बहंगी घाटे पहुंचाई ||
वह रे जो बाड़ी छठी मैया
बहंगी उनका के जाए,
बहंगी उनका के जाए ||
बाटे जे पूछे ना बटोहिया
बहंगी केकरा के जाय,
बहंगी केकरा के जाय ||
तू तो आन्हर होय रे बटोहिया
बहंगी छठ मैया के जाए,
बहंगी छठ मैया के जाए ||
वह रे जय भइली छठी मैया ,
बहंगी उनका के जाए,
बहंगी उनका के जाए ||

2. केलवा के पात पर उगेलन सुरुजमल
केलवा के पात पर उगेलन सुरुज मल झांके ऊंके
केलवा के पात पर उगेलन सुरुज मल झांके ऊंके
हो करेलु छठ बरतिया से झांके ऊंके
हम तोसे पूछी बरतिया ऐ बरितया से केकरा लागी
हम तोसे पूछी बरतिया ऐ बरितया से केकरा लागी
हे करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी
हे करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी
हमरो जे बेटवा पवन ऐसन बेटवा से उनके लागी
हमरो जे बेटवा पवन ऐसन बेटवा से उनके लागी
हे करेलू छठ बरतिया से उनके लागी
हे करेलू छठ बरतिया से उनके लागी
अमरुदिया के पात पर उगेलन सुरूज मल झांके झुके
अमरुदिया के पात पर उगेलन सुरूज मल झांके झुके
हे करेलु छठ बरतिया से झांके झुके
हे करेलु छठ बरतिया से झांके झुके
हम तोसे पूछी बरतिया ए बरितिया से केकरा लागी
हम तोसे पूछी बरतिया ए बरितिया से केकरा लागी
हे करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी
हे करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी
हमरो जे स्वामी पवन एसन स्वामी उनके लागी
हमरो जे स्वामी पवन एसन स्वामी उनके लागी
हे करेली छठ बरतिया से उनके लागी
हे करेली छठ बरतिया से उनके लागी
नारियर के पात पर उगेलन सुरूजमल झांके झूके
नारियर के पात पर उगेलन सुरूजमल झांके झूके
हे करेलू छठ बरतिया से झांके झूके
हे करेलू छठ बरतिया से झांके झूके
हम तोसे पूछी बरतिया ए बरतिया से केकरा लागी
हम तोसे पूछी बरतिया ए बरतिया से केकरा लागी
हे करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी
हे करेलू छठ बरतिया से केकरा लागी
हमरो जे बेटी पवन ऐसन बेटिया से उनके लागी
हमरो जे बेटी पवन ऐसन बेटिया से उनके लागी
हे करेलू छठ बरतिया से उनके लागी
हे करेलू छठ बरतिया से उनके लागी
3. नारियल जे फरेला खवद से लिरिक्स
नारियल जे फरेला खवद से,
नारियल जे फरेला खवद से,
ओह पर सुगा मेड़राए,
ओह पर सुगा मेड़राए ||
ऊ जे ख़बरी जनैबो अदित से
सुगा दिहली जुठियाय,
सुगा दिहली जुठियाय ||
ऊ जे मारबो रे सुगवा धनुख से
सुगा गिरे मुरझाए,
सुगा गिरे मुरझाए ||
ऊ जे केरवा जे फरेला खबद से
ओह पर सुगा मेड़राए,
ओह पर सुगा मेड़राए ||
ऊ जे ख़बरी जनैबो अदित से
सुगा दिहली जुठियाय,
सुगा दिहली जुठियाय ||
ऊ जे मारबो रे सुगवा धनुख से
सुगा गिरे मुरझाए,
सुगा गिरे मुरझाए ||
अमरुदवा जे फरेला खवद से
ओह पर सुगा मेड़राए,
ओह पर सुगा मेड़राए ||
ऊ जे ख़बरी जनैबो अदित से
सुगा दिहली जुठियाय,
सुगा दिहली जुठियाय ||
ऊ जे मारबो रे सुगवा धनुख से
सुगा गिरे मुरझाए,
सुगा गिरे मुरझाए ||
ऊ जे सेववा जे फरेला खबद से
ओह पर सुगा मेड़राए,
ओह पर सुगा मेड़राए ||
ऊ जे ख़बरी जनैबो अदित से
सुगा दिहली जुठियाय,
सुगा दिहली जुठियाय ||
ऊ जे मारबो रे सुगवा धनुष से
सुगा गिरे मुरझाए,
सुगा गिरे मुरझाए ||
सभे फलवा जे फरेला खवद से
ओह पर सुगा मेड़राए,
ओह पर सुगा मेड़राए ||
ऊ जे ख़बरी जनैबो अदित से
सुगा दिहली जुठियाय,
सुगा दिहली जुठियाय ||
ऊ जे मारबो रे सुगवा धनुष से
सुगा गिरे मुरझाए,
सुगा गिरे मुरझाए ||
ऊ जे सुगनी जे रोवेली वियोग से,
आदित होई ना सहाय -2
देव होई ना सहाय,
आदित होई ना सहाय,
देव होई ना सहाय ||
4. पहिले पहिल हम कईनी
पहिले पहिल हम कईनी
छठी मईया व्रत तोहार ।
करिहा क्षमा छठी मईया,
भूल-चूक गलती हमार ।
सब के बलकवा के दिहा,
छठी मईया ममता-दुलार ।
पिया के सनईहा बनईहा,
मईया दिहा सुख-सार ।
नारियल-केरवा घोउदवा,
साजल नदिया किनार ।
सुनिहा अरज छठी मईया,
बढ़े कुल-परिवार ।
घाट सजेवली मनोहर,
मईया तोरा भगती अपार ।
लिहिएं अरग हे मईया,
दिहीं आशीष हजार ।
पहिले पहिल हम कईनी,
छठी मईया व्रत तोहर ।
करिहा क्षमा छठी मईया,
भूल-चूक गलती हमार ।
5. कबहुँ ना छूटी छठि मइया
हमनी से बरत तोहार
हमनी से बरत तोहार
तहरे भरोसा हमनी के,
छूटी नाही छठ के त्योहार
छूटी नाही छठ के त्योहार
अपने सरन में ही रखिह,
दिह आसिस हज़ार
दिह आसिस हज़ार
गोदिया भराईल छठी मइय्या,
बाटे राऊर किरपा अपार
बाटे राऊर किरपा अपार
चाहें रहब देसवा बिदेसवा,
छठ करब हम हर बार
छठ करब हम हर बार
डूबतो सुरुज के जे पूजे,
इहे बाटे हमर बिहार
इहे बाटे हमर बिहार
फलवा दउरवा सजाके,
अईनी हम घाट पे तोहार
अईनी हम घाट पे तोहार
दिहनी अरघ छठी मईया,
करीं हमर आरती स्वीकार
करीं हमर आरती स्वीकार
कबहुँ ना छूटी छठि मइया,
हमनी से बरत तोहार
हमनी से बरत तोहार
तहरे भरोसा हमनी के,
छूटी नाही छठ के त्योहार
छूटी नाही छठ के त्योहार
छूटी नाही छठ के त्योहार
छूटी नाही छठ के त्योहार
6. अरे अंगना तुलसी के गछिया
अरे अंगना तुलसी के गछिया
भूईयवे लोटे हो डाढ़,
अरे अंगना तुलसी के गछिया
भूईयवे लोटे हो डाढ़ ||
अरे ताही तर बाझिन तिरियवा,
अरघ लिहले हो खाढ़,
अरे ताही तर बाझिन तिरियवा,
अरघ लिहले हो खाढ़ ||
अरे सब कर अरघिया
ए दीनानाथ लिहनी जूठार,
अरे सब कर अरघिया
ए दीनानाथ लिहनी जूठार ||
अरे बाझीन के अरघिया
ए दीनानाथ ठहर तवाय |
अरे बाझीन के अरघिया
ए दीनानाथ ठहर तवाय ||
अरे कवन अईगुनवा
ए दीनानाथ बझिन पडल हो नाव,
अरे कवन अईगुनवा
ए दीनानाथ बझिन पडल हो नाव ||
अरे सासू के जवबवा हो दिहलू,
ननदिया के गारी देत,
अरे सासू के जवबवा हो दिहलू,
ननदिया के गारी देत।
अरे बड के लिपल का
ए बाझीन दिहलू तू धांग,
अरे बड के लिपल का
ए बाझीन दिहलू तू धांग ||
अरे एही अईगुनवा
ए तिरिया बाझीन पडल हो नाव,
अरे एही अईगुनवा,
ए तिरिया बाझीन पडल हो नाव ||
7. सोना सट कुनिया, हो दीनानाथ
हे घूमइछा संसार, हे घूमइछा संसार
सोना सट कुनिया, हो दीनानाथ
हे घूमइछा संसार, हे घूमइछा संसार
आन दिन उगइ छा हो दीनानाथ
आहे भोर भिनसार, आहे भोर भिनसार
आजू के दिनवा हो दीनानाथ
हे लागल एती बेर, हे लागल एती बेर
बाट में भेटिए गेल गे अबला
एकटा अन्हरा पुरुष, एकटा अन्हरा पुरुष
अंखिया दियेते गे अबला
हे लागल एती बेर, हे लागल एती बेर
बाट में भेटिए गेल गे अबला
एकटा बाझिनिया, एकटा बाझिनिया
बालक दियेते गे अबला
हे लागल एती बेर, हे लागल एती बेर.
नोट: यह सूचना इंटरनेट पर उपलब्ध मान्यताओं और सूचनाओं पर आधारित है। बोल्डस्काई लेख से संबंधित किसी भी इनपुट या जानकारी की पुष्टि नहीं करता है। किसी भी जानकारी और धारणा को अमल में लाने या लागू करने से पहले कृपया संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें।



Click it and Unblock the Notifications











